Correct Answer: (a) मुरी एल्युमिना संयंत्र
Solution:- भारत में सबसे पुराना एल्युमीनियम रिफाइनरी संयंत्र मुरी एल्युमिना संयंत्र है।
- मुरी वर्क्स ऑफ हिंडाल्को इंडस्ट्रीज लिमिटेड भारत की पहली एल्युमिना रिफाइनरी है
- जो 1948 में तत्कालीन भारतीय एल्युमीनियम कंपनी (INDAL) द्वारा शुरू की गई थी।
- स्थापना और इतिहास
- मुरी ऐलुमिना संयंत्र भारत की पहली एलुमिना रिफाइनरी के रूप में जाना जाता है
- जिसकी शुरुआत स्वर्णरेखा नदी के तट पर हुई। 2005 में हिंडाल्को ने INDAL का अधिग्रहण कर लिया
- जिसके बाद इसे हिंडाल्को के मुरी वर्क्स के रूप में एकीकृत किया गया।
- पहले एल्युमीनियम उद्योग की शुरुआत 1937 में पश्चिम बंगाल के जयनगर (जे.के. नगर) में हुई थी
- लेकिन वह मुख्य रूप से स्मेल्टिंग पर केंद्रित था, जबकि मुरी रिफाइनरी एलुमिना उत्पादन के लिए पहली थी।
- उत्पादन क्षमता और उत्पाद
- संयंत्र की वर्तमान क्षमता 450 किलो टन प्रति वर्ष (KTPA) है, जो मानक और विशेष ग्रेड के एलुमिना तथा एलुमिना-हाइड्रेट का उत्पादन करता है।
- कुल क्षेत्रफल 334.2 एकड़ में फैला हुआ है, जिसमें संयंत्र और आवासीय कॉलोनी शामिल हैं।
- यह बॉक्साइट से एलुमिना रिफाइनिंग पर केंद्रित है और भारतीय एल्युमीनियम उद्योग के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता रहा है।
- महत्वपूर्ण तथ्य
- स्थान: रांची से 65 किमी दूर, झारखंड।
- मालिक: हिंडाल्को इंडस्ट्रीज लिमिटेड (INDAL का उत्तराधिकारी)।
- अन्य प्रारंभिक संयंत्र जैसे अलवाये (केरल, 1938) और हीराकुड़ (ओडिशा) बाद में स्थापित हुए, लेकिन मुरी सबसे पुराना रिफाइनरी है।