यूजीसी NTA नेट जेआरएफ परीक्षा, दिस. 2020/जून 2021 (इतिहास)

Total Questions: 100

71. नीचे दो कथन दिए गए हैं: एक अभिकथन के रूप में लिखित है तो दूसरा उसके कारण के रूप में :

 

अभिकथन (A) : देवराय द्वितीय ने जंगी घोड़ों की 'गुणवत्ता में सुधार करके तथा घुड़सवारों और तीरंदाजों को प्रशिक्षण देकर अपने साम्राज्य के सैन्य आधार को मजबूत किया। उसने पश्चिमी तट के वाणिज्यिक केन्द्रों पर कड़ा राजनीतिक नियंत्रण स्थापित किया, इस प्रकार सैन्य सुधार को अंतरराष्ट्रीय वाणिज्य के साथ जोड़ा। कारण (R) : अरब सागर के प्रमुख बंदरगाहों पर सैन्य और प्रशासनिक आधिपत्य के कारण देवराय द्वितीय को राज्य के वित्त का एक नया और अलग स्रोत मिल गया।
उपरोक्त कथन के आलोक, नीचे दिए गए विकल्पों में से सबसे उपयुक्त उत्तर का चयन कीजिए :

Correct Answer: (a) (A) और (R) दोनों सही हैं और (R), (A) की सही व्याख्या है
Solution:

देवराय द्वितीय संगम वंश का महानतम शासक था। जो 1422 ई. में शासक बना। प्रजा उसे अन्य उपाधि नामों से भी जानती थी जैसे 'इम्माडि देवराय' या 'प्रौढ़ देवराय' या दैवीय शासक इन्द्र का अवतार आदि। देवराय द्वितीय ने जंगी घोड़ो की गुणवत्ता में सुधार करके तथा घुड़सवारों और तीरंदाजों को प्रशिक्षण देकर अपने साम्राज्य के सैन्य आधार को मजबूत किया।

उसने पश्चिमी तट के वाणिज्यिक केन्द्रों पर कड़ा राजनीतिक नियंत्रण स्थापित किया इस प्रकार उसने सैन्य सुधार को अंतराष्ट्रीय वाणिज्य के साथ जोड़ा। देवराय द्वितीय ने अपने शासन काल में केरल सहित अधिकांश दक्षिण भारत को विजय नगर साम्राज्य में शामिल कर लिया था और उसका साम्राज्य विस्तार श्रीलंका (सीलोन) के तट तक विस्तृत हो गया था।

उसने अपने लिंगायत धर्मावलम्बी मंत्री लक्कना या लख्मख को दक्षिणी सागर का स्वामी नियुक्त किया, अरब सागर के प्रमुख बंदरगाहों पर सैन्य और प्रशासनिक आधिपत्य के कारण देवराय द्वितीय को राज्य के वित्त का एक नया और अलग स्रोत मिल गया। अतः (A) और (R) दोनों सत्य हैं और (R), (A) की सही व्याख्या है। कारण (R) सत्य है व कथन की व्याख्या सही है।

72. सूची-I के साथ सूची-II का मिलान कीजिए:

सूची-I (लेखक)सूची-II (पुस्तक)
(A)लेविस ममफोर्ड(I)वंदे मातरम् – द बायोग्राफी ऑफ अ़ं साँन्ग
(B)कैथरीन आर्नल्ड(II)मास्क्स ऑफ कंक्वेस्ट – लिटररी स्टड एंड ब्रिटिश रूल इन इंडिया
(C)गौरी विश्वनाथन(III)पैंडेमिक-1918
(D)सब्यसाची भट्टाचार्य(IV)द सिटी इन हिस्ट्री

नीचे दिए गए विकल्पों में सही उत्तर का चयन कीजिए:

ABCD
(a)IIIIVIII
(b)IVIIIIII
(c)IIIIVIII
(d)IIIIIIIV
Correct Answer: (b)
Solution:सही सुमेल है -
सूची-I (लेखक)सूची-II (पुस्तक)
लेविस ममफोर्डद सिटी इन हिस्ट्री
कैथरीन आर्नल्डपैंडेमिक - 1918
गौरी विश्वनाथनमास्क्स ऑफ कंक्वेस्ट - लिटररी स्टड एंड ब्रिटिश रूल इन इंडिया
सब्यसाची भट्टाचार्यवंदे मातरम् - द बायोग्राफी ऑफ अँ साँन्ग

73. सूची-I के साथ सूची-II का मिलान कीजिए:

सूची-I (लेखक)सूची-II (पुस्तक)
(A)संजय जोशी(I)कोलोनियलिज्म एंड इट्स फार्मस् आफ नालेज
(B)निकोलस बी. डर्क्स(II)फ्रैक्चर्ड माडर्निटी – मेकिंग आफ अ मिडल क्लास इन कोलोनियननार्थ इंडिया
(C)बर्नार्ड एस. कॉन(III)कास्ट्स आफ माइंड – कोलोनियलिज्म एंड द मेकिंग आफ माडर्न इंडिया
(D)एरिक हाब्सबॉम(IV)फ्रैक्चर्ड टाइम्स – कल्चर एंड सोसायटी इन द ट्वेन्टीएथ सेंचुरी

नीचे दिए गए विकल्पों में सही उत्तर का चयन कीजिए:

Correct Answer: (d)
Solution:सही सुमेल है -
सूची - I (लेखक)सूची - II (पुस्तक)
संजय जोशी-फ्रैक्चर्ड मार्डनिटी - मेकिंग ऑफ अ मिडल क्लास इन कोलोनियननार्थ इंडिया
निकोलस बी. डर्क्स-कास्ट्स ऑफ माइंड - कोलोनियलिज्म एंड द मेकिंग ऑफ माडर्न इंडिया
बर्नार्ड एस. कॉन-कोलोनियलिज्म एंड इट्स फार्मस् ऑफ नालेज
एरिक हाब्सबॉम-फ्रैक्चर्ड टाइम्स - कल्चर एंड सोसायटी इन द ट्वेन्टीएथ सेंचुरी

74. मुहम्मद बिन तुगलक के निम्नलिखित प्रयोगों परियोजनाओं को कालक्रमानुसार रखें :

(A) सांकेतिक मुद्रा
(B) खुरासान अभियान
(C) राजधानी परिवर्तन
(D) कराचील अभियान
नीचे दिए गए विकल्पों में सही उत्तर का चयन कीजिए:

Correct Answer: (c) (C), (A), (B), (D)
Solution:

मुहम्मद बिन तुगलक के निम्न प्रयोगों परियोजनाओं का कालानुक्रम इस प्रकार है
राजधानी परिवर्तन - (1326-27)
सांकेतिक मुद्रा (1329 - 30 )
खुरासान अभियान (1332 - 34 ई.)
कराचील अभियान (1337 - 38 ई.)

75. सूची-I के साथ सूची-II का मिलान कीजिए :

सूची-I लेखकसूची-II धर्मशास्त्र
(A)भट्ट लक्ष्मीधर(I)चतुर्वर्ग चिन्तामणि
(B)देवण्णभट्ट(II)स्मृत्यर्थसार
(C)हेमाद्रि(III)कृत्यकल्पतरु
(D)श्रीधर(IV)स्मृति-चन्द्रिका

नीचे दिए गए विकल्पों में सही उत्तर का चयन कीजिए:

ABCD
(a)IIIIIIIV
(b)IIIIVIII
(c)IIIIVIII
(d)IIIIIIIV
Correct Answer: (b)
Solution:सही सुमेल है -
सूची-I (लेखक)सूची-II (धर्मशास्त्र)
भट्ट लक्ष्मीधरकृत्यकल्पतरू
देवण्णभट्टस्मृति - चन्द्रिका
हेमाद्रिचतुर्वर्ग चिन्तामणि
श्रीधरस्मृत्यर्थसार

76. 1926 में गठित 'ऑल इंडिया डिप्रेस्ड क्लासेज एसोसिएशन' के प्रथम निर्वाचित अध्यक्ष कौन थे?

Correct Answer: (b) राव बहादुर एम.सी. राजा
Solution:

औपनिवेशिक भारत में ईसाई मिशनरियों की शिक्षा के प्रसार के कारण 19वीं सदी के अंतिम दशक एवं 20वीं सदी की शुरूआत से देश के विभिन्न भागों में फैले हुए दलित समुदाय ने संगठित होकर आर्थिक, धार्मिक व राजनीतिक क्षेत्र में समुचित भागीदारी प्राप्त करने के उद्देश्य से जातिगत आंदोलन प्रारम्भ किया था।

लेकिन अखिल भारतीय दलित आंदोलन की शुरूआत अखिल बहिष्कृत वर्ग के नेताओं के द्वारा 1926ई. में नागपुर में 'ऑल इंडिया डिप्रेस्ड क्लास एसोसिएशन' की स्थापना की गयी। जिसके प्रथम निर्वाचित अध्यक्ष मद्रास के दलित नेता एम.सी. राजा थे और उनके उपाध्यक्षों में से एक उपाध्यक्ष डॉ, भीमराव अम्बेडकर को बनाया गया था, लेकिन डॉ. अम्बेडकर इस सम्मेलन में शामिल नहीं हुये थे और बाद में उन्होंने इस संगठन से इस्तीफा दे दिया।

आगे चलकर 1930 ई.में डॉ. अम्बेडकर ने नागपुर में कांग्रेस-विरोधी 'ऑल इण्डिया डिप्रेस्ड कलास कांग्रेस' नाम से संगठन की स्थापना की, जिसका पहला अधिवेशन 8 अगस्त 1930 को नागपुर में आयोजित किया गया।
विशेष तथ्य
डॉ. अम्बेडकर द्वारा कुछ अन्य संगठन की स्थापना की गई जिसका विवरण इस प्रकार है-
1. ऑल इंडिया डिप्रेस्ड क्लास फेडरेशन 1930
2. डिप्रेस्ड क्लासेज एसोसिएशन 1930
3. बहिष्कृत हितकारणी सभा 1924 (आगे चलकर इसके स्थान पर 'डिप्रेस्ड क्लास एजुकेशनल सोसायटी 1928 की स्थापना की')।

77. बयाना मुंद्रा निधान से किस गुप्त शासक की सर्वाधिक मुद्राएँ प्राप्त हुई हैं ?

Correct Answer: (c) चन्द्रगुप्त-II
Solution:

बयाना मुद्रा निधान से गुप्त वंश के शासक चन्द्रगुप्त द्वितीय की सर्वाधिक मुद्रायें प्राप्त हुई हैं। चन्द्रगुप्त द्वितीय 'विक्रमादित्य' (375 - 76 से 415 ई.) ने परमभागवत, सहसाँक, एवं शकारि की उपाधियाँ धारण की थी। इन्होंने स्वर्ण, रजत एवं ताम्र की मुद्राएँ जारी किया था। चन्द्रगुप्त द्वितीय ने 8 प्रकार की स्वर्ण मुद्राएँ प्रचलित करवाया जिसमें सर्वप्रमुख धनुर्धारी प्रकार की मुद्रा थी जो सर्वाधिक संख्या में बयाना से प्राप्त हुई है।

चन्द्रगुप्त प्रथम ने कुमारदेवी प्रकार के सोने के सिक्के जारी किया थे इसके अलावा लिच्छवी प्रकार, राजा-रानी प्रकार आदि प्रकार की मुद्राएँ जारी किये। समुद्रगुप्त ने 6 प्रकार की स्वर्ण मुद्राएँ जारी किया जिसमें गरूड़ प्रकार, धनुर्धारी प्रकार, अवश्वमेघ प्रकार आदि। कुमारगुप्त ने सर्वाधिक 15 प्रकार की स्वर्ण मुद्राएँ जारी किये जिसमें अप्रतिहा प्रकार, मयूर - कार्तिकेय प्रकार आदि प्रकार की मुद्राएँ थी।

78. नीचे दो कथन दिए गए हैं:

कथन (I): जब कोई योद्धा राजा के लिए युद्ध करतेहुए, उत्कृष्ट पराक्रम दर्शाते हुए, वीरगति को प्राप्त होता था तब उसके आश्रितों को जीविका के लिए भूमिप्रदान की जाती थी, जिसे 'मृत्युकवृत्ति' कहा जाता था।
कथन (II): एक चंदेल शिलालेख में ऐसी ही'मृत्युकवृत्ति' के अनुदान का विवरण है।
उपरोक्त कथन के आलोक में नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए :

Correct Answer: (a) कथन (I) और कथन (II) दोनों सत्य हैं।
Solution:

8 वीं शताब्दी से लेकर 12 वीं शताब्दी तक बुंदेलखण्ड और उत्तर प्रदेश के दक्षिणी पश्चिमी भाग पर चंदेल वंश ने शासन किया जो भारत का प्रसिद्ध राजपूत वंश था। चंदेल मूल रूप से गुर्जर - प्रतिहारों के जागीरदार थे। इस वंश का संस्थापक नन्नुक नामक व्यक्ति था।

चंदेल वंश अपनी स्थापत्य कला के लिए प्रसिद्ध है जिसके प्रमुख उदाहरण कंदरिया महादेव मन्दिर, चौसठ योगिनी मंदिर, लक्ष्मण मंदिर आदि प्रमुख हैं। त्रैलोक्यवर्मन (1203 - 1247 ई.) के अजयगढ़ शिलालेख' से पता चलता है कि युद्ध भूमि में उत्कृष्ठ पराक्रम दर्शाते हुए वीरगति को प्राप्त करने वाले योद्धाओं के आश्रितों को जीविका के लिए भूमि प्रदान किया जाता था जिसे 'मृत्युकवृत्ति' कहा जाता था।

79. 1623-24 में निम्न में से किस यात्री ने कैम्बे में 'परिंदों का अस्पताल' देखा, जहाँ कुछ लंगड़े, बीमार, बिना जोड़े वाले परिन्दे और कुछ छोटे-छोटे अनाथ चूहे देखे। उसने लिखा, 'एक संभ्रांत सफेद दाढ़ी वाला बेहद बूढ़ा इंसान उन्हें पेटी में रुई के बीच में रख रहा था। उसकी नाक पर ऐनक चढ़ा हुआ था और वह चिड़िया के पंखों की सहायता से उन छोटे चूहों को दूध पिलाने की कोशिश कर रहा था क्योंकि वे अभी इतने छोटे थे कि और कुछ नहीं खा सकते थे। और जैसा कि उसने कहा, उसका इरादा यह था कि बड़ा होने पर वह उन्हें मुक्त कर देगा, फिर वे जहाँ चाहें वहाँ जाएँ'?

Correct Answer: (c) पिएत्रो देला वेले
Solution:पिएत्रो देला वेले (1586 - 1652) एक इतावली यात्री था जो 1622 ई. में जहाँगीर के काल में सूरत पहुंचा। इसने भारत के तटीय क्षेत्रों की विस्तृत यात्रा की और अपनी यात्रा का वर्णन ग्रंथों में संकलित किया। 1623 24 में कैम्बे की यात्रा के दौरान इसने एक 'परिंदो का अस्पताल' देखा, जहाँ पर बीमार पक्षियों के साथ अनाथ एवं नवजात चूहों को देखा जिसकी देखभाल एक संम्भ्रांत,बूढ़ा इंसान कर रहा था जो उन्हें बड़े होने पर आजाद कर देगा ताकिवें स्वतंत्र विचरण कर सकें। इनकी प्रमुख कृतियों में "द ट्रेवेलऑफ पिएत्रो देला वेल इन इण्डिया', 'द पिग्रिम द जर्नी ऑफ पिएत्रों देला वेल' इत्यादि हैं।

80. इनमें से किस ग्रंथ में सभा और समिति का उल्लेखएक वैदिक देवता की दो पुत्रियों के रूप में किया गया है?

Correct Answer: (c) अथर्ववेद
Solution:

अथर्ववेद में सभा और समिति को प्रजापति की दो पुत्रियाँ कहा गया है। इसमें इन दोनों के बीच सामंजस्य की प्रार्थना की गई है। सभा और समिति राजा को निरंकुश नहीं होने देती थी। सभा कुलीन वर्ग की संस्था थी यह कुछ न्यायिक कार्य भी करती थी जबकि समिति सामान्य जन की संस्था थी।

ऋग्वेद में सभा का 8 बार एवं समिति का 9 बार उल्लेख मिलता है। यजुर्वेद में भी सभा का उल्लेख मिलता है जिसमें युवाओं के प्रवेश के बारे में चर्चा मिलती है। छान्दोग्य उपनिषद् में सभा एवं समिति का उल्लेख मिलता है जबकि बृहदारण्यक उपनिषद् में सभा, समिति का उल्लेख नहीं मिलता है।