यू.जी.सी. NTA नेट जेआरएफ परीक्षा, दिसम्बर-2021 जून 2022 भूगोल

Total Questions: 100

71. निकटतम पड़ोसी विश्लेषण के अनुसार 2.5 का सूचकांक मान सुझावित करता है कि बस्तियां हैं :

Correct Answer: (d) सम-दूरस्थ
Solution:

निकटतम पड़ोसी विश्लेषण के अनुसार 2.5 का सूचकांक मान सुझावित करता है कि बस्तियाँ समदूरस्थ (Evenly spaced) हैं। 'R' का मान एवं स्थानिक वितरण की प्रकृति निम्न प्रकार है-

क्र. सं.'R' का मानस्थानिक प्रकृति
1.0.09पूर्ण संकेन्द्रण
2.0.1 - 0.50उच्च संकेन्द्रण
3.0.51 - 0.99पुंजित प्रतिरूप
4.1.00 - 1.19यादृच्छिक प्रतिरूप
5.1.20 - 1.49समरूपी प्रतिरूप
6.1.50 - 2.14प्रकीर्ण प्रतिरूप
7.2.1491पूर्ण षष्ठकोण प्रतिरूप
8.2.1491 (अधिकतम 3.00)उच्च प्रकीर्ण

< (अधिकतम 3.00)

72. निम्नलिखित में से कौन सी भारत और पाकिस्तान के बीच सीमा रेखा है?

Correct Answer: (c) रेडक्लिफ रेखा
Solution:

भारत और पाकिस्तान के बीच सीमा का निर्धारण 'रेडक्लिफ रेखा' करती है। भारत और पाकिस्तान सीमा का विस्तार 3323 किमी.है, जो जम्मू-कश्मीर, राजस्थान, लद्दाख (के. शा. प्र.) पंजाब एवं गुजरात राज्य की सीमा को स्पर्श करता है।

इसका निर्धारण 1947 में रेडक्लिफ पंचाट द्वारा किया गया, कारण स्वरूप इसे 'रेडक्लिफ' रेखा की संज्ञा दी जाती है। यह सीमा रेखा पूर्णतया अध्यारोपित है।

मैकमोहन रेखा भारत व चीन के बीच सीमा का निर्धारण करती है जो भारत की दूसरी सबसे लम्बी सीमा है। जबकि 'डूरंड रेखा' वर्तमान में भारत-अफगानिस्तान एवं पाकिस्तानअफगानिस्तान के मध्य सीमा का निर्धारण करती है।

73. नगर की आंतरिक संरचना का निम्नलिखित में से कौन सा मॉडल परिवहन के मार्गों के महत्व पर बल देता है?

Correct Answer: (b) खण्डीय मॉडल
Solution:

नगर की आन्तरिक संरचना का 'खण्डीय मॉडल' परिवहन के मार्गों के महत्व पर बल देता है। इस सिद्धान्त का प्रतिपादन 'होमर हॉयट' द्वारा 1939 ई. में किया गया। यह सिद्धान्त 142 अमेरिकी नगरों के अध्ययन पर आधारित है। जबकि संकेन्द्रीय मॉडल सिद्धान्त का प्रतिपादन 1925 ई. में अमेरिकी समाजशास्त्री 'वर्गेस' ने किया था। बहुनाभिकीय मॉडल हैरिस एवं उलमैन द्वारा 1945 ई. में प्रतिपादित किया गया।

74. सूची-I के साथ सूची-II का मिलान कीजिए :

क्रमपैमाना पद्धति (सूची-I)मापे गए आंकड़ों का प्रकार (सूची-II)
Aनामिक (I)मृदा प्रकार
Bक्रमसूचक(II) शहर का आकार
Cअंतराल(III) माध्य समुद्र तल से तुंगता
Dअनुपात (IV) मासिक आय (रुपयों में)

नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए :

Correct Answer: (a) (A)-(II), (B)-(IV), (C)-(I), (D)-(III)
Solution:

सूची का सही सुमेलित क्रम इस प्रकार है

क्रमपैमाना पद्धतिमापे गए आंकड़ों का प्रकार
1नामिकमृदा प्रकार
2क्रमसूचकशहर का आकार
3अंतरालमाध्य समुद्र तल से तुंगता
4अनुपातमासिक आय (रूपयों में)

इस प्रकार विकल्प (a) सही सुमेलित है।

75. निम्नलिखित में से किस देश ने नवजात शिशु समर्थक जनसंख्या नीति अपनाई है?

(A) श्रीलंका (B) स्पेन (C) मलेशिया (D) म्यांमार (E) जापान
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए :

Correct Answer: (d) केवल (C) और (E)
Solution:

प्रश्नगत दिए गये विकल्प में मलेशिया और जापान देशों ने नवजात शिशु समर्थक जनसंख्या नीति अपनायी है। जबकि श्रीलंका, स्पेन, व म्यांमार देश इस नीति के अन्तर्गत नही आते हैं। जन्मपूर्व नीतियाँ वे नीतियाँ होती हैं, जो किसी क्षेत्र की जन्मदर प्रजनन दर को बढ़ाने के उद्देश्य से तैयार की जाती है। इस प्रकार विकल्प (d) सत्य है।

76. 'सांस्कृतिक क्रोड' को कैसे परिभाषित किया जाता है?

Correct Answer: (b) एक विशिष्ट सांस्कृतिक भृदृश्य (लैंडस्केप) से संबद्ध एक सांस्कृतिक समूह का जन्म स्थान
Solution:

सांस्कृतिक क्रोड एक "बिशिष्ट सांस्कृतिक भूदृश्य (लँडस्केप) से सम्बद्ध एक सांस्कृतिक समूह के जन्म स्थान से सम्बंधित है।"
किसी विशिष्ट संस्कृति, या सांस्कृतिक समूह के उद्भव स्थल को सांस्कृतिक उद्‌गम स्थल कहते है। इस शब्दावली का सर्वप्रथम प्रयोग
अमेरिकी भूगोलवेत्ता कार्ल सावर (Carl O, Sauer) तथा बर्कले |स्कूल के भूगोलवेत्ताओं ने कृषि पद्धतियों के उद्गम स्थल के सन्दर्भ में किया था।

प्राचीन काल में भूतल के जिन भागों में विशिष्ट मानव संस्कृतियों की उत्पत्ति हुई थी, उसे, सांस्कृतिक उद्गम स्थल (Cultural Hearth) के नाम से जाना जाता है। इसे सांस्कृतिक आगार, सांस्कृतिक उद्भव स्थल सांस्कृतिक हृदयस्थल, सांस्कृतिक क्रोड स्थल आदि नामों से जाना जाता है।

एक सांस्कृतिक उद्‌गम स्थल पर विकसित संस्कृति का प्रसार जितनी दूरी तक (बाह्य सीमा तक) हुआ उस सम्पूर्ण क्षेत्र को सांस्कृतिक परिमंडल (Cultural Realm) कहते हैं। प्राचीन विश्व के कुछ विशिष्ट भागों में पृथक मानव संस्कृतियों का विकास हुआ जिनमें कुछ अधिक प्रभावशाली थी जबकि कुछ कम महत्वपूर्ण थी।

77. मैंग्रोव पत्तियों पर आधारित, ओडम (1970) द्वारा वर्णित अपरद खाद्य श्रृंखला को सही अनुक्रम में व्यवस्थित कीजिए :

(A) अपरद (B) छोटी मछली (C) मैंग्रोव पत्तियां (D) बड़ी मछली (E) केकड़ा ( ब) और झींगा (श्रिम्प)
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए :

Correct Answer: (d) (C), (A), (E), (B), (D)
Solution:

मैग्रोव पत्तियों पर आधारित, ओडम (1970) द्वारा वर्णित अपरद खाद्य श्रृंखला का सही अनुक्रम इस प्रकार है-
मैग्रोव पत्तियाँ → अपरद → केकड़ा (क्रैब) और झींगा (श्रिम्प)  → छोटी मछली  → बड़ी मछली

अपरद खाद्य श्रृंखला को मैंग्रोव वृक्ष की पत्तियों के उदाहरण से समझाया जा सकता है। जब एक लाल मैग्रोव पेड़ की पत्तियाँ एक उथले जल निकाय में गिरती है, गिरने से पहले केवल 5% पत्तियाँ
फाइटोफैगस कीड़ो द्वारा खाई जाती है।

पत्तियों के कुछ हिस्सों को छोटे जीवों जैसे कीट लाव, केकड़े आदि द्वारा खाया जाता है। बाद में इन जीवों का सेवन उन मछलियों द्वारा किया जाता है जो
मांसाहारी होती है। अंत में इन मछलियों को बड़ी मछलियों या मछली खाने वाले पक्षियों द्वारा खाया जाता है।

कुछ महत्वपूर्ण तथ्य -

  • अपरद खाद्य श्रृंखला में अन्य खाद्य श्रृंखलाओं की तुलना निरन्तर ऊर्जा प्रवाह होता है।
    में
  • अपरद खाद्य श्रृंखला अकार्बनिक पोषक तत्वों को सुलझाने में मदद करती है।
  • अपरद खाद्य श्रृंखला एक निवास स्थान तक सीमित नहीं है क्योंकि यह झीलों और महासागरों के तल जैसे अलग-2 स्थानों में पाया जाता है।

78. निम्नलिखित में से कौन-सा पद महाद्वीपीय प्रवाह सिद्धांत से संबंधित नहीं है?

Correct Answer: (c) समुद्री नितल प्रसरण
Solution:

दिये गये प्रश्नानुसार समुद्री नितल प्रसरण महाद्वीपीय प्रवाह सिद्धान्त से सम्बंधित नहीं है। सागर नितल प्रसरण की संकल्पना का प्रतिपादन सर्वप्रथम प्रिंस्टन विश्वविद्यालय के प्रोफेसर हरी हेस (Harry Hess) ने वर्ष 1960 में किया। हेस की संकल्पना सागर भू वैज्ञानिकों तथा भूभौतिकीविदों के प्रारंभिक कार्यों पर आधारित थी।

1952 में मैसन ने प्रशांत महासागर में चुम्बकमापी यंत्र की सहायता से सागर नितल की शैलों के चुम्बकत्व से सम्बंधित महत्वपूर्ण सूचनाएँ प्राप्त की। 1963 में वाइन तथा मैथ्यू ने हिन्द महासागर में) कार्ल्सबर्ग कटक के मध्यवर्ती भाग का चुम्बकीय सर्वेक्षण किया। सागर नितल प्रसरण संकल्पना प्लेट विवर्तनिकी सिद्धान्त से सम्बंधित है।

अन्य महत्वपूर्ण तथ्य -

  • महाद्वीपीय प्रवाह सिनान्त वेगनर द्वारा 1912 में प्रतिपादित किया गया, परन्तु इसका विवेचन 1915 तथा 1920 में हुआ।
  • वेगनर ने माना कि कार्बनीफेरस युग में समस्त स्थल भाग एक स्थल भाग के रूप में संलग्न थे, जिसे पैंजिया कहा गया। पैंजिया के चारों ओर एक विशाल जलभाग था, जिसका नामकरण वेगनर ने पैंथालासा किया।
  • वेगनर के अनुसार अटलांटिक महासागर के दोनों तटों में भौगोलिक एकरूपता पाई जाती है। इस एकरूपता के कारण उन्हें आसानी से जोड़ा जा सकता है। दक्षिण अमेरिका के पूर्वी तट को अफ्रीका के पश्चिमी तट से तथा उ. अमेरिका के पूर्वी तट को यूरोप के पश्चिमी तट से जोड़ा जा सकता है। इसे Jig saw Fit कहते है।

79. निम्नांकित में से कौन से कथन सही हैं ?

(A) जब किसी देश में कुल प्रजनन दर 2.1 के स्तर पर पहुँच जाता है, तो वह प्रजनन के प्रतिस्थापन, स्तर को प्राप्त कर लेता है।
(B) प्रजनन क्षमता का तात्पर्य महिलाओं द्वारा बच्चों को जन्म देने की क्षमता से है।
(C) माल्यस के अनुसार युद्ध एक निवारक नियंत्रण है।
(D) अशोधित मृत्यु दर प्रति एक हजार मध्य वर्षीय जनसंख्या में मृतकों की संख्या से अभिप्रेत है।
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन

Correct Answer: (d) केवल (B), (D) और (A)
Solution:

प्रजनन क्षमता का तात्पर्य महिलाओं द्वारा बच्चों को जन्म देने की क्षमता से है, चाहे उसने बच्चों को जन्म दिया हो या न दिया हो। जब किसी देश में कुल प्रजनन दर 2.1 के स्तर पर पहुँच जाता है, तो वह प्रजनन के प्रतिस्थापन स्तर को प्राप्त कर लेता है। अशोधित मृत्यु दर प्रति एक हजार मध्य वर्षीय जनसंख्या में मृतकों की संख्या से अभिप्रेत है।

माल्यस के अनुसार तीव्र गति से बढ़ती हुई जनसंख्या प्राकृतिक और कृत्रिम दोनों तरीकों से नियंत्रित हो सकती है। प्राकृतिक नियंत्रण के अन्तर्गत महामारी, अकाल, युद्ध, बाढ़ तथा भूकंप को शामिल किया जाता है तथा कृत्रिम नियंत्रण के अन्तर्गत आत्मसंयम, ब्रह्मचर्य का पालन तथा विवाह न करना या देर से विवाह करना आदि को सम्मिलित किया जाता है।
अतः कथन (B), (D) तथा (A) सही है जबकि (C) कथन गलत है। इस प्रकार विकल्प (d) सही है।

80. प्रसिद्ध पुस्तक ' मुक्दीमाह'के लेखक कौन है?

Correct Answer: (d) इब्न-खालदून
Solution:

प्रसिद्ध पुस्तक 'मुकद्दीमाह' के लेखक इब्न खाल्दून है। इब्-खाल्दून' (1332-1406) को अंतिम अरब विद्वान माना जाता है। उन्होंने 1377 में अपनी प्रसिद्ध पुस्तक 'मुकद्दीमाह' (Muqaddimah) को पूरा कर लिया था। यह पुस्तक 6 खण्डों में विभक्त है।

प्रमुख पुस्तक 

विद्वानप्रमुख रचनाएँ / कार्य
इब्नबतूतारेहला
अलबरूनीकानून-उल-मसूरी (खगोल विज्ञान), किताब-उल-हिन्द, तारीख-उल-हिन्द, अल-कानून-अल-मसूरी (बादशाह मसूद के कानून), अथर-उल-बगिया, किताब-उल-सैयदना, उल-तहदीद
अल इदरीसीविश्व भ्रमण के इच्छुकों के लिए मनोरंजन