Correct Answer: (b) लेनिनग्राड तथा व्लाडिवोस्टोक
Solution:- विश्व की सबसे लंबी रेल लाइन 'ट्रांस-साइबेरियन रेलवे' है, जो लेनिनग्राड को व्लाडिवोस्टोक से जोड़ती है।
- भारत-फोकस और विश्व संदर्भ
- ट्रांस-साइबेरियन रेलवे: यह विश्व की सबसे लंबी रेलवे लाइन के रूप में मान्यता प्राप्त है।
- मास्को से व्लादिवोस्तोक के बीच इसका कुल दूरी लगभग 9,259–9,288 किमी के आसपास बताई जाती है
- सामान्य ट्रेनों में यात्रा समय करीब 6–7 दिन के बराबर रहता है
- यह मार्ग रूस के भीतर जड़ें.samopan और रूस-चीन-मंगोलिया डायवर्जनों के साथ विकसित हुआ है.
- विकल्प मार्गों का संदर्भ: चीन के शंघाई-ल्हासा, बीजिंग- मॉस्को आदि भी विश्व की बड़ी रेल मार्ग सूचियों में आते हैं
- लेकिन वे ट्रांस-साइबेरियन से कहीं कम दूरी के होते हैं.
- सबसे लंबी रेल लाइन कहां से कहां तक
- आधार जानकारी: मास्को से व्लादिवोस्तोक तक की दूरी को विश्व के सबसे लंबा रेलवे मार्ग के रूप में मानक माना गया है.
- दूरी के दायरे: अलग-अलग स्रोतों पर दूरी में छोटे-छोटे परिवर्तन दर्ज होते हैं
- (लगभग 9,259 किलोमीटर से 9,288 किलोमीटर के बीच), लेकिन दोनों ही क्रम में ट्रांस-साइबेरियन को विश्व की सबसे लंबी रेलवे लाइन माना गया है.
- क्या यह मार्ग यात्रियों के लिए है या विशेष रूप से माल के लिए?
- ट्रांस-साइबेरियन रेलवे यात्री एवं माल दोनों प्रकार की सेवाओं के लिए उपयोगी है
- इतिहास में रूस की राजधानी मॉस्को से व्लादिवोस्तोक तक के यात्री सेवाओं के साथ शुरू हुआ था
- समय-समय पर कुछ शाखाओं/एंट्री-पॉइंट्स बदले गए हैं, पर मुख्य मार्ग वही रहता है.
- शेष लंबे मार्ग चीन, मॉस्को, दिल्ली जैसे शहरों के साथ संबद्ध सूचाओं में विविधता दिखाते हैं
- वास्तविक “सबसे लंबा” के रूप में ट्रांस-साइबेरियन ही दर्ज है.
- नोट्स और सावधानियाँ
- दूरी के माप में स्रोत-आधारित भिन्नताएँ हो सकती हैं
- यात्रा समय और मार्ग विस्तार में मंच/प्रशासन के अनुसार छोटे अंतर आ सकते हैं.