Solution:पतंजलि योग दर्शन के अनुसार "चित्तवृत्तियाँ पाँच प्रकार की होती हैं-
(1) प्रमाण, (2) विपर्यय, (3) विकल्प, (4) निद्रा, (5) स्मृति। चित्तभूमियाँ भी पाँच प्रकार की होती हैं- (1) क्षिप्त, (2) मूढ़, (3) विक्षिप्त, (4) एकाग्र, (5) निरुद्ध।
योग के अष्टांग साधन- (1) यम, (2) नियम, (3) आसन, (4) प्राणायाम, (5) प्रत्याहार, (6) धारणा, (7) ध्यान, (8) समाधि ।