यूजीसी NTA नेट/जेआरएफ परीक्षा, जून 2020 (भूगोल)

Total Questions: 100

71. 'रिया तट' एक उदाहरण है।

Correct Answer: (a) निमज्जित उच्च भूमि तट
Solution:

रिया तट- यह नदी अपरदन द्वारा बनी घाटियों के जल मग्न होने से बनते है। जब नदी घाटी निमज्जित उच्च भूमि तट से होकर प्रवाहित होती है तो रिया तट का निर्माण होता है। रिया तट शब्द का जन्म स्पेन में हुआ था।

रिया तट का निर्माण नदियों के अपरदन कार्य द्वारा बनाई हुई घाटियों के जलमग्न होने से है। इन घाटियों के किनारे ढलवा होते हैं और इनकी गहराई समुद्र की ओर क्रमशः बढ़ती जाती है। यदि नदी घाटियाँ जलमग्न होने से पहले अधिक गहरी थी तो रिया तट भी अधिक गहरा होगा। रिया तट के उदाहरण हैं- दक्षिण-पश्चिम आयरलैण्ड का तट तथा उत्तर-पश्चिम स्पेन का तट ।

72. द्वि-विमीय आरेखों को जाना जाता है:

Correct Answer: (d) क्षेत्र से
Solution:

द्वि-विमीय आरेख उन आरेखों को कहते है जिसमें समको का चित्रण दो विस्तार ऊँचाई और चौड़ाई को ध्यान में रखकर किया जाता है। इसीलिए इन्हे क्षेत्रफल चित्र (Area diagram) कहा जाता है।

73. कौन एक वैज्ञानिक समुद्री मौसम विज्ञान के प्रतिपादक के रूप में जाना जाता है?

Correct Answer: (b) एम. एफ. मरे
Solution:

एम. एफ. मरे एक वैज्ञानिक समुद्री मौसम विज्ञानी थे। इन्होंने प्रवाल भित्तियों की उत्पत्ति से संबंधित स्थिर स्थल सिद्धांत दिया। मरे ने अपने सिद्धान्त का प्रतिपादन 1880 में किया था उन्होंने बताया कि प्रवाह 30 फैदक (180 फीट) की गहराई तक पनप सकते हैं। एल. सी. किंग ने पेडीप्लनेशन चक्र (1948) भ्वाकृतिक सिस्टम को दिया।

किंग ने डेविस के भ्वाकृतिक सिद्धान्तका खण्डन किया था। इसके सिद्धान्त का मुख्य आधार चक्रिय संकल्पना की मान्यता है। किंग के सिद्धान्त के अनुसार 'स्थलरूपों का विकास विभिन्न पर्यावरण दशाओं में समान होता है, जल अपरदित स्थलरूपों के विकास में जलवायु परिवर्तनों का महत्त्व नगण्य होता है। डब्ल्यू. एम. डेविस ने भौगोलिक चक्र (अपरदन चक्र) की संकल्पना 1899 ई. में प्रस्तुत किया।

74. सूची-I को सूची-II के साथ सुमेलित कीजिए।

सूची-I (किताब का नाम)सूची-II (लेखक)
(A) फंडामेंटल ऑफ इकोलॉजी(I) एच. के. गुप्ता
(B) इंडियन वाटर बेल्थ(II) डी. एन. वाडिया
(C) जियोलॉजी ऑफ इंडिया(III) ई. पी. ओडम
(D) डैम एण्ड अर्थक्वेक(IV) के. एल. राव

नीचे दिये गये विकल्पों में से सही उत्तर चुनिएः

Correct Answer: (b) (A)-(III), (B)-(IV), (C)-(II), (D)-(I)
Solution:

सही सुमेलित युग्म इस प्रकार है-

सूची-I (किताब का नाम)सूची-II (लेखक)
फंडामेंटल ऑफ इकोलॉजीई. पी. ओडम
इंडियन वाटर बेल्थके. एल. राव
जियोलॉजी ऑफ इंडियाडी. एन. वाडिया
डैम एण्ड अर्थक्वेकएच. के. गुप्ता

अतः विकल्प (b) सही सुमेलित है।

75. निम्नलिखित में से कौन-सी तकनीक दो दिए गए वितरणों की असमानता को दर्शाने के लिए सही है?

Correct Answer: (d) लॉरेन्ज वक्र
Solution:

आय के वितरण में व्याप्त विषमताओं को दर्शाने,के लिए लॉरेंज वक्र कहलाता है। लॉरेज वक्र को वर्ष 1906 में मैक्स ओ-लॉरेंज ने विकसित किया था। इन्ही के नाम पर इसे लॉरेज वक्र नाम दिया गया। लॉरेंस वक्र को संचयी प्रतिशत वक्र भी कहते हैं।

यह अपकिरण ज्ञात करने की बिन्दुरेखीय रीति है जिसका प्रयोग मैक्स लॉरेंस ने आय और धन के वितरण का अध्ययन करने के लिए किया था। सांख्यिकी में सह-संबंध के अन्तर्गत यह ज्ञात किया जाता है कि दो या दो से अधिक समंक श्रेणियों के चर-मूल्यों में कोई पारस्परिक सम्बन्ध है अथवा नहीं है,

यदि कोई पारस्परिक संबंध है तो उसकी दिशा व परिणाम क्या है। सह-सम्बन्ध दो प्रकार के होते है- (1) धनात्मक या प्रत्यक्ष सह-सम्बन्ध (2) ऋणात्मक, विलोम या अप्रत्यक्ष सह-संबंध ।

76. नीचे दो कथन दिये गये है: एक को अभिकथन (A) और दूसरे तर्क (R) कहा गया है।

अभिकथन (A): प्रत्येक दिन में चन्द्रमा द्वारा तीव्र ज्वार समग्र अन्तराल (लैग) 50 मिनट का है।
तर्क (R): उच्च और निम्न ज्वार को किसी स्थान पर दो वक्र पूरा करने की अवधि 24 घंटा 50 मिनट है।
उपर्युक्त कथनों के अलोक में दोनों कथनों पर विचार कीजिए और निम्नलिखित में से सही विकल्प चुनिए।

Correct Answer: (e) (*)
Solution:

प्रत्येक दिन में चन्द्रमा द्वारा तीव्र ज्वार समय अन्तराल 52 मिनट का है न कि 50 मिनट का। उच्च और निम्न ज्वार को किसी स्थान पर दो चक्र पूरा करने की कुल अवधि 24 घंटा 52 मिनट है। पृथ्वी पश्चिम से पूर्व दिशा में चक्कर लगाती है

परिणाम स्वरूप ज्वार केन्द्र को चन्द्रमा के नीचे पहुँचने में 52 मिनट की और यात्रा करनी पड़ती है। इस तरह एक ज्वार' केन्द्र को चन्द्रमा के सामने आने में 24 घण्टे 52 मिनट का समय लगता है। नोट- अतः UGC ने इस प्रश्न का सही उत्तर विकल्प (a) माना है जो कि गलत है।

77. नीचे दो कथन दिए गए है: एक को अभिकथन (A) और दूसरे को तर्क (R) कहा गया है।

अभिकथन (A) : सघन जीवन निर्वाह कृषि के क्षेत्रों में पशुपालन फसल उत्पादन की एक अन्य उपजीविका है।
तर्क (R) : पूरे क्षेत्र में पशुओं के जनन की वैज्ञानिक पद्धतियों के अभाव के कारण कृषकों के सामने पशुओं के पालन-पोषण में बाधा उत्पन्न होती है।
उपर्युक्त कथनों के आलोक में निम्नांकित विकल्पों में से सही उत्तर चुनेंः

Correct Answer: (b) (A) और (R) दोनों सही है परन्तु (R), (A) की सही व्याख्या नहीं है।
Solution:

सघन जीवन-निर्वाह कृषि के क्षेत्रों में पशुपालन फसल उत्पादन की एक अल्प उपजीविका के रूप में होती है। धन तथा तकनीकी कमी के कारण पशुओं के जनन की वैज्ञानिक पद्धतियों के अभाव के कारण कृषकों के सामने पशुओं के पालन-पोषण में बाधा उत्पन्न होती है। अतः स्पष्ट है कि कथन (A) और कारण (R) दोनों सही है परन्तु कारण (R), कथन (A) की सही व्याख्या नहीं कर रहा है।

78. नीचे दो कथन दिए गए है: एक अभिकथन (A) है दूसरा तर्क (R) है।

अभिकथन (A): भूमि क्षमता उपागम वह है कि जहाँ उत्पादन की विभिन्न कृषि व वानिकी प्रणाली के अन्तर्गत भूरक्षण के प्रति उसकी सुग्राहिता के अनुसार भूमि को श्रेणीगत करता था
तर्क (R) : उत्पादन का अत्यधिक माँगजन्य प्रणाली पर उत्तम भूमि पर संकेन्द्रण होता है और व्यापक रूप से बंजर भूमि रह जाती है।

उपर्युक्त कथनों के आलोक में निम्नलिखित विकल्पों में उपर्युक्त कथनों के आलोक में निम्नलिखित विकल्पों में

Correct Answer: (b) (A) और (R) दोनों सही है परन्तु (R), (A) की सही व्याख्या नहीं है।
Solution:

भूमि क्षमता उपागम के अन्तर्गत उत्पादन की विभिन्न कृषि व वानिकी के अन्तर्गत भूमि के संरक्षण के प्रति उसकी सुग्राहिता के अनुसार बांटा गया है। उत्पादन के अधिक मांग के कारण उत्तम भूमि पर संकेन्द्रण अधिक होता है और व्यापक रूप से बंजर भूमि रह जाती है

दोनों, सही है लेकिन व्याख्या नहीं करते। अतः स्पष्ट है कि कथन (A)और कारण (R) दोनों सही है परन्तु कारण (R), कथन (A) की सही व्याख्या नहीं कर रहा है।

79. भारतीय मानसून की "अरब सागर शाखा' और 'बंगाल की खाड़ी' शाखा का निम्नलिखित किस क्षेत्र में विलय हो जाता है?

Correct Answer: (a) पंजाब और हिमालय से लगा हुआ क्षेत्र
Solution:

भारतीय मानसून की दो शाखाएं है एक अरब सागर शाखा और दूसरी बंगाल की खाड़ी शाखा दोनों अलग-अलग चलती है लेकिन दोनों भारत में वर्षा करती हुई पंजाब और हिमालय से लगा हुआ क्षेत्र पर एक-दूसरे से मिल जाती है।

अरब सागर से उत्पन्न होने वाली मानसून पवनें तीन शाखाओं में बँटती हैं। (i)इसकी एक शाखा को पश्चिमी घाट रोकते हैं। ये पवनें पश्चिमी घाट की ढलानों पर 900 से 1200 मीटर की ऊँचाई तक चढ़ती है। ये शाखा पश्चिमी तटीत मैदान पर 250 से 400 से.मी. के बीच भारी वर्षा करती हैं।

पश्चिमी घाट के पूर्व में इन पवनों से नाममात्र की वर्षा होती है। कम वर्षा का यह क्षेत्र वृष्ट छाया क्षेत्र कहलाता है। अरब सागर से उठने वाली दूसरी शाखा मुम्बई के उत्तर में नर्मदा और तापी नदियों की घाटियों से होकर मध्य भारत में दूर तक वर्षा करती है।

यहाँ यह गंगा के मैदान में प्रवेश कर जाती है और बंगाल की खाड़ी से आने वाली मानसून की शाखा से मिलता है। इस मानसून की तीसरी शाखा सौराष्ट्र प्रायद्वीप और कच्छ से टकराती है। यहाँ यह अरावली के समानांतर चलती हैं तथा राजस्थान में कम वर्षा करती हैं।

यह शाखा पंजाब और हरियाणा में भी बंगाल की खाडी से आने वाली मानसून की शाखा से मिल जाती हैं। बंगाल की खाड़ी की मानसून पवनों की शाखा को म्यांमार के तट पर स्थित अशकान पहाड़ियाँ भारतीय उपमहाद्वीप की ओर विक्षेपित कर देती है।

इस प्रकार मानसून पश्चिम बंगाल और बांग्लादेश में दक्षिणपश्चिमी दिशा की अपेक्षा दक्षिण व दक्षिण-पूर्वी दिशा से प्रवेश करती है। यहाँ से यह शाखा दो भागों में बट जाती है, इसकी एक शाखा गंगा के मैदान के साथ-साथ पश्चिम की ओर बढ़ती है और पंजाब के मैदान तक पहुँचती है।

इसकी दूसरी शाखा उत्तर व उत्तर-पूर्व में ब्रह्मपुत्र घाटी में बढ़ती जाती है तथा वहाँ वर्षा करती है। इसकी एक उपशाखा मेघालय में स्थित गारो और खासी की पहाड़ियों से टकराती है तथा मॉसिनराम में सर्वाधिक वर्षा करती है।

80. सूची-I को सूची-II के साथ सुमेलित कीजिए।

सूची-Iसूची-II
(A) मोरेन्स(I) पवन
(B) गाद (सिल्ट)(II) हिमनद (ग्लेशियर)
(C) लोयस(III) भौम जल
(D) ड्रिपस्टोन(IV) नदी

नीचे दिये गये विकल्पों में से सही उत्तर चुनिएः

Correct Answer: (a) (A)-(II), (B)-(IV), (C)-(I), (D)-(III)
Solution:

सही सुमेलित युग्म इस प्रकार है-

सूची-I (स्थलाकृति)सूची-II (प्रक्रम)
(A) मोरेन्सहिमनद (ग्लेशियर)
(B) गाद (सिल्ट)नदी
(C) लोयसपवन
(D) ड्रिपस्टोनभौम जल

अतः विकल्प (a) सही सुमेलित है।