Correct Answer: (a) एशियाई विकास बैंक
Solution:- एडीबी ने देश की स्कूली शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार करने और छात्रों की शिक्षा पर COVID-19 महामारी के प्रभाव को कम करने में सहायता करने के लिए भारत सरकार को 500 मिलियन डॉलर के ऋण की मंजूरी दिसंबर, 2021 में दी थी।
- ऋण का उद्देश्य
- यह ऋण भारत की स्कूली शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने और कोविड-19 महामारी के कारण छात्रों की शिक्षा पर पड़े नकारात्मक प्रभाव को कम करने के लिए दिया गया।
- यह वित्तपोषण स्कूली शिक्षा के लिए भारत की एकीकृत योजना (Samagra Shiksha) का समर्थन करता है
- जिसमें शिक्षण-अध्ययन प्रक्रिया मजबूत करना, डिजिटल संसाधनों का विकास और सीखने के परिणामों में सुधार शामिल हैं।
- महामारी से उत्पन्न सीखने की कमी को दूर करने के लिए उपचारात्मक शिक्षा और शिक्षक प्रशिक्षण पर विशेष जोर दिया गया।
- पृष्ठभूमि और महत्व
- कोविड-19 ने भारत में स्कूलों को लंबे समय बंद रखा, जिससे लाखों छात्रों का सीखना प्रभावित हुआ
- खासकर ग्रामीण और वंचित क्षेत्रों में। ADB का यह ऋण राष्ट्रीय शिक्षा मिशन के तहत आता है
- जो समग्र शिक्षा योजना को मजबूत बनाता है। यह लगभग 3,752 करोड़ रुपये के बराबर था
- देशभर के स्कूलों में डेटा संचालित मूल्यांकन, शिक्षक क्षमता निर्माण तथा बुनियादी ढांचे के सुधार के लिए उपयोगी साबित हुआ।
- अन्य संबंधित पहल
- विश्व बैंक ने भी इसी अवधि में आंध्र प्रदेश के लिए 250 मिलियन डॉलर की परियोजना शुरू की, लेकिन वह राज्य-विशेष और कम राशि वाली थी।
- ADB का ऋण राष्ट्रीय स्तर का था और STARS प्रोजेक्ट जैसी योजनाओं से जुड़ा, जो शिक्षा में प्रणालीगत बदलाव लाने पर केंद्रित है।
- इससे छात्रों की सीखने की क्षमता बढ़ाने और महामारी के बाद की रिकवरी में मदद मिली।