यूजीसी NTA नेट/ जेआरएफ परीक्षा, जून 2020 योग (YOGA)Total Questions: 10051. दोनों घुटनों को मोड़कर, एक एड़ी को जननांगों एवं गुदा के मध्य रख एवं दूसरी एड़ी को पहली एड़ी पर रखकर, स्थिर स्थिति में शरीर को सीधा रखने की दशा कहलाती है-(a) पद्मासन(b) सुखासन(c) स्वस्तिकासन(d) सिद्धासनCorrect Answer: (d) सिद्धासनSolution:दोनों घुटनों को मोड़कर एक एड़ी को जननांगो एवं मुद्रा के मध्य रख एवं दूसरी एड़ी को पहली एड़ी पर रखकर स्थिर स्थिति में शरीर को सीधा रखने की दशा कहलाती है - सिद्धासन पद्मासन: जमीन पर बैठकर बायें पैर की एड़ी को दाई जंघा पर इस प्रकार रखते हैं कि एड़ी नाभि के पास आ जाये इसके बाद दायें पाव को उठाकर बाईं जंघा पर इस प्रकार रखें कि दोनों एड़ियां नाभि के पास आपस से मिल जायं ।• हाथों को ज्ञानमुद्रा में घुटनो के ऊपर रखें • रीढ़ की हड्डी को सीधा रखें • धीरे-धीरे साँस लें और धीरे-धीरे साँस छोड़ें52. मनोन्मनी की स्थिति में, प्राण किस नाड़ी में बहता है?(a) इड़ा नाड़ी(b) पिंगला नाड़ी(c) सुषुम्ना नाड़ी(d) इड़ा एवं सुषुम्ना नाड़ीCorrect Answer: (c) सुषुम्ना नाड़ीSolution:मनोन्मनी की स्थिति में, प्राण सुषुम्ना नाड़ी में बहता है। सुषुम्ना नाड़ी - मेरुदण्ड के आश्रय में रहने तथा कशेरुकाओं के बीच से गुजरने वाली नाड़ी सुषुम्ना नाड़ी है।इड़ा नाडी - मेरुदंड के सहारे से, परन्तु बाहर से ही दाहिनी ओर से 'सूर्य नाड़ी' इड़ा नाड़ी तथा बाईं ओर से पिंगला नाड़ी गुजरती हुई मूलाधार तक आती है।53. स्वात्माराम के अनुसार, वस्त्रधौति में कपड़े की चौड़ाई क्या होती है?(a) एक अंगुल(b) दो अंगुल(c) तीन अंगुल(d) चार अंगुलCorrect Answer: (d) चार अंगुलSolution:स्वात्माराम के अनुसार वस्त्रधौति में कपड़े की चौड़ाई चार अंगुल होती है।54. योगसूत्र के अनुसार अविद्या से उत्पन्न होने वाले क्लेश हैं-A. अस्मिता B. द्वेष C. राग D. अहंकार E. क्रोधनीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए :(a) केवल A, D, E(b) केवल A, B, C(c) केवल A, C, D(d) केवल B, D, ECorrect Answer: (b) केवल A, B, CSolution:योग सूत्र के अनुसार अविधा से उत्पन्न होने वाले क्लेश निम्नलिखित हैं - अस्मिता, द्वेष, राग। 'अविधास्मिताः राग द्वेषाभिनिवेशाः क्लेशः' अर्थात अविद्या, अस्मिता, राग, द्वेष, अभिनिवेशाः ये सभी क्लेश हैं।55. निम्नलिखित में से कौन से अभ्यास षट्सम्पत्ति से संबधित हैं?A. वैराग्य B. शम C. दम D. समाधान E. मुमुक्षत्वनीचे दिये गये विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए:(a) केवल A, B, C(b) केवल A,C, D(c) केवल B, C, D(d) केवल D, E, ACorrect Answer: (c) केवल B, C, DSolution:अभ्यास षट्सम्पत्ति से सम्बंधित निम्नलिखित हैं - (1) शम (2) दम (3) समाधान56. निम्नलिखित में से क्या श्रीकृष्ण के अनुसार, योग के माध्यम से दुःखों का निवारण करता है?A. युक्त निद्रा B. युक्त कर्म C. युक्त आहार D. युक्त शिक्षा E. युक्त बिहारनीचे दिये गये विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए:(a) केवल A, B, C, D(b) केवल A, B, D, E(c) केवल A, B, C, E(d) केवल A, B, D, CCorrect Answer: (c) केवल A, B, C, ESolution:युक्तनिद्रा, युक्तकर्म, युक्त आहार, श्रीकृष्ण के अनुसार योग के माध्यम से दुःखों का निवारण करता है।57. ईशावास्योपनिषद् के अनुसार किसकी उपासना से साधक अन्धकार में घिर जाता है?A. मात्र विद्या की B. मात्र अविद्या की C. विद्या और अविद्या दोनों की D. न अविद्या और न विद्या कीनीचे दिये गये विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए:(a) केवल A और B(b) केवल A और C(c) केवल A और D(d) केवल B और DCorrect Answer: (a) केवल A और BSolution:ईशावास्योपनिषद के अनुसार "मात्र विघा की तथा मात्र अविधा की उपासना से साधक अन्धकार में घिर जाता है। इस उपनिषद में एक साथ विघा तथा अविधा दोनों की उपासना को वर्जित किया गया है।58. त्रिशिखिब्राह्मण उपनिषद् के अनुसार मानव शरीर में प्राणवायु के प्रधान निवास स्थान हैं-A. पैर के अंगूठे B. घुटनें C. जंघायें D. नाभि मण्डल E. हृदयनीचे दिये गये विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए:(a) केवल A, B और C(b) केवल A, C और D(c) केवल A, D और E(d) केवल B, C और DCorrect Answer: (c) केवल A, D और ESolution:त्रिशिखिब्राहमण उपनिषद के अनुसार मानव शरीर में प्राणवायु के प्रधान निवास स्थान निम्नलिखित हैं - (1) पैर के अंगूठे (2) नाभि मण्डल (3) हृदय59. श्वेताश्वत उपनिषद् के अनुसार पंचमहाभूत के सम्यक उत्थान से संभव हैA. रोग रहित अवस्था B. जरा रहित अवस्था C. अकाल मृत्यु न होना D. चन्द्रमा का प्राकट्य E. सूर्य का आभासनीचे दिये गये विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए:(a) केवल (a), (b) और (c)(b) केवल (a), (b) और (d)(c) केवल (a), (b)और (e)(d) केवल (b), (d) और (e)Correct Answer: (a) केवल (a), (b) और (c)Solution:श्वेताश्वत उपनिषद के अनुसार पंचमहाभूत के सम्यक उत्थान से सम्भव है -(1) रोग रहित अवस्था (2) जरा रहित अवस्था (3) अकाल मृत्यु न होना60. निम्नलिखित में से त्रिशिखिब्राह्मण उपनिषद् के अनुसार यम हैंA. दया B. क्षमा C. धैर्य D. दान E. व्रतनीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए-(a) केवल A, B और C(b) केवल A, B और D(c) केवल B, C और D(d) केवल C, D और ECorrect Answer: (a) केवल A, B और CSolution:त्रिशिखिब्राह्मण उपनिषद के अनुसार 'यम' निम्नलिखित हैं - दया, क्षमा, धैर्य आदि है। अष्टांगयोग में 'यम' का सम्बन्ध भौतिक या सैद्धान्तिक अभ्यासों से है, जो, सत्य, अंहिसा, अस्तेय, इन्द्रियों पर नियंत्रण, लोभ न करने के रूप में होता है।Submit Quiz« Previous12345678910Next »