Solution:पृथ्वी पर उष्ण शुष्क मरुस्थलीय जलवायु का विस्तार 15-30° अक्षांशों के बीच मिलता है। पृथ्वी पर मरुस्थल बनने की पांच प्रमुख भौगोलिक स्थितियां हैं-(1) 30° अक्षांशों के आस-पास उच्च वायु दाब का पाया जाना। यहां हवाएं ऊपर से नीचे उतरती रहती हैं, फलस्वरूप यहां वर्ष भर मौसम साफ बना रहता है। सहारा और ऑस्ट्रेलियन मरुस्थल इसी के अंतर्गत आते हैं।
(2) महाद्वीपों के पश्चिमी तट के मरुस्थल 20-30° अक्षांशों के बीच मिलते हैं। संभवतः हवाओं का पूर्वी होना इसका कारण है। महाद्वीपों के पूर्वी भाग से प्रवेश करने वाली व्यापारिक हवाएं पश्चिमी भाग तक पहुंचते-पहुंचते शुष्क हो जाती हैं। कैलिफोर्निया (उ. अमेरिका), प. सहारा (उ. अफ्रीका), अटाकामा (द.अमेरिका) और नामिब (द.-प. अफ्रीका) इसी प्रकार के मरुस्थल हैं।
(3) पर्वतों के वृष्टिछाया (Rainshadows) क्षेत्र में स्थित मरुस्थलों में उत्तरी अमेरिका का मरुस्थल (डेथ वैली), पेटागोनिया मरुस्थल (अर्जेंटीना) और पेरुवियन मरुस्थल प्रमुख हैं।
(4) महाद्वीपों के पश्चिमी भागों में ठंडी सागरीय धाराएं भी इन मरुस्थलों के निर्माण में सहायक हैं। जैसे सहारा रेगिस्तान का पश्चिमी भाग अधिक शुष्क है। अटाकामा मरुस्थल के निर्माण में हम्बोल्ट या पेरू की ठंडी धारा का भी योगदान है।
(5) महाद्वीपों के मध्य भाग में स्थित मरुस्थल जो आर्द्रता भरी हवाओं से दूरस्थ स्थित हैं, इनमें ऑस्ट्रेलियन मरुस्थल तथा गोबी मरुस्थल (चीन एवं मंगोलिया) हैं।