Solution:गांधार कला एक प्रसिद्ध प्राचीन भारतीय कला है। सामान्यतः गांधार शैली की मूर्तियों का समय पहली सदी ईस्वी चौथी सदी ईस्वी के मध्य का है। गांधार कला की विषय वस्तु भारतीय थी, परन्तु कला शैली यूनानी और रोमन थी। इसलिए गांधार कला को ग्रीको रोमन, ग्रीको बुद्धिष्ट, या हिन्दू यूनानी कला भी कहा जाता है। इसका प्रमुख केन्द्र जलालाबाद, बमियान और पेशवर थे। इस कला में पहली बार बुद्ध की सुन्दर मूर्तियाँ बनायी गयी।