योग मन-शरीर का संयोजन है, जिसमें योगासन, श्वसन तकनीक विश्रांति एवं ध्यान अभ्यास समाविष्ट है। यह पारंपरिक रूप से भारतीय दर्शन एवं आध्यात्मिक व्यवहार के मूल में निहित है, एवं वर्तमान में इसे विश्व के प्रयोगार्थ संपूरक एवं वैकल्पिक औषधि के रूप में अंगीकार किया गया है।
वैज्ञानिक साक्ष्यों से पता चलता है कि योग शारीरिक स्वास्थ्य का संवर्धन कर सकता है, मन को शांत कर सकता हैं, तथा विश्रान्ति प्रदान कर सकता है। वैज्ञानिक साक्ष्य से यह प्रदर्शित हो चुका है कि मनोवैज्ञानिक स्वास्थ्य में योग सक्षम है तथा तनाव, दुश्चिंता और अवसाद जैसे मनोसामाजिक एवं हृदयवाहिका विकारों के जोखिम को कम करता है।
इसके अतिरिक्त उच्च रक्तचाप, हाइपर लिपिडेमिया और इंसुलिन प्रतिरोध जैसे जैविक जोखिमों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। भारत में छह यादृच्छिक नियंत्रित शोध किये गए हैं जो साक्ष्य एवं संतुति को शक्ति प्रदान करता है कि हृदय रोग के लिए योग एक महत्वपूर्ण सहायक अभ्यास है।
योग के यादृच्छिक नियंत्रणबद्ध परीक्षण के फलस्वरूप किस पर बल दिया गया है?
Correct Answer: (a) योग की संस्तुति
Solution:योग के यादृच्छिक नियंत्रणबद्ध परीक्षण के फलस्वरूप योग की संस्तुति पर बल दिया गया है