भारत छोड़ो आंदोलन (UPPCS) (भाग – 1)

Total Questions: 50

21. बलदेव सहाय ने महाधिवक्ता के पद से त्यागपत्र कब दिया? [48th to 52nd B.P.S.C. (Pre) 2008]

Correct Answer: (a) 1942 में
Solution:भारत छोड़ो आंदोलन के प्रारंभ होते ही ऑपरेशन जीरो ऑवर के तहत सरकार द्वारा प्रमुख भारतीय नेताओं को गिरफ्तार कर लिया गया व दमन चक्र प्रारंभ कर दिया गया। सरकार की इन्हीं अत्याचारी नीतियों के विरुद्ध बलदेव सहाय ने वर्ष 1942 में ही महाधिवक्ता पद से त्यागपत्र दे दिया।

22. 1942 के भारत छोड़ो आंदोलन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सी एक टिप्पणी सत्य नहीं है? [I.A.S. (Pre) 2011]

Correct Answer: (a) यह आंदोलन अहिंसक था।
Solution:1942 का भारत छोड़ो आंदोलन निश्चयतः अहिंसक नहीं था। सरकारी आकलनों के अनुसार, इस आंदोलन के पहले हफ्ते में ही 250 रेलवे स्टेशन या तो नष्ट कर दिए गए या क्षतिग्रस्त हुए और 500 से ज्यादा डाकघरों तथा 150 थानों पर हमला हुआ। सत्ता पक्ष से तो दमन के लिए भारी हिंसा हुई ही थी। महात्मा गांधी ने स्वयं 1942 में जनता द्वारा की गई हिंसा की निंदा करने से इंकार कर दिया था। उनका कहना था कि यह सत्ता की बड़ी हिंसा का जवाब था। आंदोलन के पूर्व ही अधिकांश शीर्ष नेताओं की गिरफ्तारी के कारण यह आंदोलन एक प्रकार का स्वतः स्फूर्त आंदोलन बन गया।

23. भारत छोड़ो आंदोलन का नेतृत्व किया था- [45th B.P.S.C. (Pre) 2001]

Correct Answer: (c) महात्मा गांधी ने
Solution:भारत छोड़ो आंदोलन कांग्रेस द्वारा 9 अगस्त, 1942 में प्रारंभ किया गया था। तथापि आंदोलन के प्रारंभ के पूर्व ही गांधीजी एवं कांग्रेस के शीर्ष नेताओं को गिरफ्तार कर लिया गया और यह फिर देशभर में स्वतः स्फूर्त रूप में प्रसारित हुआ था। फिर भी इस आंदोलन को आरंभ करने की प्रेरणा गांधीजी ने दिया था। अतः दिए गए विकल्पों में विकल्प (c) प्रश्नानुसार अधिक सही उत्तर होगा।

24. "1942 के भारत छोड़ो आंदोलन" के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सत्य नहीं है? [U.P. R.O./A.R.O. (Re-Exam) (Pre) 2016]

Correct Answer: (c) यह एक अहिंसक आंदोलन था
Solution:8 अगस्त, 1942 की रात में ही अधिकांश नेताओं की गिरफ्तारी के कारण भारत छोड़ो आंदोलन एक स्वतः स्फूर्त आंदोलन बन गया। गांधीजी की गिरफ्तारी के कारण वे भी इसका नेतृत्व नहीं कर पाए थे। साथ ही इस आंदोलन में व्यापक हिंसा भी हुई थी। अतः यह आंदोलन अहिंसक नहीं था। आंदोलन की घोषणा के बाद ही कांग्रेस को एक गैर-कानूनी संस्था घोषित कर दिया गया था।

25. निम्नलिखित में से किन पार्टियों ने 'भारत छोड़ो आंदोलन' का समर्थन नहीं किया था? [U.P. Lower Sub. (Pre)2004]

Correct Answer: (d) उपर्युक्त सभी ने
Solution:हिंदू महासभा, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया, यूनियनिस्ट पार्टी (पंजाब) एवं मुस्लिम लीग ने 'भारत छोड़ो आंदोलन' का समर्थन नहीं किया था।

26. निम्नलिखित में से किसने 1942 में 'भारत छोड़ो प्रस्ताव' का समर्थन किया था? [U.P. Lower Sub.(Pre) 2009]

Correct Answer: (c) सरदार वल्लभभाई पटेल
Solution:8 अगस्त, 1942 को अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की बैठक में पं. जवाहरलाल नेहरू द्वारा 'भारत छोड़ो प्रस्ताव' पेश किया गया था, जिसका सरदार वल्लभभाई पटेल ने समर्थन किया था।

27. वर्ष 1942 में कांग्रेस के बंबई अधिवेशन में किसके द्वारा 'भारत छोड़ो' प्रस्ताव प्रस्तावित किया गया था? [U.P. P.C.S. (Pre) 2013]

Correct Answer: (a) जवाहरलाल नेहरू
Solution:8 अगस्त, 1942 को अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की बैठक में पं. जवाहरलाल नेहरू द्वारा 'भारत छोड़ो प्रस्ताव' पेश किया गया था, जिसका सरदार वल्लभभाई पटेल ने समर्थन किया था।

28. 'भारत छोड़ो' प्रस्ताव का आलेख बनाया था- [Uttarakhand P.C.S. (Pre) 2002]

Correct Answer: (b) महात्मा गांधी ने
Solution:'भारत छोड़ो' प्रस्ताव का आलेख स्वयं महात्मा गांधी ने जवाहरलाल नेहरू और अबुल कलाम आजाद के सहयोग से बनाया था।

29. 'भारत छोड़ो' का नारा किसने दिया था? [M.P.P.C.S. (Pre) 2018]

Correct Answer: (c) यूसुफ मेहर अली
Solution:भारत छोड़ो (Quit India) तथा करो या मरो (Do or Die) का नारा यूसुफ मेहर अली ने दिया था।

30. जब भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने 'भारत छोड़ो' आंदोलन प्रस्ताव पारित किया, कांग्रेस अध्यक्ष कौन था? [U.P. P.C.S. (Pre)1996]

Correct Answer: (b) मौलाना अबुल कलाम आजाद
Solution:कांग्रेस द्वारा 'भारत छोड़ो' आंदोलन का प्रस्ताव पारित करते समय कांग्रेस अध्यक्ष मौलाना अबुल कलाम आजाद थे। उल्लेखनीय है कि वे वर्ष 1940 के रामगढ़ अधिवेशन में कांग्रेस अध्यक्ष बने थे तथा वर्ष 1941-45 के मध्य पांच वर्षों तक कांग्रेस का कोई वार्षिक अधिवेशन न हो सका, इन 6 वर्षों में अबुल कलाम आजाद कांग्रेस के अध्यक्ष बने रहे। वे स्वतंत्रता-पूर्व भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के सबसे लंबे समय तक और सबसे नाजुक दौर में अध्यक्ष रहे।