Correct Answer: (c) गैर-कानूनी तरीके से हिरासत में लिए गए व्यक्ति
Solution:- बंदी प्रत्यक्षीकरण (Habeas Corpus) न्यायालय द्वारा जारी वह आज्ञापत्र है
- जो निम्नलिखित में से गैर-कानूनी तरीके से हिरासत में लिए गए व्यक्ति को न्यायालय के समक्ष लाने के लिए होता है।
- इस रिट का शाब्दिक अर्थ है "आपके पास शरीर होना चाहिए"।
- यह गैर-कानूनी निरोध से स्वतंत्रता का सबसे मजबूत बचाव है
- यह राज्य (कार्यकारी) और निजी व्यक्तियों दोनों के विरुद्ध जारी की जा सकती है।
- परिचय और उद्देश्य
- Habeas Corpus शब्द लैटिन है जिसका अर्थ है “शरीर को लेकर आना”।
- यह रिट न्यायालय के अनुरोध पर हिरासत में लिए गए व्यक्ति की वैध हिरासत की जांच के लिए किया जाता है।
- इसका मूल उद्देश्य भारतीय संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत生命 और प्रतिष्ठा से जुड़ी व्यक्तिगत स्वतंत्रता की सुरक्षा करना है
- न्याय प्रक्रिया के दायरे के भीतर हिरासत के वैधानिक आधार की पुष्टि करना है।
- किसके लिए जारी किया जाता है
- यह रिट किसी ऐसे व्यक्ति के विरुद्ध जारी किया जा सकता है जिसने किसी अन्य व्यक्ति को हिरासत में लिया haya है
- ताकि हिरासत में लिए गए व्यक्ति को अदालत में लाकर उसकी हिरासत के वैध कारणों की जाँच हो सके।
- दायरे में निजी व्यक्ति (जैसे परिवार, मित्र, या निजी संगठन) और सरकारी अधिकारी दोनों आ सकते हैं
- जब किसी व्यक्ति को गैरकानूनी हिरासत में रखा गया हो।
- न्यायालय द्वारा कब जारी होता है
- अदालत उस स्थिति में Habeas Corpus जारी करती है जब हिरासत के कारणों की वैधता पर संदेह हो या हिरासत कानूनन समर्थ नहीं हो
- ताकि हिरासत पर असलियत और वैधता की जाँच हो सके।
- रिट का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि हिरासत के किसी भी कदम में मौलिक अधिकारों का उल्लंघन न हो और यदि हिरासत अंतत
- अवैध हो, तो उसे तुरंत समाप्त किया जा सके।
- प्रक्रिया और प्रभाव
- Habeas Corpus की रिट दाखिल होने पर अदालती प्रक्रिया शुरू होती है जिसमें हिरासतधारक को अदालत के समक्ष पेश किया जाता है
- हिरासत के वैध कारण, कानूनी अधिकारों की पूर्णता आदि पर सवाल उठाए जा सकते हैं।
- यह रिट त्वरित, सरल और सक्रीय सुरक्षा उपाय है
- जो कि न्यायपालिका की कड़ी निगरानी में व्यक्तिगत स्वतंत्रता की सुरक्षा सुनिश्चित करती है।
- Habeas Corpus बनाम अन्य रिट्स
- यह रिट विशेष रूप से व्यक्तिगत हिरासत की वैधता पर केंद्रित है
- अन्य writs जैसे Mandamus, Certiorari आदि अलग उद्देश्यों के लिए होते हैं
- (जैसे प्रशासनिक कार्यों की निगरानी या न्यायालय द्वारा उच्चतर स्तर के निर्णयों की समीक्षा)।
- लोकप्रिय पुनर्प्रयोग और महत्व
- कई नागरिक अधिकारों के संदर्भ में Habeas Corpus को “Great Writ” के रूप में भी जाना जाता है
- क्योंकि यह व्यक्तिगत स्वतंत्रता की सुरक्षा के लिए एक मजबूत कानूनी उपकरण है।
- UPSC/IAS जैसी परीक्षा के लिए भी यह एक प्रमुख सिद्धांत है
- कानून की अंतर्निहित संरचना में बार-बार पूछे जाने वाले विषयों में से एक है।
- नोट्स और अतिरिक्त संदर्भ
- Habeas Corpus के बारे में वैधानिक परिभाषाओं, दायरे और केस-उदाहरणों के लिए प्रस्तुत स्रोतों में हिंदी संदर्भ भी उपलब्ध हैं
- इनमें LiveLaw, Testbook और Hastakshep जैसी साइटें उपयोगी विश्लेषण देती हैं ।