भारतीय राजव्यवस्था एवं संविधान (रेलवे) भाग-II

Total Questions: 50

21. राष्ट्रध्वज और राष्ट्रगान का सम्मान करना है- [RRB RPF/RPSF S1 परीक्षा, 12.01.2019 (द्वितीय पाली)]

Correct Answer: (4) मौलिक कर्तव्य
Solution:

भारतीय संविधान में मौलिक कर्तव्य (Fundamental Duties) नागरिकों के नैतिक दायित्व हैं जो देश की एकता और अखंडता को बनाए रखने में मदद करते हैं। इन्हें 42वें संशोधन (1976) के माध्यम से संविधान के भाग IV-A (अनुच्छेद 51A) में जोड़ा गया था। वर्तमान में, नागरिकों के 11 मौलिक कर्तव्य हैं, जिन्हें पूर्व सोवियत संघ (अब रूस) के संविधान से प्रेरित होकर लिया गया है।

11 मौलिक कर्तव्य इस प्रकार हैं:
• संविधान का पालन: संविधान, आदर्शों, संस्थाओं, राष्ट्रध्वज और राष्ट्रगान का सम्मान करना।
• स्वतंत्रता संग्राम के आदर्श: स्वतंत्रता के लिए प्रेरित करने वाले उच्च आदर्शों को संजोना और पालन करना।
• संप्रभुता और एकता: भारत की संप्रभुता, एकता और अखंडता की रक्षा करना।
• देश की रक्षा: राष्ट्र की रक्षा और बुलाए जाने पर सेवा करना।
• भाईचारा: समरसता और समान भातृत्व (भाईचारे) की भावना को बढ़ावा देना और महिलाओं की गरिमा के विरुद्ध प्रथाओं का त्याग करना।
• सांस्कृतिक विरासत: सामासिक संस्कृति की गौरवशाली परंपरा का सम्मान और संरक्षण करना।
• पर्यावरण: वनों, झीलों, नदियों, वन्यजीवों सहित प्राकृतिक पर्यावरण की रक्षा और प्राणीमात्र के प्रति दया भाव रखना।
• वैज्ञानिक दृष्टिकोण: मानवतावाद और वैज्ञानिक सोच, ज्ञानार्जन तथा सुधार की भावना विकसित करना।
• सार्वजनिक संपत्ति: सार्वजनिक संपत्ति की सुरक्षा और हिंसा से दूर रहना।
• उत्कृष्टता: व्यक्तिगत और सामूहिक गतिविधियों में उत्कृष्टता के लिए प्रयास करना।
• शिक्षा: 6 से 14 वर्ष की आयु के बच्चों को शिक्षा के अवसर प्रदान करना (86वाँ संशोधन, 2002)।

22. मुफ्त और अनिवार्य शिक्षा भारत में किस आयु वर्ग के बच्चों के लिए सुनिश्चित की गई है? [RRB RPF/RPSF SI परीक्षा, 12.01.2019 (द्वितीय पाली)]

Correct Answer: (2) 6 से 14 वर्ष
Solution:

बच्चों को मुफ्त और अनिवार्य शिक्षा का अधिकार अधिनियम या शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTI) 4 अगस्त 2009 को लागू भारत की संसद का एक अधिनियम है, जो 6 से 14 वर्ष के बच्चों के लिए मुफ्त और अनिवार्य शिक्षा के महत्व के तौर-तरीकों का वर्णन करता है। यह संविधान के अनुच्छेद 21ए के अंतर्गत एक मौलिक अधिकार है, जिसके तहत प्राथमिक शिक्षा (कक्षा 1-8) पूरी करने तक शिक्षा निःशुल्क और अनिवार्य है।

23. भारतीय संविधान सभा ने राष्ट्रगान को कब मान्यता दी? [RRB RPF/RPSF SI परीक्षा, 12.01.2019 (द्वितीय पाली)]

Correct Answer: (2) 1950
Solution:

भारतीय राष्ट्रगान जन गण मन मूल रूप में बंगाली में भारत के पहले नोबेल पुरस्कार विजेता रवींद्रनाथ टैगोर द्वारा 11 दिसंबर 1911 को बनाया गया था। जन गण मन को 24 जनवरी 1950 को भारत की संविधान सभा द्वारा अधिकारिक रूप से भारत का राष्ट्रीयगान घोषित किया गया था।

• राष्ट्रीय प्रतीक (National Emblem): 26 जनवरी 1950 को अपनाया गया, जो सारनाथ के अशोक सिंह स्तंभ का रूपांतरण है।
• राष्ट्रीय ध्वज (National Flag): पिंगली वेंकैया द्वारा डिजाइन किया गया 'तिरंगा' 22 जुलाई 1947 को स्वीकार किया गया।
• राष्ट्रीय गीत (National Song): बंकिम चंद्र चटर्जी द्वारा रचित 'वन्दे मातरम्' को 24 जनवरी 1950 को राष्ट्रगान के समान दर्जा मिला।
• राष्ट्रीय पशु (National Animal): अप्रैल 1973 से बाघ (Panthera tigris) को राष्ट्रीय पशु घोषित किया गया।
• राष्ट्रीय पक्षी (National Bird): भारतीय मोर (Pavo cristatus) को 1963 में राष्ट्रीय पक्षी चुना गया।
• राष्ट्रीय पुष्प (National Flower): कमल (Nelumbo nucifera Gaertn) भारत का राष्ट्रीय फूल है।
• राष्ट्रीय मुद्रा (National Currency): भारतीय रुपया (₹) आधिकारिक मुद्रा है।

24. राज्य का नीति निर्देशक सिद्धांतों से क्या तात्पर्य है? [RRB RPF/RPSF SI परीक्षा, 12.01.2019 (द्वितीय पाली)]

Correct Answer: (2) राज्य द्वारा पालन किये जाने वाले सिद्धांत
Solution:

भारतीय संविधान का भाग IV हमारी राज्य नीति (DPSP) के निर्देशक सिद्धांतों से संबंधित है। डीपीएसपी हालांकि न्यायसंगत नहीं है, देश के शासन में मौलिक है और कानून बनाने में इन सिद्धातों को लागू करना राज्य का कर्तव्य है। ये बताते हैं कि राज्य लोगों के कल्याण को बढ़ावा देने और उनकी रक्षा करने का प्रयास करेगा। क्योंकि यह एक सामाजिक व्यवस्था है, जिसमें राष्ट्रीय जीवन के सभी संस्थानों में न्याय-सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक रूप से प्रभावी होगा।

नीति निर्देशक सिद्धांतों की मुख्य बातें:
• सामाजिक-आर्थिक न्याय: नागरिकों के लिए समान न्याय और मुफ्त कानूनी सहायता (अनुच्छेद 39A)।
• आजीविका के साधन: पुरुषों और महिलाओं के लिए समान काम के लिए समान वेतन और जीविकोपार्जन के साधन सुनिश्चित करना।
• कल्याणकारी उपाय: बच्चों के लिए स्वास्थ्य और विकास के अवसर, 14 वर्ष तक के बच्चों को निशुल्क शिक्षा (अनुच्छेद 45), और कमजोर वर्गों (SC/ST) के हितों की रक्षा।
• ग्राम पंचायत: ग्राम पंचायतों का गठन और उन्हें शक्ति प्रदान करना (अनुच्छेद 40)।
• काम करने का अधिकार: काम पाने, शिक्षा और बुढ़ापा/बीमारी में सहायता का अधिकार (अनुच्छेद 41)।
• समान नागरिक संहिता: पूरे देश के लिए समान नागरिक संहिता (UCC) को लागू करने का प्रयास (अनुच्छेद 44)।
• पर्यावरण और विरासत: पर्यावरण की रक्षा, वनों-वन्यजीवों की सुरक्षा (अनुच्छेद 48A) और स्मारकों का संरक्षण।
• अंतरराष्ट्रीय शांति: अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा को बढ़ावा देना (अनुच्छेद 51)।

25. किस अनुच्छेद के तहत भारत के उच्च न्यायालय रिट (आदेश) जारी कर सकते हैं? [RRB RPF/RPSF SI परीक्षा, 12.01.2019 (तृतीय पाली)]

Correct Answer: (3) अनुच्छेद 226
Solution:

अनुच्छेद 226 उच्च न्यायालयों को बंदी प्रत्यक्षीकरण, मैंडमस, निषेध, क्वान वारंटो और सर्टिफारी की प्रकृति में निर्देश, आदेश या रिट जारी करने का अधिकार देता है। मौलिक अधिकारों के प्रवर्तन या किसी अन्य उद्देश्य के लिए इस तरह के निर्देश, आदेश या रिट जारी किए जा सकते हैं।

रिट जारी करने की शक्ति का विवरण:
सर्वोच्च न्यायालय (Supreme Court - अनुच्छेद 32): मौलिक अधिकारों के उल्लंघन की स्थिति में पीड़ित व्यक्ति सीधे सर्वोच्च न्यायालय जा सकता है। इसे 'संविधान की आत्मा' कहा जाता है।
उच्च न्यायालय (High Court - अनुच्छेद 226): उच्च न्यायालय का रिट क्षेत्राधिकार व्यापक है। यह न केवल मौलिक अधिकारों, बल्कि कानूनी अधिकारों के प्रवर्तन के लिए भी रिट जारी कर सकता है।

रिट के प्रकार:
• बंदी प्रत्यक्षीकरण (Habeas Corpus): अवैध हिरासत के विरुद्ध।
• परमादेश (Mandamus): सार्वजनिक अधिकारियों को कर्तव्य पालन का आदेश।
• प्रतिषेध (Prohibition): निचली अदालत को क्षेत्राधिकार से बाहर जाने से रोकना।
• उत्प्रेषण (Certiorari): लंबित मामले को उच्च न्यायालय में स्थानांतरित करना या आदेश रद्द करना।
• अधिकार-पृच्छा (Quo-Warranto): अवैध रूप से सार्वजनिक पद ग्रहण करने वाले से सवाल करना।

26. मौलिक अधिकारों का उद्देश्य किस प्रकार का लोकतंत्र स्थापित करना है? [RRB RPF/RPSF SI परीक्षा, 12.01.2019 (तृतीय पाली]

Correct Answer: (4) उपर्युक्त सभी
Solution:

मौलिक अधिकारों का उद्देश्य समाज के सभी सदस्यों की समानता के आधार पर व्यक्तिगत स्वतंत्रता और लोकतांत्रिका सिद्धांतो का संरक्षण करना है, मौलिक अधिकारों के बिना, लोकतंत्र तानाशाही में बदल जाएगा।

भारतीय संविधान में 6 मौलिक अधिकार:
• समानता का अधिकार (अनुच्छेद 14-18): कानून के समक्ष समानता, भेदभाव का निषेध और अवसर की समानता।
• स्वतंत्रता का अधिकार (अनुच्छेद 19-22): भाषण, अभिव्यक्ति, सभा करने, घूमने, निवास करने और व्यवसाय करने की आजादी।
• शोषण के विरुद्ध अधिकार (अनुच्छेद 23-24): मानव तस्करी, बेगार (बंधुआ मजदूरी) और 14 वर्ष से कम उम्र के बच्चों से बाल श्रम पर रोक।
• धार्मिक स्वतंत्रता का अधिकार (अनुच्छेद 25-28): किसी भी धर्म को मानने, आचरण करने और प्रचार करने की स्वतंत्रता।
• सांस्कृतिक और शिक्षा संबंधी अधिकार (अनुच्छेद 29-30): अल्पसंख्यकों को अपनी भाषा, लिपि और संस्कृति को सुरक्षित रखने व शिक्षण संस्थान स्थापित करने का अधिकार।
• संवैधानिक उपचारों का अधिकार (अनुच्छेद 32): अधिकारों के उल्लंघन की स्थिति में सर्वोच्च न्यायालय या उच्च न्यायालय में जाने का अधिकार।

27. वर्तमान में केंद्रीय योजना "सांसद सदस्य स्थानीय क्षेत्र विकास योजना" (एमपीएलडी) के तहत मिलने वाली राशि कितनी है (रुपये में)? [RRB RPF/RPSF SI परीक्षा, 12.01.2019 (तृतीय पाली)]

Correct Answer: (3) 5 करोड़
Solution:

संसद के स्थानीय क्षेत्र विकास योजना (MPLADS) के सदस्य सांसदों को स्थानीय रूप से महसूस की गई जरूरतों के आधार पर टिकाऊ सामुदायिक संपति के निर्माण पर जोर देने के साथ विकासात्मक प्रकृति के कार्यों की सिफारिश करने के लिए सक्षम करने के लिए हैं। MPLADS भारत सरकार द्वारा पूरी तरह से वित्त पोषित एक योजना है। प्रति सांसद निर्वाचन क्षेत्र के लिए वार्षिक MPLADS फंड पात्रता रू 5 करोड़.

28. आंध्र प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम, 2014 के अनुसार हाल ही में किस राज्य की स्थापना की गयी? [RRB RPF/RPSF SI परीक्षा, 12.01.2019 (तृतीय पाली)]

Correct Answer: (4) तेलंगाना
Solution:

2 जून, 2014 को, तेलंगाना आंध्र प्रदेश के उत्तर-पश्चिमी हिस्से से अलग होकर भारत का 29वां राज्य बना, जिसकी राजधानी हैदराबाद है। इसके अन्य प्रमुख शहरों में वारंगल, निजामाबाद और करीमनगर शामिल हैं। तेलंगाना की सीमाएँ उत्तर में महाराष्ट्र, पूर्व में छत्तीसगढ़, पश्चिमी में कर्नाटक और पूर्व और दक्षिणी में आंध्र प्रदेश से लगती है।

29. राज्य के नीति निर्देशक सिद्धांतों के लक्ष्य क्या हैं? [RRB RPF/RPSF SI परीक्षा, 12.01.2019 (तृतीय पाली)]

Correct Answer: (4) सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक
Solution:

भारतीय संविधान का भाग IV राज्य नीति (DPSD) के निर्देशक सिद्धांतो से संबंधित है। इन सिद्धांतो का कहना है कि राज्य लोगों के कल्याण को बढ़ावा देने और उनकी रक्षा करने के लिए प्रभावी रूप से प्रयास करेगा क्योंकि यह एक सामाजिक व्यवस्था है जिसमें सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय हो सकता है, राष्ट्रीय जीवन के सभी संस्थानों को सूचित करेगा। ये सिद्धांत गैर-न्यायिक हैं, यानी इन्हें न्यायालयों द्वारा लागू नहीं कराया जा सकता, लेकिन कानून बनाते समय इनका पालन करना राज्य का कर्तव्य है।

प्रमुख नीति निदेशक सिद्धांत (अनुच्छेद 36-51):
• अनुच्छेद 38: सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय के साथ कल्याणकारी राज्य को बढ़ावा देना।
• अनुच्छेद 39: आजीविका के पर्याप्त साधन, लैंगिक समानता और धन के संकेंद्रण को रोकना।
• अनुच्छेद 39A: गरीबों के लिए समान न्याय और मुफ्त कानूनी सहायता।
• अनुच्छेद 40: ग्राम पंचायतों का संगठन।
• अनुच्छेद 41: काम, शिक्षा और लोक सहायता पाने का अधिकार।
• अनुच्छेद 43: श्रमिकों के लिए निर्वाह मजदूरी और कुटीर उद्योगों का विकास।
• अनुच्छेद 44: नागरिकों के लिए समान नागरिक संहिता (Uniform Civil Code)।
• अनुच्छेद 45: 6 वर्ष से कम आयु के बच्चों के लिए प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल और शिक्षा।
• अनुच्छेद 47: जीवन स्तर को ऊपर उठाना, सार्वजनिक स्वास्थ्य में सुधार और नशीले पदार्थों पर प्रतिबंध।
• अनुच्छेद 48: कृषि और पशुपालन का आधुनिकीकरण; गायों व बछड़ों के वध पर प्रतिबंध।
• अनुच्छेद 48A: पर्यावरण की रक्षा और सुधार तथा वनों/वन्यजीवों की सुरक्षा।
• अनुच्छेद 50: कार्यपालिका से न्यायपालिका का पृथक्करण।
• अनुच्छेद 51: अंतर्राष्ट्रीय शांति और सुरक्षा को बढ़ावा देना।

30. जन संपत्ति (पब्लिक पर्स) के संरक्षक के रूप में किसे जाना जाता है? [RRB RPF/RPSF SI परीक्षा, 12.01.2019 (तृतीय पाली)]

Correct Answer: (3) नियंत्रक और महालेखा परीक्षक
Solution:

भारत का संविधान भारत के नियंत्रक और महालेखा परीक्षक (CAG) के एक स्वतंत्र कार्यालय का प्रावधान करता है। वह भारतीय लेखा परीक्षा और लेखा विभाग के प्रमुख है। वह सार्वजनिक पर्स के संरक्षक हैं और केंद्र और राज्य दोनों स्तरों पर देश की संपूर्ण वित्तीय प्रणाली को नियंत्रित करते हैं।

संवैधानिक प्रावधान (अनुच्छेद 148-151):
• अनुच्छेद 148: भारत के नियंत्रक और महालेखा परीक्षक के पद का प्रावधान करता है।
• अनुच्छेद 149: CAG के कर्तव्यों और शक्तियों को परिभाषित करता है।
• अनुच्छेद 150: संघ और राज्यों के खातों के प्रारूप से संबंधित है।
• अनुच्छेद 151: CAG की ऑडिट रिपोर्टों को राष्ट्रपति को सौंपने का प्रावधान करता है।