मात्रक/इकाई (भौतिक विज्ञान)

Total Questions: 15

11. भौतिकी प्रयोगशाला में विद्यार्थियों को किसी परिपथ में विद्युत धारा की मात्रा मापने के लिए कहा गया है। उन्हें किस डिवाइस का उपयोग करना चाहिए? [दिल्ली पुलिस कांस्टेबिल 30 नवंबर, 2023 (II-पाली)]

Correct Answer: (a) एमीटर
Solution:
  • किसी परिपथ में विद्युत धारा की मात्रा को मापने के लिए एमीटर का प्रयोग किया जाता है।
  • एमीटर का आंतरिक प्रतिरोध अति निम्न होता है तथा इसे परिपथ के श्रेणी क्रम में संयोजित किया जाता है।\
  • डिवाइस का नाम और उद्देश्य
    • ऐमीटर (Ammeter/Amperemeter): यह वह उपकरण है जिसे विद्युत धारा की मात्रा मापने के लिए परिपथ में seri-लीन (series) रूप में जोड़ा जाता है
    • ताकि संपूर्ण धारा ड्रेने के माध्यम से होकर प्रवाहित हो सके और धारा का माप उसी धारा (ampere) में किया जा सके.​
  • क्यों series में जोड़ा जाता है
    • धारा एक समान रहती है, इसलिए ऐमीटर को परिपथ के भीतर ही लगाना चाहिए ताकि पूरे परिपथ से होकर वही धारा गुजरे और मापा जाए।
    • इस वजह से ऐमीटर का internal resistance कम या उच्च नहीं होता
    • यह धारा के वास्तविक मान के सही मापन के लिए जरूरी है, और अतः सीधे परिपथ के साथ seri-leden में जोड़ा जाता है.​
  • मापी जाने वाली इकाई
    • धारा की मात्रा ampere (A) में मापी जाती है। 1 ampere वह धारा है
    • जिसमें हर सेकंड में 1 coulomb आवेश प्रवाहित होता है। इस कारण धारा मापने के लिए अमीटर ही उपयोग में लिया जाता है.​
  • व्यवहारिक उपयोग के कुछ पक्ष
    • प्रयोगशाला में धारा को बहुत छोटे मानों पर मापने के लिए कभी-कभी संवेदनशील उपकरणों की आवश्यकता होती है:
    • गैलीनॉमीटर जैसी संवेदनशील डिवाइस छोटे धारा के संकेत मापने के लिए कभी-कभी उपयोग में आते हैं
    • सामान्य परिपथ धारा माप के लिए प्राथमिक डिवाइस ऐमीटर होता है.​
    • डिजिटल मल्टीमीटर (DMM) या डिजिटल एमीटर भी अक्सर छोटे/सूक्ष्म धारा के माप के लिए प्रयुक्त होते हैं
    • खासकर छात्र प्रयोगों में जहां बहु-परिक्षण एक साथ चाहिए होते हैं.​
  • अन्य संबंधित यंत्र
    • वोल्टमीटर: परिपथ के दो बिंदुओं के बीच विभवांतर मापने के लिए होता है, न कि धारा मापने के लिए। धारा मापन के लिए नहीं बजाया जाता है
    • आप समानांतर माप कर रहे हों, जो सामान्य अभ्यास नहीं है.​
    • गैल्वेनोमीटर: संवेदनशील उपकरण जो बहुत छोटी धारा का संकेत देता है; किसी-किसी विशिष्ट प्रयोग में माइक्रोस्टेप के लिए इस्तेमाल हो सकता है
    • सामान्य विद्युत धारा माप के लिए प्राथमिक उपकरण ऐमीटर ही माना जाता है.​
  • क्यों पूछे जाने वाले प्रश्न का उत्तर सीधे है
    • विद्यार्थियों को किसी परिपथ में विद्युत धारा की मात्रा मापने के लिए “एमीटर” ही सबसे मानक और व्यापक रूप से प्रयुक्त उपकरण है।
    • यह धारा को ampere में मापता है और परिपथ में series तरीके से लगाया जाता है ताकि पूरा परिपथ उसी धारा से प्रवाहित हो सके.​
  • रिफरेंस और आगे बढ़ने के सुझाव
    • यदि कक्षा के अनुभव के लिए एक विस्तृत प्रयोग योजना चाहिए, तो निम्न स्टेप्स अपनाएं:
    • परिपथ को बंद करें और धारा प्रवाह की सीमा নির্ধारित करें।
    • ऐमीटर को सीधे परिपथ के भीतर seri-में जोड़ें ताकि धारा पूर्ण परिपथ से होकर जाए।
    • उपकरण के सेटिंग/स्केल को मापी जा रही धारा के अनुमानित मान के अनुरूप चुनें (जैसे mA या A)।
    • माप समाप्ति पर सुधार के लिए धारा के मान के साथ यूनिट A में परिणाम रिकॉर्ड करें।
    • सुरक्षा सावधानियाँ: कम वोल्टेज/कम धारा प्रयोग करें, और उपकरण के फ्रेम/शॉर्ट सर्किट से बचें।
  • उद्धरण
    • परिपथे में सही मापन के लिए ऐमीटर का series-portfolio और धारा मापन का आधार स्पष्ट है.​
    • ऐमीटर ही सामान्यतः धारा को मापने का प्राथमिक उपकरण है, जबकि गैल्वेनोमीटर जैसी संवेदनशील मीटिंग विकल्प भी मौजूद हैं.​

12. एक गैर-एस.आई. (non-SI) इकाई जिसे 'निट' (nit) कहा जाता है, निम्नलिखित में से किस प्रकाशमिति राशि की इकाई है, जिसका उपयोग प्रकाश की तीव्रता की बहुलता को मापने के लिए किया जाता है? [CGL (T-I) 18 जुलाई, 2023 (III-पाली)]

Correct Answer: (b) ज्योतिर्मयता (ल्यूमिनेंस)
Solution:
  • एक गैर-एस.आई. (non-SI) इकाई जिसे 'निट' (nit) कहा जाता है
  • प्रकाशमिति राशि ज्योतिर्मयता (ल्यूमिनेंस) की इकाई है। इसका उपयोग प्रकाश की तीव्रता की बहुलता को मापने के लिए किया जाता है।
  • ज्योतिर्मयता, उस प्रकाश का वर्णन करती है जो किसी वस्तु से उत्सर्जित या परावर्तित होती है।
  • परिभाषा और उपयोग
    • निट एक non-SI इकाई है जिसका मुख्य उपयोग सतह या दृश्य जलविलेपन पर स्पष्ट रोशनी की मात्रा को मापने के लिए किया जाता है।
    • यह दर्शाता है कि किसी सतह पर कितनी रोशनी प्रति क्षेत्र क्षेत्र इकाइयां (m²) के प्रति यूनिट समय में प्राप्त होती है
    • इसे सतह की ब्राइटनेस के रूप में भी समझा जा सकता है। [एक्सप्लिकेशन: डिस्प्ले ब्राइटनेस, स्क्रीन पैनल समीक्षा, रोशनी-उत्पादन आदि]​
  • निट बनाम SI इकाई
    • SI इकाई ज्योति तीव्रता (luminous intensity) के लिए कैन्डेला है, जो स्रोत की रोशनी की तीव्रता को मापती है
    • जबकि nits अधिकतर प्रति क्षेत्र मापा गया ल्यूमिनस फील्ड का मान है, जैसे कि किसी सतह की चमक।
    • इस प्रकार, nits को अक्सर cd/m² में व्यक्त किया जाता है, जो ल्यूमिनस फ्लक्स को क्षेत्रफल से विभाजित करके पाई जाने वाली इकाई है।​
  • वास्तविक उपयोग उदाहरण
    • डिस्प्ले ब्राइटनेस जैसे मानक पर, स्क्रीन की brillo (bright) लेवल nits में मापा जाता है
    • अत्यधिक उजाला वाले मॉनिटर या HDR डिस्प्ले में यह मान 400–1000+ cd/m² तक जा सकता है।
    • यही कारण है कि गेमिंग मॉनिटरों और टीवी पैनलों में nits एक प्रमुख मापक है।​
    • प्रकाश मापन के वैज्ञानिक सेटअप में, सतह की luminance L (cd/m²) को nits के समान माना जा सकता है
    • क्योंकि 1 nit = 1 cd/m² के बराबर होता है जब संदर्भ नियंत्रित सतह पर मापा जाए।​
  • संक्षिप्त तुलना
    • निट (nit): सतह की ब्राइटनेस या luminance माप; प्रति क्षेत्र प्रकाश की तीव्रता का प्रतिनिधित्व करता है
    • उपयोग- डिस्प्ले ब्राइटनेस, विज़ुअल QoE आदि।
    • कैन्डेला (cd): SI इकाई जो स्रोत की रोशनी की तीव्रता को मापती है (luminous intensity)।
    • cd/m²: सतह की luminance माप; वास्तविक प्रकाश की धारणा को दर्शाता है; आमतौर पर nits के समानार्थी माना जाता है।
  • लोकप्रिय गलतफहमी
    • कई लोग nits और candela को समान मान लेते हैं, पर वे समान मेट्रिक्स नहीं हैं: candela स्रोत की तीव्रता है
    • जबकि nit cd/m² सतह की brightness है। यह भिन्नता समझना महत्वपूर्ण है ताकि उपकरणों की प्रदर्शन क्षमताओं की सही तुलना की जा सके।​
  • संदर्भ और स्रोत
    • nits ब्राइटनेस की परिक्रमा में सतह के luminance के रूप में व्याख्यायित होता है
    • यह मुस्किल से-कभी-कभी "ज्योतिर्मयता" के साथ भ्रमित हो सकता है; सही संदर्भ में इसे cd/m² के रूप में भी पढ़ना उचित है।​
    • कैन्डेल सिद्धांत से, luminous intensity SI मेट्रिक है; परंतु वास्तविक दृश्य brightness के लिए cd/m² (या nits) अधिक उपयोगी हैं।​

13. इन सूचीबद्ध भौतिक राशियों में से सदिश राशि की पहचान कीजिए ? [MTS (T-I) 14 सितंबर, 2023 (I-पाली)]

Correct Answer: (d) गुरुत्वाकर्षण तीव्रता
Solution:
  • विकल्पों में दी गई सूचीबद्ध भौतिक राशियों में से गुरुत्वाकर्षण तीव्रता सदिश राशि की पहचान को व्यक्त करता है।
  • किसी गुरुत्वीय क्षेत्र में स्थित एकांक द्रव्यमान के पिंड पर लगने वाले गुरुत्वाकर्षण बल के मान को उस बिंदु पर गुरुत्वीय क्षेत्र की तीव्रता से परिभाषित किया जाता है।
  • सदिश राशियाँ क्या हैं
    • परिमाण (स्केलर) और दिशा दोनों होती है.
    • सदिश राशियों के गुण–धर्म: जोड़-घटाव, गुणा-इत्यादि में दिशा की भी गणना आवश्यक होती है; वेग , बल , संवेग  आदि इनके प्रमुख उदाहरण हैं.
    • उनका तुलना और गणना कैसी होती है: वे गुणा–विभाजन और नियम (जोड़ना, घटाना) वेक्टर स्टॉक्स के अनुसार होता है
    • जिसमें दिशा और मात्रा दोनों शामिल रहते हैं।
  • सदिश राशियों के प्रमुख उदाहरण
    • वेग (velocity)
    • बल (force)
    • संवेग (momentum)
    • विस्थापन (displacement)
    • कोणीय वेग (angular velocity)
    • कोणीय त्वरन (angular acceleration)
    • गुरुत्वाकर्षण जैसी क्षेत्रीय तीव्रताएँ अगर एक दिशा-परिमाण के साथ होते हैं (उदा., एक पंक्ति में काम करने वाला चक्र-व्यूह)
  • अदिश राशियाँ क्या हैं
    • केवल परिमाण होती है, दिशा नहीं.
    • उदाहरण: द्रव्यमान (mass), आयतन (volume), समय (time), दूरी (distance), ताप (temperature), ऊर्जा (energy) आदि।
  • भिन्नताओं का सार
    • वेग, बल, संवेग आदि सदिश राशियाँ हैं; दूरी, द्रव्यमान, आयतन आदि अदिश राशियाँ हैं.​
    • समझाने के लिए एक सरल संदर्भ: अगर दो वेग5 एक-दूसरे के साथ जोड़े जाते हैं
    • तो दिशा जैसी चीजें भी मिलती हैं; जबकि द्रव्यमान जैसी राशि केवल आकारवान परिमाण है और उसकी दिशा नहीं बदलती.​
  • सामान्य परीक्षण में पहचान कैसे करें
    • यदि किसी राशि के साथ दिशा (उदा., दिक्री, दिशा संकेत) का उल्लेख है या वेक्टर गुण (जोड़ना-घटाना) लागू होते हैं, तब वह सदिश है.
    • जो राशियाँ केवल संख्या जैसे 5 kg, 2 m³, 10 s आदि दिखाती हैं, वे अदिश हैं।
  • तुलनात्मक संक्षेप
    • सदिश राशियाँ: वेग, बल, संवेग, विस्थापन, कोणीय आवृत्ति आदि.
    • अदिश राशियाँ: द्रव्यमान, आयतन, ताप, समय, दूरी आदि.

14. निम्नलिखित में से माप की कौन-सी एक इकाई है जो ब्रह्मांड के विस्तार की दर की व्याख्या करती है? [CHSL (T-I) 21 मार्च, 2023 (I-पाली)]

Correct Answer: (b) हबल नियतांक
Solution:
  • ब्रह्मांड के विस्तार की दर की व्याख्या हबल नियतांक द्वारा की जाती है।
  • हबल नियतांक को v = H₀D समीकरण की सहायता से व्यक्त किया जाता है। जहाँ—
  • v = आकाशगंगा का वेग
  • D = आकाशगंगा की दूरी
  • H₀ = हबल नियतांक
  • यदि दूरी मीटर में है और गति प्रति सेकंड में है, तो हबल नियतांक लगभग 2.3 × 10⁻¹⁸ s⁻¹ होगा।
  • मूल परिभाषा और महत्व
    • यह दूरी और समय के अनुरुप ब्रह्मांड के विस्तार की वर्तमान दर है।
    • यह बताती है कि दूरी d पर स्थित वस्तु जो अपनी स्पीड v से अलग दूरी तय कर रही है, v ≈ H0 × d के अनुसार बढ़ती है.​
    • यह सीधे एक अस्थिर SI इकाई नहीं है बल्कि एक परिमिती है
    • जो दूरी के साथ समय-निर्दिष्ट रफ्तार के अनुपात को दर्शाती है.​
  • क्यों इसे एक इकाई में देखना कठिन है
    • क्योंकि इसे दूरी के माप (Mpc) और गति (km/s) के बीच के अनुपात के रूप में व्यक्त किया जाता है
    • इस वजह से H0 की इकाई km/s/Mpc के रूप में सामान्यीकृत जाती है.​
  • आम प्रचलित इकाइयाँ
    • सबसे सामान्य रूप जिसमें H0 व्यक्त किया जाता है। इसका मतलब है
    • अगर किसी वस्तु की दूरी 1 मेगापारसेक पर हो, तो उसकी recessional velocity कितनी होगी, यह H0×d के समान होता है.
    • कुछ विश्लेषणों में s⁻¹ (एक सेकंड में घटती दूरी) या अन्य रूपों में भी प्रयुक्त हो सकता है
    • लेकिन एख स्थिति में मानक मान km/s/Mpc ही अधिक प्रचलित है.​
  • एक और स्पष्ट बिंदु
    • ब्रह्मांड की आयु और विस्तार दर के बीच संबंध
    • ब्रह्मांड की आयु और उसके विस्तार की इतिहास का आकलन FLRW मीट्रिक के माध्यम से किया जाता है
    • जिसमें H0 एक प्रमुख फैक्टर होता है
    • यह सीधे दूसरी इकाइयों में “एक माप की इकाई” के रूप में नहीं दिया जाता बल्कि एक स्पीड-डिस्टेन्स अनुपात के रूप में प्रस्तुत होता है.​
  • स्पष्ट उत्तर
    • माप की कौन-सी इकाई है जो ब्रह्मांड के विस्तार की दर को बताती है? इस प्रश्न का उत्तर हबल कॉन्स्टेंट है
    • जो सामान्यतः km/s/Mpc में व्यक्त की जाती है और दूरी-समय के अनुपात के रूप में विस्तार की current rate बताती है.​
  • नोट्स और संदर्भ
    • H0 ब्रह्मांड के विस्तार की वर्तमान दर है और इसे सामान्यीकृत इकाई km/s/Mpc में दर्शाया जाता है.​
    • FLRW मॉडल और ब्रह्मांडीय विस्तार की गणनाओं में H0 केंद्रीय भूमिका निभाता है, लेकिन यह एक स्थिर SI-आधारित इकाई नहीं है
    • इसे कॉस्मोलॉजिकल मॉडल के अनुसार मानकीकृत किलोमीटर/सेकंड/मेगापारसेक के रूप में पढ़ा जाता है.​

15. प्रकाश की तरंगदैर्ध्य को मापने की इकाई क्या है? [MTS (T-I) 12 अक्टूबर, 2021 (II-पाली)]

Correct Answer: (b) एंग्स्ट्रॉम
Solution:
  • प्रकाश की तरंग दैर्ध्य मापन की इकाई एंग्स्ट्रॉम होती है।
    1 Å = 10⁻¹⁰ मीटर है।
  • मूल परिभाषा
    • तरंगदैर्ध्य को ग्रीक अक्षर λ (लैम्ब्डा) से निरूपित किया जाता है। यह प्रकाश तरंगों की एक महत्वपूर्ण विशेषता है
    • जो उनके रंग, ऊर्जा और व्यवहार को निर्धारित करती है। प्रकाश तरंगदैर्ध्य का सूत्र v = fλ है
    • जहाँ v तरंग का वेग (प्रकाश के लिए 3×10^8 m/s), f आवृत्ति और λ तरंगदैर्ध्य है ।
    • दृश्य प्रकाश की तरंगदैर्ध्य लगभग 400 nm (बैंगनी) से 700 nm (लाल) तक होती है ।​
  • SI इकाई और विवरण
    • मीटर (m): अंतर्राष्ट्रीय इकाई प्रणाली (SI) में तरंगदैर्ध्य की मूल इकाई मीटर है
    • क्योंकि यह दूरी मापती है। हालांकि, प्रकाश की तरंगदैर्ध्य बहुत छोटी (10^-9 मीटर क्रम की) होने से व्यावहारिक उपयोग में इसे बड़े उपसर्गों के साथ लिखा जाता है ।​
  • मापन विधियाँ
    • प्रकाश की तरंगदैर्ध्य मापने के लिए हस्तक्षेप (interference) सिद्धांतों का उपयोग होता है
    • जैसे यंग का डबल स्लिट प्रयोग या व्यतिकरण ग्रेटिंग।
    • आधुनिक उपकरण जैसे स्पेक्ट्रोमीटर nm या Å में सीधे मान देते हैं।
    • उदाहरण: सोडियम प्रकाश की तरंगदैर्ध्य लगभग 589 nm (5893 Å) है ।​
  • विद्युतचुंबकीय स्पेक्ट्रम में भूमिका
    • दृश्य प्रकाश: 380-750 nm।
    • पराबैंगनी (UV): 10-400 nm।
    • अवरक्त (IR): 700 nm से 1 mm।
    • X-किरणें: 0.01-10 nm।
    • तरंगदैर्ध्य जितनी कम, आवृत्ति और ऊर्जा उतनी अधिक (E = hc/λ) ।​
  • ऐतिहासिक संदर्भ
    • तरंगदैर्ध्य की अवधारणा जेम्स क्लर्क मैक्सवेल और हाइजेंस के कार्यों से विकसित हुई।
    • 1905 में ऐंगस्ट्रॉम स्केल स्थापित हुआ। आधुनिक SI प्रणाली में nm को प्राथमिकता दी जाती है क्योंकि यह दशमलव-मैत्रीपूर्ण है ।​