Correct Answer: (a) E, D, C, B, А
Solution:न्यायभिमतप्रमेयाणां क्रमं बुद्धिः, मनः, प्रवृत्तिः, दोषः, प्रेत्यभावः अस्ति। अर्थात् न्यायदर्शन में प्रमेय का क्रम-बुद्धि, मन, प्रवृत्ति, दोष, प्रेत्यभाव है। न्याय में प्रमेयों की संख्या 12 'बारह' है। आत्मा, शरीर, इन्द्रिय, अर्थ, बुद्धि, मन, प्रवृत्ति, दोष, प्रेत्यभाव, फल, दुःख और अपवर्ग ।