बौद्ध धर्म

Total Questions: 29

21. गौतम बुद्ध के उपदेश मुख्य रूप से पाए जाते हैं - [JE सिविल परीक्षा 23 मार्च, 2021 (I-पाली)]

Correct Answer: (d) सुत्त पिटक में
Solution:गौतम बुद्ध के उपदेश मुख्य रूप से सुत्त पिटक' में पाए जाते है। विनय पिटक में बौद्ध मतावलंबियों के लिए व्यवस्था के नियम तथा अभिधम्म पिटक में बौद्ध दर्शन का विधान पाया जाता है। विनय पिटक, सुत्त पिटक तथा अभिधम्म पिटक को त्रिपिटक भी कहा जाता है।

22. बुद्ध के उपदेश किस भाषा में हैं ? [CHSL (T-I) 15 जनवरी, 2017 (III-पाली)]

Correct Answer: (c) पालि
Solution:महात्मा बुद्ध बौद्ध धर्म के प्रवर्तक थे। उन्होंने प्रचार के लिए जनसाधारंण की भाषा पालि को अपनाया, जो प्राकृत का एक रूप थी।

23. प्रथम बौद्ध परिषद कहां आयोजित हुई थी ? [CGL (T-I) 30 अगस्त, 2016 (II-पाली), MTS (T-I) 13 अक्टूबर, 2021 (II-पाली)]

Correct Answer: (b) राजगृह
Solution:प्रथम बौद्ध परिषद का आयोजन मगध सम्राट अजातशत्रु के समय में राजगृह (राजगीर) की सप्तपर्णि गुफा में किया गया था। इस बौद्ध परिषद की अध्यक्षता महाकस्सप ने की थी। द्वितीय बौद्ध संगीति का आयोजन कालाशोक के शासनकाल में बुद्ध की मृत्यु के 100 वर्ष बाद वैशाली में किया गया। इसकी अध्यक्षता सुबुकामी ने की थी। तृतीय बौद्ध संगीति मौर्य शासक अशोक के शासनकाल में पाटलिपुत्र में हुई थी। मोग्गलिपुत्त तिस्स इसके अध्यक्ष थे। चतुर्थ बौद्ध संगीति कनिष्क के शासनकाल में कुंडलवन (कश्मीर) में संपन्न हुई। इसके अध्यक्ष वसुमित्र एवं उपाध्यक्ष अश्वघोष थे।

24. कौन-सा कुषाण शासक इतिहास में बौद्ध धर्म के महान संरक्षक के रूप में प्रसिद्ध है, जिन्होंने चतुर्थ बौद्ध संगीति का भी आयोजन किया था ? [CGL (T-I) 25 जुलाई, 2023 (III-पाली)]

Correct Answer: (d) कनिष्क
Solution:प्रथम बौद्ध परिषद का आयोजन मगध सम्राट अजातशत्रु के समय में राजगृह (राजगीर) की सप्तपर्णि गुफा में किया गया था। इस बौद्ध परिषद की अध्यक्षता महाकस्सप ने की थी। द्वितीय बौद्ध संगीति का आयोजन कालाशोक के शासनकाल में बुद्ध की मृत्यु के 100 वर्ष बाद वैशाली में किया गया। इसकी अध्यक्षता सुबुकामी ने की थी। तृतीय बौद्ध संगीति मौर्य शासक अशोक के शासनकाल में पाटलिपुत्र में हुई थी। मोग्गलिपुत्त तिस्स इसके अध्यक्ष थे। चतुर्थ बौद्ध संगीति कनिष्क के शासनकाल में कुंडलवन (कश्मीर) में संपन्न हुई। इसके अध्यक्ष वसुमित्र एवं उपाध्यक्ष अश्वघोष थे।

25. महायान संबंधित है - [MTS (T-I) 10 अक्टूबर, 2017 (II-पाली)]

Correct Answer: (c) बौद्ध धर्म
Solution:महायान का संबंध बौद्ध धर्म से है। चौथी बौद्ध संगीति के पश्चात बौद्ध धर्म दो शाखाओं में बंट गया था। ये दो शाखाएं थी-महायान तथा हीनयान।

26. हीनयान स्कूल का सबसे महत्वपूर्ण काम कौन-सा है ? [MTS (T-I) 10 अक्टूबर, 2017 (I-पाली)]

Correct Answer: (b) महावस्तु
Solution:'महावस्तु' संस्कृत में लिखित बौद्ध ग्रंथ है, जिसमें बुद्ध के जीवन से संबंधित घटनाओं का विवरण मिलता है। यह हीनयानियों का एक महत्वपूर्ण ग्रंथ है।

27. "संघ" में रहने वाले बौद्ध भिक्षुओं के लिए बनाए गए नियम ..... नामक ग्रंथ में मिलते हैं । [MTS (T-I) 12 मई, 2023 (III-पाली)]

Correct Answer: (d) विनय पिटक
Solution:बौद्ध धर्म की पवित्र पुस्तक त्रिपिटक है। बुद्ध की मृत्यु के बाद उनकी शिक्षाओं को संकलित कर तीन भागों में बांटा गया, इन्हीं को त्रिपिटक कहते हैं। ये हैं-विनय पिटक (संघ संबंधी नियम तथा दैनिक जीवन संबंधी आचार की शिक्षाएं), सुत्त पिटक (बुद्ध के उपदेशों का संग्रह) तथा अभिधम्म पिटक (दार्शनिक सिद्धांत)।

28. त्रिपिटक ..... की पवित्र पुस्तकें है। [CHSL (T-I) 24 जनवरी, 2017 (1-पाली), CGL (T-I) 6 सितंबर, 2016 (I-पाली)]

Correct Answer: (c) बौद्ध धर्म
Solution:बौद्ध धर्म की पवित्र पुस्तक त्रिपिटक है। बुद्ध की मृत्यु के बाद उनकी शिक्षाओं को संकलित कर तीन भागों में बांटा गया, इन्हीं को त्रिपिटक कहते हैं। ये हैं-विनय पिटक (संघ संबंधी नियम तथा दैनिक जीवन संबंधी आचार की शिक्षाएं), सुत्त पिटक (बुद्ध के उपदेशों का संग्रह) तथा अभिधम्म पिटक (दार्शनिक सिद्धांत)।

29. ..... के लिए बनाए गए नियमों को 'विनय पिटक' नामक पुस्तक में लिखा गया था । [CGL (T-I) 18 अगस्त, 2021 (II-पाली)]

Correct Answer: (c) बौद्ध संघ
Solution:बौद्ध धर्म की पवित्र पुस्तक त्रिपिटक है। बुद्ध की मृत्यु के बाद उनकी शिक्षाओं को संकलित कर तीन भागों में बांटा गया, इन्हीं को त्रिपिटक कहते हैं। ये हैं-विनय पिटक (संघ संबंधी नियम तथा दैनिक जीवन संबंधी आचार की शिक्षाएं), सुत्त पिटक (बुद्ध के उपदेशों का संग्रह) तथा अभिधम्म पिटक (दार्शनिक सिद्धांत)।