Correct Answer: (b) विधायिका और कार्यपालिका के बीच सामंजस्य
Solution:- संसदीय प्रणाली (Parliamentary System), जिसे कैबिनेट सरकार या वेस्टमिंस्टर मॉडल भी कहा जाता है
- में विधायिका (Legislature) और कार्यपालिका (Executive) के बीच घनिष्ठ संबंध और सहयोग होता है, जो इसकी मुख्य विशेषता है।
- सामूहिक उत्तरदायित्व
- सरकार ( मंत्रिपरिषद) लोकसभा के प्रति एकमत होकर उत्तरदायी रहती है; मंत्रिपरिषद की अधिकांश सदस्यताएँ लोकसभा में विश्वास मत प्राप्त करें, तभी सरकार स्थिर मानी जाती है।
- यदि सरकार विश्वास खो दे, तो इस्तीफा या पुनर्गठन संभव होता है, जिससे नई सरकार बन सकती है या नई चुनाव प्रक्रिया शुरू हो सकती है।
- यह संरचना संसदीय शासन की एक बुनियादी विशेषता है और इसे कई देशों के संसदीय प्रणालियों में देखा जाता है
- विशेषकर भारत, ब्रिटेन और अन्य प्रमुख लोकतंत्रों में ।
- अनुसरणीय बिंदु (संधारण हेतु)
- द्वि-स्तरीय सत्ता-संरचना: विधायिका (संसद) और कार्यपालिका (प्रधानमंत्री/कैबिनेट) एक-दूसरे के साथ परस्पर गठजोड़ और निर्भरता के आधार पर चलती है; सत्ता का नियंत्रण जनता द्वारा चुने गए प्रतिनिधियों के पास होता है ।
- बहुमत आधारित सरकार: प्रायः लोकसभा में बहुमत प्राप्त दल या गठबंधन ही सरकार बनाने के योग्य होता है; अन्यथा अस्थायी या अस्थाई सरकार बन सकती है, परन्तु स्थायित्व बहुमत पर निर्भर रहता है ।
- वैधानिक विधायी-नियंत्रण: संसद द्वारा विधेयक बनकर कानून बनता है और राष्ट्रपति द्वारा पुष्टि-स्वीकृति के बाद अधिनियम बनता है; संसदीय प्रणाली में कानून बनना सरकार की जिम्मेदारी और संसद की कार्य-प्रणाली का केन्द्र है।
- यदि चाहें, तो बाकी प्रमुख विषय भी संक्षिप्त में साझा कर सकता हूँ, जैसे:
- दोहरे कार्यकारी (प्रधानमंत्री और राज्य प्रमुख के बीच भूमिका)
- विपक्ष की भूमिका और बहस-चर्चा
- निचला सदन बनाम उच्च सदन की भूमिका और उनके निर्वाचन/चयन के तरीके
- भिन्न देशों में संसदीय प्रणाली के विविध नीतिगत प्रभाव