अलंकार (Part-2)Total Questions: 501. जिस काव्य-पंक्ति में प्रयुक्त किसी एक ही शब्द के एक से अधिक अर्थ हों, उस पंक्ति में अलंकार होता है- [T.G.T. परीक्षा, 2001](a) रूपक(b) अनुप्रास(c) यमक(d) श्लेषCorrect Answer: (d) श्लेषSolution:श्लेष अलंकार में एक ही शब्द के कई अर्थ होते हैं। श्लेष का अर्थ है-चिपका हुआ।2. 'रावण सिर सरोज बनचारी। [Revenue Insp. Exam-2014 (IInd Paper, Part-I)]चलि रघुवीर सिली-मुख धारी।'सिली-मुख में अलंकार है-(a) श्लेष(b) लाटानुप्रास(c) वृत्यनुप्रास(d) उपमाCorrect Answer: (a) श्लेषSolution:उपर्युक्त चौपाई में 'श्लेष' अलंकार है। सिली-मुख का अर्थ बाण तथा भौंरा (भ्रमर) दोनों होता है। यहाँ सिली-मुख शब्द के दो अर्थ होने के कारण ही श्लेष अलंकार है।3. निम्नांकित पंक्तियों में प्रयुक्त अलंकार बताइए- [P.G.T. परीक्षा, 2004]रनित भृंग-घण्टावली झरित दान-मधुनीरू। मन्द-मन्द आवतु चल्यौ कुंजरु-कुंज-समीरू ।। (a) उत्प्रेक्षा(b) रूपक(c) यमक(d) श्लेषCorrect Answer: (d) श्लेषSolution:उपर्युक्त पंक्ति में श्लेष अलंकार है। यहाँ समीर का दो अर्थ है। पहला अर्थ मदमस्त हाथी तथा दूसरा अर्थ कुंज में प्रवाहित मन्द वायु।4. 'अजौं तरयौना ही रह्यौ श्रुति सेवत इक-रंग' में अलंकार है- [T.G.T. परीक्षा, 2005](a) श्लेष(b) रूपक(c) उपमा(d) उत्प्रेक्षाCorrect Answer: (a) श्लेषSolution:'तरयौना' के दो अर्थ हैं। पहला अर्थ है- पार न लगना और दूसरा अर्थ एक आभूषण विशेष। अतः यहाँ श्लेष अलंकार है।5. जब वक्रोक्ति वक्ता की कण्ठ ध्वनि पर आश्रित होती है, तब उसे क्या कहा जाता है? [UGC हिन्दी तृतीय प्रश्न-पत्र जनवरी, 2017](a) सभंग श्लेष वक्रोक्ति(b) अभंग श्लेष वक्रोक्ति(c) काकुवक्रोक्ति(d) प्रहेलिकाCorrect Answer: (c) काकुवक्रोक्तिSolution:जब वक्रोक्ति वक्ता की कण्ठध्वनि पर आश्रित होती है, तब उसे 'काकुवक्रोक्ति' कहा जाता है। वक्रोक्ति का अर्थ टेढ़ी उक्ति होता है। वस्तुतः जहाँ वक्ता के कथन का ढंग इस तरह हो कि श्रोता उसका कोई अन्य अर्थ ग्रहण कर ले, वहाँ 'वक्रोक्ति अलंकार' होता है।6. निम्नलिखित में से शब्दालंकार का एक भेद है, वह है- [उत्तराखण्ड P.G.T. (परीक्षा)-2020](a) उपमा(b) रूपक(c) विभावना(d) वक्रोक्तिCorrect Answer: (d) वक्रोक्तिSolution:'वक्रोक्ति' शब्दालंकार का भेद है।7. "मैं सुकुमारि नाथ बन जोगू" इस पंक्ति में कौन-सा अलंकार है? [दिल्ली केन्द्रीय विद्यालय (P.G.T.) परीक्षा, 2015](a) सभंग श्लेष(b) अभंग श्लेष(c) श्लेष वक्रोक्ति(d) काकु वक्रोक्तिCorrect Answer: (d) काकु वक्रोक्तिSolution:"मैं सुकुमारि नाथ बन जोगू । तुमहिं उचित तप मो कहँ भोगू।।" में 'काकु वक्रोक्ति' अलंकार है। जहाँ कहे हुए वाक्य का कण्ठ की ध्वनि की विशेषता से दूसरा अर्थ ग्रहण किया जाता है, वहाँ काकुवक्रोक्ति होता है।8. 'वीप्सा' अलंकार को दूसरे किस नाम से जाना जाता है? [UPSI Exam, 19-दिसम्बर, 2017 (प्रथम पाली)](a) पूर्णोपमा अलंकार(b) पुनरुक्ति प्रकाश अलंकार(c) लुप्तोपमा अलंकार(d) प्रश्न अलंकारCorrect Answer: (b) पुनरुक्ति प्रकाश अलंकारSolution:'वीप्सा' अलंकार को पुनरुक्ति प्रकाश अलंकार के नाम से भी जाना जाता है।9. निम्नलिखित में से कौन-सा अर्थालंकार का प्रकार है? [V.D.O. परीक्षा, 2023](a) यमक अलंकार(b) रूपक अलंकार(c) वक्रोक्ति अलंकार(d) श्लेष अलंकारCorrect Answer: (b) रूपक अलंकारSolution:अर्थालंकार के अन्तर्गत उपमा, रूपक, उत्प्रेक्षा, अतिशयोक्ति, अर्थान्तरन्यास, विरोधाभास, दृष्टान्त इत्यादि आते हैं। शब्दालंकार के अन्तर्गत अनुप्रास, श्लेष, वक्रोक्ति इत्यादि आते हैं।10. उपमा अलंकार का निम्नलिखित में से कौन-सा अंग है? [BPSC, स्कूल टीचर परीक्षा- 2023](a) उपमेय(b) उपमान(c) साधारण धर्म(d) उपर्युक्त में से एक से अधिक(e) उपर्युक्त में से कोई नहींCorrect Answer: (d) उपर्युक्त में से एक से अधिकSolution:उपमा अलंकार के अंग हैं- उपमेय, उपमान, साधारण धर्म तथा सादृश्यवाचक शब्द। जिससे उपमा दी जाय / जिसकी समता किसी दूसरे पदार्थ से दिखलायी जाय, उसे 'उपमेय' कहते हैं। जिससे उपमा दी जाती है। उपमेय को जिसके समान बताया जाता है, उसे 'उपमान' कहते हैं। दो वस्तुओं के बीच साम्यता स्थापित करने वाली विशेषता को साधारण धर्म कहते हैं। उपमेय और उपमान के बीच समता को बताने लिए जिन शब्दों का प्रयोग होता है, उन्हें सादृश्यवाचक/वाचक कहते हैं।Submit Quiz12345Next »