Solution:दत्त का वह गुण जिससे अनुसंधान परिणाम किसी एक अनुसंधान वातावरण में अवलोकित व्यक्तियों / मदों के विशिष्ट प्रतिदर्श से भिन्न स्थितियों पर लागू होतें हैं, तो उसे बाह्य वैधता कहा जाता है। बाह्य वैधता वह सीमा है जिससे आप किसी अध्ययन के निष्कर्षों को अन्य स्थितियों, लोगों, सेटिंग्स और उपायों के लिए सामान्यीकृत कर सकते हैं।
• आंतरिक वैधता: अगर किसी प्रयोग/अध्ययन में हम यह मापना चाहते हैं कि A का प्रभाव B पर है, तो आंतरिक वैधता सुनिश्चित करती है कि B में बदलाव केवल A के कारण हुआ, न कि किसी अन्य चीज़ की वजह से।
• अभिसारी वैधता (Convergent Validity) निर्मिति वैधता (Construct Validity) का एक प्रकार है। यह दर्शाती है कि कोई परीक्षण जिस गुण/निर्मिति को मापने का दावा करता है, वह उसी या संबंधित गुणों को मापने वाले अन्य परीक्षणों से कितनी अधिक समानता (उच्च सहसंबंध) दिखाता है।
• अपसारी वैधता (Divergent / Discriminant Validity) निर्मिति वैधता (Construct Validity) का एक प्रकार है। यह बताती है कि कोई परीक्षण जिस गुण (निर्मिति) को मापता है, वह अन्य असंबंधित या भिन्न गुणों से कितना अलग है।