यू.जी.सी. NTA नेट /जेआरएफ परीक्षा, दिसम्बर-2019 दर्शनशास्त्र (PHILOSOPHY)

Total Questions: 100

81. निम्नलिखित में से कौन बर्कले द्वारा रचित ग्रन्थ है:

Correct Answer: (b) प्रिंसिप्लस ऑफ ह्यूमन नॉलेज
Solution:

इन्क्वायरी कन्सर्निंग ह्यूम अण्डस्टेडिग ह्यूम का ग्रन्थ, त्रिसिप्लस ऑफ ह्यूमन नॉलेज बर्कले का ग्रन्थ, एस्से कन्सर्निंग ह्यूमन अण्डरस्टेडिंग लॉक का ग्रन्थ, फेनोमेनालाजी ऑफ स्पिरिट हीगेल का ग्रन्थ है।

82. निम्नलिखित में से विचार का कौन सा नियम यह स्थापित करता है, कि 'यदि कोई कथन सत्य है' तो वह सत्य है?

Correct Answer: (a) तादात्म्य का नियम
Solution:

तादात्म्य का नियम एक पुनकर्थन है, जिसमें यदि कोई कथन सत्य है, तो वह सत्य है। (P P)

83. नीचे कुछ वस्तुस्थितियाँ दी गयी है, न्याय ज्ञानमीमांसा के अनुसार उस सही विकल्प को चुने जो उस वस्तुस्थिति को इंगित करता है, जहाँ अनुमिति सम्भव नही है?

Correct Answer: (b) अनुमान लगाने की इच्छा की अनुपस्थिति के साथ सिद्धि की उपास्थिति ।
Solution:

न्याय ज्ञानमीमांसा के अनुसार अनुमान लगाने की इच्छा की अनुपस्थिति के साथ सिद्धि की उपस्थिति उस वस्तुस्थिति को इंगित करता है, जहाँ अनुमति सम्भव नहीं है।

84. 'प्रत्ययों की सहमति अथवा असहमति ज्ञान है' इस विचार के प्रतिपादक है;

Correct Answer: (c) लॉक
Solution:

लॉक के अनुसार वस्तुओं के मूलगुणों से प्राप्त मानसिक प्रत्ययों एवं वस्तुओं के बीच सहमति या असहमति के प्रत्यक्षीकरण में ज्ञान सन्निहित है, इसलिए लॉक को प्रत्यय प्रतिनिधित्ववादी माना जाता है।

85. निम्नलिखितमें से कौन-सा सल्डोलियोपोल्ड की 'लैंड इथिक' के बारे में सही नही है?

Correct Answer: (a) लैंड इथिक प्रकृति और उसके संसाधनों के बदलाव, प्रबन्धन और प्रयोग को रोक सकती है।
Solution:

एल्डो लियोपोल्ड सर्वाधिक प्रसिद्धि उनके द्वारा लिखी गई पुस्तक 'ए सैण्ड काउण्टी पंचांग' से मिली। एल्डोलियोपोल्ड भूमि नैतिकता लोगों और प्रकृति के बीच नैतिक सम्बन्धों का पालन करने के लिए उत्प्रेरित करता है।

86. निम्नलिखित में से किसकी गणना चाणक्य द्वारा राज्य 89. के आवश्यक अंग के रूप में नही की गई है?

Correct Answer: (a) दण्ड
Solution:

चाणक्य या कौटिल्य के अनुसार राज्य के अंगों को शरीर के अंगो से तुलना करके आचार्य कौटिल्य वे यथार्थ रूप देने का प्रयत्न किया, जिसे सप्तांग सिद्धान्त कहा गया है;
(1) स्वामी (राजा) राज्य का सिर
(2) अमात्य (मंत्री) राज्य की आंख
(3) सुहत्द (राजा का मित्र) राज्य के कान
(4) कोष, राज्य का मुख यह सर्वाधिक महत्वपूर्ण तत्व है।
(5) सेना, राज्य का मस्तिष्क
(6) दुर्ग, राज्य की बाँहे
(7) पुर या जनपद (भूमि या प्रजा) राज्य की जधाएँ

87. नीचे अभिकथन (A) और कारण (R) दिए गए है, उन पर विचार कीजिए और नीचे दिये गये कूट से सही उत्तर दीजिए ?

अभिकथन (A): स्पिनोजा के लिए ईश्वर जगत् के रूप में नेचुरा नेचुराता है।
कारण (R) : ईश्वर नेचुरां नेचुरान्स है।

Correct Answer: (b) (A) और (R) दोनों सत्य है, (R), (A) की गलत व्याख्या है।
Solution:

स्पिनोजा के मत में ईश्वर ही विश्व का कारण है, परन्तु ईश्वर अन्तर्यामी कारण है दूरस्थ कारण नही। ईश्वर जगत की सृष्टि अपने से भिन्न और स्वतन्त्र रूप में नहीं करता, ईश्वर विश्व का अन्तर्निहित कारण है। अब यदि हम ईश्वर को सक्रिय अन्तर्यामी कारण समझे, जिससे कि विश्व का प्रतिक्षण पालन होता है, तो इस रूप में स्पिनोजा ने ईश्वर को नेचुरा नेचुरान्स कहा है। फिर यदि हम ईश्वर को विश्व के वस्तुओं की समग्रता या कार्यरूप में देखे तो ईश्वर को स्पिनोजा ने 'नेचुरेता' कहा है।
(पाश्चात्य दर्शन चन्द्रधर शर्मा) 

88. सही अनुक्रम का कथन कीजिये ?

Correct Answer: (a) तृष्णा, उपादान, भव, जाति
Solution:

बौद्ध दर्शन के द्वितीय आर्य सत्य, 'दुख का कारण' है। जिसके अन्तर्गत प्रतीत्यसमुत्पाद या द्वादश निदान को बताया गया है जो है:-
अविधा → संस्कार → विज्ञान → नामरूप → षड़ायतन → स्पर्श→ वेदना → तृष्णा → उपदान → भव → जाति → जरामरण।
(भारतीय दर्शन की रूपरेखा - हरेन्द्र प्रसाद सिन्हा)

89. परम्परागत विरोध वर्ग के अनुसार यदि E असत्य दिया गया है, तो;

Correct Answer: (d) 'T' सत्य है, 'A' अनिधारित है, 'O' अनिर्धारित है।
Solution:

90. निम्नलिखित में से कौन से मुद्दे व्यावसायिक नीतिशास्त्र के परिपेक्ष्य के अन्तर्गत आती है?

(A) व्यावसायिक नैतिक एजेंसी
(B) व्यावसायिक नैतिक उत्तरदायित्व
(C) व्यावसायिक सामाजिक उत्तरदायित्व
(D) विज्ञापन
कूटः

Correct Answer: (d) सभी A, B, C, D
Solution:

व्यावसायिक नीतिशास्त्र के अन्तर्गत पेशवरों के द्वारा अपेक्षित व्यवहार के व्यक्तिगत और व्यावसायिक मानकों को शामिल किया गया है, जिसके अन्तर्गत व्यावसायिक नैतिक एजेंसी, नैतिक उत्तरदायित्व, सामाजिक और विज्ञापन (व्यावसायिक आदि के मुद्दे आते है।