बृहद खेल आयोजन (खेल जगत) भाग-I

Total Questions: 35

21. सर्वाधिक व्यक्तिगत ओलंपिक स्वर्ण पदक किसने जीते हैं? [MTS (T-I) 12 मई, 2023 (II-पाली)]

Correct Answer: (a) माइकल फेल्प्स
Solution:
  • माइकल फेल्प्स ने सर्वाधिक व्यक्तिगत ओलंपिक स्वर्ण पदक जीते हैं। माइकल फेल्प्स के नाम ओलंपिक इतिहास में किसी भी एथलीट द्वारा जीते गए
  • सर्वाधिक स्वर्ण पदकों (व्यक्तिगत और टीम इवेंट मिलाकर कुल 23) का रिकॉर्ड है। उनके व्यक्तिगत स्वर्ण पदकों की संख्या 13 है
  • जो किसी भी एथलीट के लिए सबसे अधिक है। उन्होंने बीजिंग 2008 में अकेले 8 स्वर्ण पदक जीते थे
  • जिनमें से 5 व्यक्तिगत स्पर्धाओं में थे। वह एक अमेरिकी तैराक हैं और उन्हें खेल के इतिहास में सबसे महान ओलंपियन माना जाता है।
  • फेल्प्स का ओलंपिक सफर
    • माइकल फेल्प्स ने 2000 सिडनी ओलंपिक से अपना सफर शुरू किया
    • जहां वे मात्र 15 साल की उम्र में भाग लेने वाले सबसे कम उम्र के अमेरिकी तैराक बने।
    • उन्होंने पांच ओलंपिक (2000, 2004 एथेंस, 2008 बीजिंग, 2012 लंदन, 2016 रियो) में भाग लिया
    • कुल 28 पदक जीते—23 स्वर्ण, 3 रजत, 2 कांस्य। व्यक्तिगत स्वर्ण पदक मुख्य रूप से 100m/200m बटरफ्लाई, 200m/400m फ्रीस्टाइल, 200m/400m इंडिविजुअल मेडले जैसे इवेंट्स में आए।
    • एथेंस 2004 में उन्होंने 6 स्वर्ण और 2 कांस्य जीते, जबकि बीजिंग 2008 में एक ही ओलंपिक में 8 स्वर्ण पदक जीतकर मार्क स्पिट्ज़ के 36 साल पुराने रिकॉर्ड को तोड़ा—सभी में विश्व या ओलंपिक रिकॉर्ड बने।
    • लंदन 2012 में 4 स्वर्ण और रियो 2016 में 5 स्वर्ण के साथ उन्होंने इतिहास रचा।
  • व्यक्तिगत स्वर्ण पदकों की सूची
    • 200m बटरफ्लाई: 4 स्वर्ण (2004, 2008, 2012, 2016)—लगातार चार ओलंपिक में जीत।​
    • 200m इंडिविजुअल मेडले: 2 स्वर्ण (2004, 2008)।
    • 400m इंडिविजुअल मेडले: 2 स्वर्ण (2004, 2008)।
    • 100m बटरफ्लाई: 2 स्वर्ण (2008, 2016)।
    • 200m फ्रीस्टाइल: 1 स्वर्ण (2008)।
    • अन्य व्यक्तिगत: कुल 16। बाकी 7 स्वर्ण रिले में।
  • अन्य एथलीटों से तुलना
    • फेल्प्स का रिकॉर्ड अद्वितीय है
    • क्योंकि उन्होंने विभिन्न इवेंट्स में दबदबा बनाए रखा। मार्च 2026 तक कोई इसे नहीं तोड़ पाया।
  • विरासत और प्रभाव
    • फेल्प्स को "ब Baltimore Bullet" या "Flying Fish" कहा जाता है।
    • उन्होंने मानसिक स्वास्थ्य के मुद्दों पर खुलकर बात की और तैराकी को वैश्विक स्तर पर लोकप्रिय बनाया।
    • उनकी नेट वर्थ 100 मिलियन डॉलर से अधिक है। ओलंपिक रिकॉर्ड्स में उनके 39 विश्व रिकॉर्ड शामिल हैं।

22. लंदन ओलंपिक 2012 में भारत ने कितने रजत पदक जीते ? [MTS (T-I) 11 मई, 2023 (I-पाली)]

Correct Answer: (a) दो
Solution:
  • लंदन ओलंपिक 2012 में भारत ने दो रजत पदक जीते थे। ये दोनों पदक कुश्ती और निशानेबाजी में आए थे।
  • पहलवान सुशील कुमार ने पुरुषों की 66 किग्रा फ्रीस्टाइल कुश्ती में रजत पदक जीता था।
  • इसके अतिरिक्त, निशानेबाज विजय कुमार ने पुरुषों की 25 मीटर रैपिड फायर पिस्टल स्पर्धा में रजत पदक जीता था।
  • भारत ने इन खेलों में कुल 6 पदक (2 रजत और 4 कांस्य) जीतकर उस समय तक का अपना सर्वश्रेष्ठ ओलंपिक प्रदर्शन किया था।
  • कुल पदक तालिका
    • भारत ने लंदन 2012 में कोई स्वर्ण पदक नहीं जीता, लेकिन 2 रजत और 4 कांस्य पदक जीतकर 55वें स्थान पर रहा।
    • यह बीजिंग 2008 के 3 पदकों से दोगुना बेहतर था। कुल 83 भारतीय एथलीटों ने हिस्सा लिया।
  • रजत पदक विजेता
  • सुशील कुमार (कुश्ती)
    • सुशील ने पुरुष फ्रीस्टाइल 66 किग्रा वर्ग में रजत पदक जीता।
    • फाइनल में जापान के हिरोयुकी ताकेनाके से हार गए
    • लेकिन स्वतंत्र भारत के पहले एथलीट बने जो लगातार दो ओलंपिक (बीजिंग कांस्य, लंदन रजत) में व्यक्तिगत पदक जीते। यह भारत का दूसरा रजत था।
  • विजय कुमार (निशानेबाजी)
    • विजय ने पुरुष 25 मीटर रैपिड फायर पिस्टल में रजत जीता। फाइनल में क्यूबा के लेनेल्फे गोंजालेज से 2 अंकों से पीछे रहे।
    • यह ओलंपिक पिस्टल स्पर्धा में भारत का पहला पदक था और लंदन में भारत का पहला रजत।
  • ऐतिहासिक महत्व
    • यह प्रदर्शन भारतीय खेलों के लिए मील का पत्थर था।
    • निशानेबाजी में पहली बार 2 पदक, बैडमिंटन में पहला ओलंपिक पदक, और महिला मुक्केबाजी में डेब्यू पर मैरी कॉम का कांस्य।
    • सुशील की उपलब्धि ने कुश्ती को मजबूत किया। हालांकि, स्वर्ण से चूकना निराशाजनक रहा।

23. नीरज चोपड़ा ने ....... के थ्रो (throw) के साथ टोक्यो ओलंपिक 2020 में ऐतिहासिक स्वर्ण पदक जीता। [MTS (T-I) 10 मई, 2023 (II-पाली)]

Correct Answer: (a) 87.58 मी.
Solution:
  • नीरज चोपड़ा ने 87.58 मी. के थ्रो के साथ टोक्यो ओलंपिक 2020 में ऐतिहासिक स्वर्ण पदक जीता।
  • यह थ्रो उन्होंने पुरुषों की भाला फेंक स्पर्धा के फाइनल के अपने दूसरे प्रयास में किया था।
  • यह भारत के लिए ट्रैक एंड फील्ड में पहला ओलंपिक स्वर्ण पदक था। उनका यह प्रदर्शन ऐतिहासिक इसलिए भी है
  • क्योंकि वह अभिनव बिंद्रा के बाद व्यक्तिगत स्वर्ण पदक जीतने वाले दूसरे भारतीय बने। इस उपलब्धि ने भारत में एथलेटिक्स के लिए एक नए युग की शुरुआत की।
  • उपलब्धि का महत्व
    • यह थ्रो 7 अगस्त 2021 को टोक्यो के ओलंपिक स्टेडियम में पुरुष भाला फेंक फाइनल में आया
    • जहाँ नीरज ने अपने दूसरे प्रयास में यह दूरी हासिल की।
    • इससे वे चेक गणराज्य के जैकब वाहदलेज (86.67 मीटर, रजत) और जर्मनी के वुस्ताव मिहास्क (85.71 मीटर, कांस्य) से आगे रहे।
    • यह थ्रो भारत का राष्ट्रीय रिकॉर्ड भी बना और नीरज ओलंपिक में भाला फेंक स्वर्ण जीतने वाले पहले एशियाई बने।
  • फाइनल के थ्रो विवरण
    • नीरज के सभी छह थ्रो इस प्रकार थे:
    • पहला: 87.03 मीटर (शीर्ष स्थान पर आ गए)
    • दूसरा: 87.58 मीटर (सर्वश्रेष्ठ, स्वर्ण सुनिश्चित)
    • तीसरा: 76.79 मीटर (फाउल से कम)
    • चौथा, पाँचवाँ और छठा: कोई वैध थ्रो नहीं (फाउल)।
    • उनका पहला थ्रो ही पदक पक्का करने को काफी था, लेकिन दूसरे ने इतिहास रच दिया।​
  • नीरज का सफर
    • हरियाणा के पानीपत में 1997 में जन्मे नीरज चोपड़ा ने 2018 राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण और एशियाई खेलों में रजत जीतकर चर्चा पाई।
    • टोक्यो से पहले उन्होंने विश्व जूनियर चैंपियनशिप में रिकॉर्ड बनाया।
    • उनकी कोचिंग जर्मन उवे होर्न ने की, जिन्होंने उनकी तकनीक सुधारी।
    • यह जीत अभिनव बिंद्रा (2008 शूटिंग स्वर्ण) के बाद भारत का दूसरा व्यक्तिगत ओलंपिक स्वर्ण था।
  • प्रभाव और सम्मान
    • इस जीत ने पूरे भारत में जश्न मनाया गया—पीएम नरेंद्र मोदी समेत सभी ने बधाई दी।
    • नीरज को मेजर ध्यानचंद खेलरत्न (2022), पद्मश्री और हरियाणा का ब्रांड एंबेसडर बनाया गया।
    • बाद में पेरिस 2024 में रजत के साथ वे लगातार दो ओलंपिक में पदक जीतने वाले पहले भारतीय ट्रैक एंड फील्ड एथलीट बने।

24. भारत ने पहली बार लिया ....... में ओलंपिक खेलों में भाग था। [MTS (T-I) 19 जून, 2023 (II-पाली)]

Correct Answer: (b) 1900
Solution:
  • भारत ने पहली बार 1900 में पेरिस में हुए ओलंपिक खेलों में भाग लिया था।
  • इस आयोजन में भारत का प्रतिनिधित्व सिर्फ एक एंग्लो-इंडियन एथलीट नॉर्मन प्रिचर्ड ने किया था।
  • प्रिचर्ड ने पुरुषों की 200 मीटर डैश और 200 मीटर हर्डल्स में दो रजत पदक जीतकर भारत को ओलंपिक में पहला पदक दिलाया था।
  • हालांकि, भारत ने आधिकारिक तौर पर राष्ट्रीय टीम 1920 एंटवर्प ओलंपिक में भेजी थी, लेकिन पहला भागीदारी वर्ष 1900 माना जाता है।
  • प्रारंभिक भागीदारी
    •  उन्होंने एथलेटिक्स में पाँच इवेंट्स—60 मीटर, 100 मीटर, 200 मीटर, 110 मीटर बाधा दौड़ और 200 मीटर बाधा दौड़—में हिस्सा लिया।
    • प्रिचर्ड ने 200 मीटर स्प्रिंट में रजत पदक जीता, जो भारत का पहला ओलंपिक पदक था
    • उन्हें ओलंपिक में पदक जीतने वाला पहला एशियाई एथलीट बना दिया।
  • पहला आधिकारिक दल
    • हालाँकि 1900 में व्यक्तिगत भागीदारी हुई, भारत ने पहली बार 1920 एंटवर्प ओलंपिक में आधिकारिक टीम भेजी।
    • इस पाँच सदस्यीय दल में पुरमा बनर्जी (100m और 400m), फडेप्पा चौगुले (10,000m और मैराथन), सदाशिव दातार (मैराथन), कुमार नवले और दिनका राव शिंदे (कुश्ती) शामिल थे।
    • व्यवसायी दोराबजी टाटा ने भारतीय ओलंपिक संघ की स्थापना की पहल की, जिससे यह संभव हुआ।
  • स्वतंत्र भारत की शुरुआत
    • 1947 में आजादी के बाद भारत का पहला ओलंपिक 1948 लंदन में हुआ, जहाँ 86 एथलीटों ने एथलेटिक्स, हॉकी, कुश्ती समेत नौ खेलों में भाग लिया।
    • हॉकी टीम ने स्वर्ण पदक जीता, जो स्वतंत्र भारत का पहला ओलंपिक गोल्ड था।
  • ओलंपिक संघ का गठन
    • भारतीय ओलंपिक संघ (IOA) की आधिकारिक स्थापना 1927 में हुई
    • जो 1860 के सोसाइटी पंजीकरण अधिनियम के तहत गैर-लाभकारी संगठन है।
    • यह IOC और OCA का सदस्य है तथा ओलंपिक आंदोलन को बढ़ावा देता है।
    • भारत ने 1920 के बाद हर ग्रीष्मकालीन ओलंपिक में भाग लिया और 1964 से शीतकालीन ओलंपिक में भी।
  • ऐतिहासिक संदर्भ
    • आधुनिक ओलंपिक की शुरुआत 1896 एथेंस से हुई, लेकिन भारत का जुड़ाव 1900 से है।
    • कुल मिलाकर, भारत ने अब तक 41 पदक जीते हैं, जिनमें 10 स्वर्ण शामिल हैं
    • मुख्यतः हॉकी और कुश्ती में। यह यात्रा व्यक्तिगत प्रयासों से राष्ट्रीय गौरव तक पहुँची।

25. वर्ष 1896 में प्रथम ओलम्पिक खेलों का आयोजन किस देश में हुआ था? [MTS (T-I) 14 जून, 2023 (III-पाली)]

Correct Answer: (d) ग्रीस
Solution:
  • वर्ष 1896 में प्रथम आधुनिक ओलम्पिक खेलों का आयोजन ग्रीस के एथेंस शहर में हुआ था। इन खेलों को पुनर्जीवित करने का श्रेय फ्रांसीसी शिक्षाशास्त्री पियरे डी कूपर्टिन को जाता है।
  • यह प्राचीन ओलंपिक खेलों से प्रेरणा लेकर आयोजित किया गया पहला अंतर्राष्ट्रीय बहु-खेल आयोजन था।
  • इसमें 14 देशों के लगभग 241 एथलीटों ने भाग लिया था और इसमें 43 स्पर्धाएँ शामिल थीं, जिसने आधुनिक ओलंपिक आंदोलन की नींव रखी।
  • मूल जानकारी
    • मेज़बान देश: ग्रीस (यूनान).
    • मेज़बान शहर: एथेंस.
    • तिथि: 6 अप्रैल 1896 से 15 अप्रैल 1896 तक.
    • आधिकारिक नाम: I ओलम्पियाड के खेल (1896 ग्रीष्मकालीन ओलम्पिक).
  • आयोजन का ऐतिहासिक कारण
    • प्राचीन ओलम्पिक खेल प्राचीन यूनान के ओलंपिया नामक स्थान पर ग्रीक देवता ज़ीउस के सम्मान में होते थे
    • जिन्हें 393 ईस्वी के आसपास बंद कर दिया गया।
    • 19वीं शताब्दी के अंत में फ़्रांसीसी शिक्षाशास्त्री पियरे दे कुबर्तिन ने इन्हें आधुनिक रूप में पुनर्जीवित करने का विचार रखा
    • 23 जून 1894 को पेरिस में हुई एक कांग्रेस में अंतरराष्ट्रीय ओलम्पिक समिति (IOC) की स्थापना की गई तथा एथेंस को पहले आधुनिक ओलम्पिक की मेज़बानी सौंपी गई।
  • भाग लेने वाले देश और खिलाड़ी
    • भाग लेने वाले देश: लगभग 14 देश (IOC के आँकड़ों के अनुसार)।
    • कुल एथलीट: लगभग 241 खिलाड़ी, और लगभग सभी प्रतिभागी पुरुष थे।
    • प्रमुख भागीदार देश: ग्रीस, अमेरिका, जर्मनी, फ्रांस, ग्रेट ब्रिटेन, इटली, स्वीडन, स्विट्जरलैंड आदि।
  • खेल, प्रतियोगिताएँ और स्टेडियम
    • आयोजन स्थल: पनाथेनाइक (पंथेनियन) स्टेडियम, एथेंस.
    • स्टेडियम क्षमता: लगभग 80,000 दर्शकों की बैठने की क्षमता बताई जाती है।​
    • उद्घाटन: ग्रीस के किंग जॉर्ज प्रथम ने खेलों का उद्घाटन किया।
    • कार्यक्रम: एथलेटिक्स, जिम्नास्टिक, तैराकी, साइक्लिंग, कुश्ती, टेनिस, वेटलिफ्टिंग आदि जैसे लगभग 43 इवेंट आयोजित हुए।
    • इन खेलों को आधुनिक ओलम्पिक का “पुनर्जन्म” माना गया
    • क्योंकि इतने बड़े पैमाने पर पहली बार अंतरराष्ट्रीय स्तर के बहु-खेल आयोजन के रूप में इन्हें आयोजित किया गया।
  • पदक तालिका और प्रमुख परिणाम
    • कुल स्वर्ण पदक के आधार पर सबसे सफल देश: संयुक्त राज्य अमेरिका; उसने 20 पदक जीते (विभिन्न स्रोतों के अनुसार स्वर्ण की संख्या में थोड़ा अंतर हो सकता है)।
    • कुल पदकों की संख्या के आधार पर सबसे सफल: मेज़बान देश ग्रीस, जिसने कुल 46 पदक (10 स्वर्ण, 17 रजत, 19 कांस्य) जीते।
    • जर्मनी ने कुल 13 पदक (6 स्वर्ण सहित) और पदक तालिका में तीसरा स्थान प्राप्त किया।
    • IOC और अन्य स्रोतों में आँकड़ों में थोड़ा अंतर दिखाई देता है, परंतु सर्वसम्मति यही है
    • अमेरिका स्वर्ण पदकों की संख्या में आगे और ग्रीस कुल पदकों की संख्या में अग्रणी रहा।
  • अन्य महत्वपूर्ण तथ्य
    • यह आधुनिक युग का पहला अंतरराष्ट्रीय ओलम्पिक खेल था, जो हर चार वर्ष में होने वाली परंपरा की शुरुआत माना जाता है।
    • 1896 के खेलों को उस समय तक की सबसे बड़ी अंतरराष्ट्रीय खेल प्रतियोगिता माना गया, जिसने आगे चलकर ओलम्पिक आंदोलन को वैश्विक स्तर पर लोकप्रिय बनाने की नींव रखी।
    • बाद में 23 जून को “अंतरराष्ट्रीय ओलम्पिक दिवस” मनाने की परंपरा शुरू हुई, जो आधुनिक ओलम्पिक आंदोलन की शुरुआत (1894 की कांग्रेस) से जुड़ी है।

26. ओलंपिक में स्विमिंग पूल का आवश्यक (मानक) आकार क्या होता है? [दिल्ली पुलिस कांस्टेबिल 21 नवंबर, 2023 (II-पाली)]

Correct Answer: (d) 50 मी. x 25 मी.
Solution:
  • ओलंपिक में स्विमिंग पूल का आवश्यक (मानक) आकार 50 मी. x 25 मी. होता है।
  • इस आकार के पूल को ओलंपिक आकार या लम्बे कोर्स (Long Course) पूल के रूप में जाना जाता है।
  • इसकी गहराई न्यूनतम 2 मीटर होनी चाहिए और इसमें आमतौर पर 10 लेन होती हैं
  • हालांकि मुख्य प्रतियोगिता के लिए केवल 8 लेन का उपयोग किया जाता है।
  • यह अंतर्राष्ट्रीय तैराकी महासंघ (FINA/World Aquatics) द्वारा निर्धारित मानक है
  • जो सुनिश्चित करता है कि विश्व रिकॉर्ड स्थापित करने के लिए सभी प्रतियोगिताएँ समान शर्तों पर हों।
  • लेन व्यवस्था
    • पूले में कम से कम 10 लेन होती हैं, जिनमें से 8 मुख्य प्रतिस्पर्धी लेन 2.5 मीटर चौड़ी होती हैं।
    • बाहरी दो लेन भी 2.5 मीटर चौड़े होते हैं, लेकिन स्थायी पूलों में उनके बाहर 0.10 मीटर अतिरिक्त स्थान होता है। यह व्यवस्था तैराकों को बिना रुकावट के दौड़ने की अनुमति देती है।
    • यह छवि बाकू एक्वाटिक पैलेस के ओलंपिक आकार के पूल को दर्शाती है, जहां स्पष्ट नीले पानी में लेन डिवाइडर और दर्शक क्षेत्र दिखाई दे रहे हैं।​
  • पानी की गुणवत्ता और पर्यावरण
    • पानी का तापमान 25-28 डिग्री सेल्सियस के बीच रखा जाता है, जो तैराकों की आराम और प्रदर्शन के लिए आदर्श है।
    • प्रकाश तीव्रता न्यूनतम 1500-3000 लक्स होनी चाहिए, ताकि तैराक स्पष्ट रूप से लेन मार्किंग देख सकें।
    • पूल का कुल जल объём लगभग 2,500,000 लीटर (या 660,000 गैलन) होता है, presuming 2 मीटर गहराई पर।
  • निर्माण और सामग्री
    • पूले आमतौर पर प्रबलित कंक्रीट से बनाए जाते हैं, जो संरचनात्मक मजबूती प्रदान करते हैं।
    • लेन मार्किंग्स, टच पैड्स और पानी के नीचे की दृश्यता सुनिश्चित करने वाले फीचर्स अंतरराष्ट्रीय मानकों का पालन करते हैं।
    • अमेरिका में कभी-कभी 25 यार्ड चौड़े पूल उपयोग होते हैं, लेकिन अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक के लिए 25 मीटर ही मानक है।
  • अन्य आवश्यकताएँ
    • पूल का उपयोग लॉन्ग कोर्स (50 मीटर) इवेंट्स के लिए होता है, जो ओलंपिक और विश्व चैंपियनशिप में प्राथमिक है।
    • डाइविंग या सिन्क्रोनाइज्ड स्विमिंग के लिए अतिरिक्त गहराई और स्थान की जरूरत पड़ सकती है।
    • ये मानक 660,000 गैलन पानी की क्षमता सुनिश्चित करते हैं, जो रखरखाव को जटिल बनाता है।

27. 1928 से 1980 के बीच भारत ने ओलंपिक में कितने स्वर्ण पदक जीते ? [CHSL (T-I) 03 अगस्त, 2023 (III-पाली)]

Correct Answer: (b) 8
Solution:
  • 1928 से 1980 के बीच भारत ने ओलंपिक में 8 स्वर्ण पदक जीते थे। यह सभी पदक पुरुषों की फील्ड हॉकी स्पर्धा में आए थे।
  • इस अवधि में भारत का हॉकी पर पूरी तरह से प्रभुत्व था, जिसने 1928, 1932, 1936, 1948, 1952, 1956, 1964 और 1980 में स्वर्ण पदक जीते।
  • यह भारतीय खेल इतिहास का स्वर्ण युग था, जिसने हॉकी को राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक बना दिया।
  • स्वर्ण पदकों की सूची
    • भारत के ये स्वर्ण पदक निम्नलिखित ओलंपिक आयोजनों में जीते गए:
  • प्रमुख उपलब्धियां
    • इस अवधि में भारत ने हॉकी में छह लगातार स्वर्ण पदक (1928-1956) जीतकर विश्व पटल पर वर्चस्व स्थापित किया।
    • 1964 का कुश्ती स्वर्ण एक अपवाद था, जो भारत की विविधता दर्शाता है। कुल 8 स्वर्णों में 7 हॉकी से और 1 कुश्ती से आए।
  • ऐतिहासिक संदर्भ
    • 1928 एम्स्टर्डम से शुरुआत हुई, जहां भारत ने नीदरलैंड्स को फाइनल में हराया।
    • 1980 मॉस्को तक हॉकी टीम ने 8 स्वर्ण पूरे किए, लेकिन उसके बाद कोई स्वर्ण नहीं जीता
    • इस खेल में। यह दौर भारत के ओलंपिक इतिहास का स्वर्णिम युग था।

28. 2021 में आयोजित टोक्यो ओलंपिक 2020 में तलवारबाजी (fencing) में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाली पहली खिलाड़ी कौन है? [CHSL (T-I) 14 मार्च, 2023 (I-पाली)]

Correct Answer: (b) भवानी देवी
Solution:
  • 2021 में आयोजित टोक्यो ओलंपिक 2020 में तलवारबाजी (fencing) में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाली पहली खिलाड़ी भवानी देवी हैं।
  • उन्होंने महिला सब्रे (Sabre) स्पर्धा में क्वालीफाई करके यह ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की।
  • हालाँकि वह दूसरे दौर में हार गईं, पर उनकी भागीदारी भारतीय तलवारबाजी के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर थी।
  • उनकी सफलता ने भारत में तलवारबाजी के खेल को नई पहचान और प्रेरणा दी।
  • विस्तृत निष्कर्ष
    • भवानी देवी का ओलंपिक क्वालिफिकेशन इतिहास: भवानी देवी ने ओलंपिक के लिए क्वालिफाई करके भारत की पहली तलवारबाज़ बनने का रिकॉर्ड बनाया
    • यह उपलब्धियों का भाग रहा कि वह ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाली पहली भारतीय फ़ेंसर बनीं.
    • ओलंपिक संदर्भ और आयोजन: टोक्यो 2020 ओलंपिक, जिसे 23 जुलाई 2021 से 8 अगस्त 2021 के बीच जापान के टोक्यो में आयोजित किया गया था
    • भवानी देवी आदि भारतीय तलवारबाज़ों ने प्रतिस्पर्धा की. इससे भारत के फेंसिंग इतिहास में एक अहम माइलस्टोन जुड़ा.
    • अन्य उल्लेख: मीडिया कवरेज में भवानी देवी को “पहली भारतीय तलवारबाज़” के रूप में बार-बार उद्धृत किया गया है
    • उनकी कहानी प्रशिक्षण से लेकर ओलंपिक तक के मार्ग की प्रेरक कथा के रूप में प्रस्तुत की गई है.
  • महत्वपूर्ण पंक्तियाँ
    • भवानी देवी के बारे में संक्षिप्त प्रोफाइल: चेन्नई से ताल्लवारबाज़ी करने वाली भवानी देवी ने ओलंपिक क़्वालिफिकेशन के साथ इतिहास रचा और भारत की पहली तलवारबाज़ बन गईं.​
    • ओलंपिक का समय-सार: जापान में 2020 ओलंपिक के नाम से प्रसिद्ध यह खेल 2021 में आयोजित हुआ, और इसमें भारत ने तलवारबाजी विभाग में भी हिस्सा लिया.​

29. भारत ने 2021 में आयोजित टोक्यो ओलंपिक 2020 में किस टीम खेल में एकमात्र कांस्य पदक जीता था ? [CHSL (T-I) 21 मार्च, 2023 (III-पाली)]

Correct Answer: (a) फील्ड हॉकी
Solution:
  • भारत ने वर्ष 2021 में आयोजित टोक्यो ओलंपिक, 2020 में पुरुष हॉकी स्पर्धा में एकमात्र कांस्य पदक जीता था।
  • भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने यह कांस्य पदक जर्मनी को 5-4 से पराजित कर जीता था।
  • पेरिस ओलंपिक 2024 में भारत ने महिलाओं की 10 मीटर एयर पिस्टल प्रतिस्पर्धा, मिश्रित 10 मीटर एयर पिस्टल टीम प्रतिस्पर्धा, पुरुषों की 50 मीटर राइकल थ्री पोजीशन, पुरुषों की फील्ड हॉकी प्रतिस्पर्धा तथा पुरुषों की 57 किग्रा., फ्रीस्टाइल कुश्ती प्रतिस्पर्धा में कांस्य पदक जीता था।
  • मैच का विवरण
    • भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने कांस्य पदक मैच में जर्मनी को 5-4 से हराकर यह उपलब्धि हासिल की। मैच शुरू में जर्मनी ने 3-1 से बढ़त बना ली थी
    • लेकिन कप्तान मनप्रीत सिंह की अगुवाई में टीम ने शानदार कमबैक किया।
    • पहले हाफ के अंत में हरमनप्रीत सिंह ने ड्रैग फ्लिक से गोल कर स्कोर 3-2 किया, फिर तीसरे क्वार्टर में सुकहजीत सिंह ने बराबरी कराई।
    • अंतिम क्वार्टर में हरमनप्रीत ने दो और गोल दागे, जबकि अमित रोहिदास ने विजयी गोल किया। गोलकीपर पीआर श्रीजेश ने कई महत्वपूर्ण सेविंग्स कीं।​​
  • टीम के प्रमुख खिलाड़ी
    • कप्तान मनप्रीत सिंह: पूरे टूर्नामेंट में प्रेरणादायक नेतृत्व प्रदान किया।
    • हरमनप्रीत सिंह: कांस्य मैच में 2 गोल, टूर्नामेंट में कुल 7 गोल।
    • पीआर श्रीजेश: दीवार जैसा प्रदर्शन, कई पेनल्टी सेव कीं।
    • अन्य प्रमुख: सुकहजीत सिंह (1 गोल), अमित रोहिदास (1 गोल), हारदिक सिंह (मिडफील्ड में शानदार रन)। पूरी टीम में 16 खिलाड़ी थे, जिनमें युवा और अनुभवी मिश्रण था।
  • ऐतिहासिक महत्व
    • यह भारत का ओलंपिक हॉकी में 1980 मॉस्को ओलंपिक के बाद पहला पदक था।
    • टूर्नामेंट में भारत ने पूल स्टेज में ऑस्ट्रेलिया को हराया, क्वार्टर फाइनल में स्पेन को पेनल्टी शूटआउट में मात दी
    • लेकिन सेमीफाइनल में बेल्जियम से 2-5 से हार गया। कोच जेपी सिंह और ग्राहम रीड के नेतृत्व में यह सफलता टॉप-8 में जगह बनाने वाली पहली भारतीय टीम बनी।
    • इससे हॉकी को भारत में नई लोकप्रियता मिली।​​
  • ओलंपिक का कुल प्रदर्शन
    • टोक्यो ओलंपिक में भारत ने कुल 7 पदक जीते: 1 स्वर्ण (नीरज चोपड़ा - भाला फेंक), 2 रजत (मीराबाई चानू - वेटलिफ्टिंग, रवि दहिया - कुश्ती), 4 कांस्य।
    • लेकिन टीम खेल में केवल हॉकी ही सफल रही; अन्य टीम इवेंट्स जैसे बैडमिंटन (मिश्रित युगल) या रिले रेस में कोई पदक नहीं मिला। हॉकी का कांस्य ही एकमात्र टीम पदक था।

30. निम्नलिखित में से "खेल-पदक" का कौन-सा युग्म 2020 टोक्यो ओलंपिक खेलों में भारत के प्रदर्शन के संदर्भ में सही है? [CHSL (T-I) 21 मार्च, 2023 (IV-पाली)]

I. भाला फेंक - रजत

II. पुरुष हॉकी - स्वर्ण

Correct Answer: (d) न तो I और न ही II
Solution:
  • टोक्यो ओलंपिक, 2020 में पुरुषों की भाला फेंक स्पर्धा में भारत के नीरज चोपड़ा ने स्वर्ण पदक जीता था।
  • पुरुष हॉकी स्पर्धा में भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने कांस्य पदक जीता है
  • पेरिस ओलंपिक, 2024 में पुरुषों की भाला फेंक स्पर्धा में भारत के नीरज चोपड़ा ने रजत पदक जीता हैं। पुरुष हॉकी स्पर्धा में भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने कांस्य पदक जीता है।
  • कुल पदक और देश का प्रदर्शन
    • भारत ने टोक्यो 2020 ओलंपिक में कुल 7 पदक जीते – 1 स्वर्ण, 2 रजत और 4 कांस्य।
    • यह किसी एक ओलंपिक खेल में भारत का अब तक का सर्वाधिक पदक‑संकलन था।
  • स्वर्ण पदक (Gold)
  • एथलेटिक्स – भाला फेंक (Men’s Javelin Throw)
    • खिलाड़ी: नीरज चोपड़ा
    • पदक: स्वर्ण
    • टिप्पणी: ओलंपिक एथलेटिक्स (ट्रैक‑एंड‑फील्ड) में भारत का पहला स्वर्ण पदक, और व्यक्तिगत स्पर्धा में केवल दूसरे भारतीय ओलंपिक स्वर्ण विजेता (अभिनव बिंद्रा के बाद)।
  • खेल–पदक युग्म (स्वर्ण)
    • एथलेटिक्स (भाला फेंक) – स्वर्ण पदक (नीरज चोपड़ा) – सही युग्म।
  • रजत पदक (Silver)
  • भारोत्तोलन – महिला 49 किग्रा (Women’s 49 kg Weightlifting)
    • खिलाड़ी: मीराबाई चानू
    • पदक: रजत
    • टिप्पणी: टोक्यो में भारत का पहला पदक; यह ओलंपिक इतिहास में भारत का दूसरा भारोत्तोलन पदक (पहला कर्णम मल्लेश्वरी, सिडनी 2000, कांस्य)।
  • कुश्ती – पुरुष फ्रीस्टाइल 57 किग्रा (Men’s Freestyle Wrestling 57 kg)
    • खिलाड़ी: रवि कुमार दहिया
    • पदक: रजत
    • टिप्पणी: फाइनल तक पहुंचकर ऐतिहासिक प्रदर्शन, पुरुष कुश्ती में भारत के लिए एक और बड़ा पदक।
  • खेल–पदक युग्म (रजत)
    • भारोत्तोलन – रजत पदक (मीराबाई चानू, महिला 49 किग्रा) – सही युग्म।
    • कुश्ती (पुरुष फ्रीस्टाइल 57 किग्रा) – रजत पदक (रवि कुमार दहिया) – सही युग्म।
  • कांस्य पदक (Bronze)
  • बैडमिंटन – महिला एकल (Women’s Singles Badminton)
    • खिलाड़ी: पी. वी. सिंधु
    • पदक: कांस्य
    • टिप्पणी: लगातार दो ओलंपिक में पदक (रियो 2016 – रजत, टोक्यो 2020 – कांस्य), ऐसा करने वाली पहली भारतीय महिला।​
  • मुक्केबाज़ी – महिला वेल्टरवेट 69 किग्रा (Women’s Welterweight Boxing 69 kg)
    • खिलाड़ी: लवलिना बोर्गोहेन
    • पदक: कांस्य
    • टिप्पणी: असम से आने वाली पहली ओलंपिक पदक‑विजेता, महिला मुक्केबाज़ी में भारत के लिए बड़ा माइलस्टोन।
  • कुश्ती – पुरुष फ्रीस्टाइल 65 किग्रा (Men’s Freestyle Wrestling 65 kg)
    • खिलाड़ी: बजरंग पुनिया
    • पदक: कांस्य
    • टिप्पणी: ब्रॉन्ज़ मेडल बाउट में कज़ाख़स्तान के दौलेट नियाज़बेकोव को हराकर पदक जीता।​
  • हॉकी – पुरुष टीम (Men’s Hockey Team)
    • खिलाड़ी: भारतीय पुरुष हॉकी टीम
    • पदक: कांस्य
    • टिप्पणी: जर्मनी को 5–4 से हराकर 41 साल बाद हॉकी में ओलंपिक पदक; पिछला हॉकी पदक 1980 मॉस्को ओलंपिक का स्वर्ण था।
  • खेल–पदक युग्म (कांस्य)
    • बैडमिंटन (महिला एकल) – कांस्य पदक (पी. वी. सिंधु) – सही युग्म।​
    • मुक्केबाज़ी (महिला 69 किग्रा) – कांस्य पदक (लवलिना बोर्गोहेन) – सही युग्म।
    • कुश्ती (पुरुष फ्रीस्टाइल 65 किग्रा) – कांस्य पदक (बजरंग पुनिया) – सही युग्म।​
    • हॉकी (पुरुष टीम) – कांस्य पदक – सही युग्म।
  • आपके MCQ के सन्दर्भ में
    • क्योंकि आपके प्रश्न में विकल्प नहीं दिए गए हैं, इसलिए सामान्यतः “सही युग्म” वे होंगे जो ऊपर दी गई सूची से मेल खाते हों, जैसे उदाहरण के लिए (टिपिकल विकल्प–शैली):
    • नीरज चोपड़ा – एथलेटिक्स (भाला फेंक) – स्वर्ण
    • मीराबाई चानू – भारोत्तोलन – रजत
    • रवि कुमार दहिया – कुश्ती (57 किग्रा) – रजत
    • पी. वी. सिंधु – बैडमिंटन – कांस्य
    • लवलिना बोर्गोहेन – मुक्केबाज़ी – कांस्य
    • बजरंग पुनिया – कुश्ती (65 किग्रा) – कांस्य
    • भारतीय पुरुष हॉकी टीम – हॉकी – कांस्य
    • यदि आप अपने असली प्रश्न के विकल्प भेज देंगे, तो इन्हीं तथ्यों के आधार पर मैं बता दूँगा
    • उनमें से कौन‑सा/कौन‑से “खेल–पदक” युग्म 2020 टोक्यो ओलंपिक में भारत के प्रदर्शन के अनुसार सही हैं।