रस (Part-2)Total Questions: 5011. 'विन्ध्य के वासी उदासी तपोव्रत धारी महाबिनु नारि दुखारे। उपर्युक्त पंक्ति में कौन-सा रस है? [P.G.T. परीक्षा, 2011](a) शृंगार(b) करुण(c) हास्य(d) वीरCorrect Answer: (c) हास्यSolution:प्रस्तुत पंक्ति में हास्य रस है। इस पंक्ति का अर्थ है कि विन्ध्य के तपस्वी वासी नारी के बिना बहुत दुःखी हैं।12. आधा पात बबूल का, तामें तनिक पिसान । लाला जी करने लगे, छठे छमासे दान ।। उपर्युक्त दोहे में कौन-सा रस है? [P.G.T. परीक्षा, 2009](a) श्रृंगार(b) वीर(c) करुण(d) हास्यCorrect Answer: (d) हास्यSolution:उपर्युक्त दोहे में हास्य रस है। जहाँ किन्हीं विचित्र स्थितियों या परिस्थितियों द्वारा हँसी उत्पन्न होती हो, वहाँ हास्य रस होता है।13. करुण रस का स्थायी भाव है- [V.D.O. परीक्षा, 2023 उ.प्र. पुलिस कांस्टेबिल परीक्षा 19 जून, 2018 (II-पाली)](a) शोक(b) भय(c) विस्मय(d) जुगुप्साCorrect Answer: (a) शोकSolution:करुण रस का स्थायी भाव 'शोक' होता है। वीभत्स रस का स्थायी भाव 'जुगुप्सा', अद्भुत रस का स्थायी भाव 'विस्मय' तथा भयानक रस का स्थायी भाव 'भय' होता है।14. 'शोक' किस रस का स्थायी भाव है? [UP-TET Exam Ist Paper (I-V), 2014](a) शान्त(b) करुण(c) हास्य(d) वीरCorrect Answer: (b) करुणSolution:'शोक' करुण रस का स्थायी भाव है। निर्वेद, मोह, श्रम, अपस्मार, व्याधि, चिन्ता, ग्लानि, आवेग, स्मृति, विषाद, उन्माद, दैन्य, जड़ता, अश्रु तथा स्वरभंग इसके संचारी भाव हैं।15. दुःख ही जीवन की कथा रही, क्या कहूँ आज जो नहीं कही । उपर्युक्त पंक्ति में कौन-सा रस है? [T.G.T. परीक्षा, 2011](a) करुण रस(b) श्रृंगार रस(c) अद्भुत रस(d) वीभत्स रसCorrect Answer: (a) करुण रसSolution:उपर्युक्त पंक्तियों में करुण रस है। यह पक्ति सूर्यकान्त त्रिपाठी 'निराला' कृत सरोज स्मृत्ति से है।16. "अभी तो मुकुट बँधा था माथ, हुए कल ही हल्दी के हाथ, खुले भी न थे लाज के बोल, खिले थे चुम्बन-शून्य कपोल, हाय रुक गया यहीं संसार बना सिन्दूर अनल अंगार वातहत लतिका वह सुकुमार पड़ी है छिन्नाधार।" [P.G.T. परीक्षा, 2004]में निहित रस है- (a) शान्त(b) संयोग श्रृंगार(c) करुण(d) वियोग श्रृंगारCorrect Answer: (c) करुणSolution:अत्यन्त दुःखद घटना या प्रसंग के निरूपण से 'करुण रस' की उत्पत्ति होती है। करुण रस का स्थायी भाव 'शोक' है। मूर्छित होकर गिर पड़ना, रोना, आहें भरना आदि इसके अनुभाव होते हैं।17. वीर रस का स्थायी भाव है- [T.G.T. परीक्षा, 2013, P.G.T. परीक्षा, 2002, उ.प्र. पुलिस कांस्टेबिल परीक्षा 18 जून, 2018 (I-पाली), उ.प्र. पुलिस कांस्टेबिल परीक्षा 18 जून, 2018 (II-पाली)](a) शोक(b) भय(c) उत्साह(d) निर्वेदCorrect Answer: (c) उत्साहSolution:वीर रस का स्थायी भाव उत्साह होता है। वीर रस के चार भेद होते हैं-युद्धवीर, दानवीर, धर्मवीर तथा दयावीर।18. 'वीरों का कैसा हो बसन्त' में किस रस की सृष्टि हुई है? [T.G.T. परीक्षा, 2011](a) वीर रस(b) श्रृंगार रस(c) अद्भुत रस(d) वीभत्स रसCorrect Answer: (a) वीर रसSolution:'वीरों का कैसा हो बसन्त' कविता में भारतीय इतिहास के वीर पुरुषों एवं घटनाओं का नाम लेकर लंका और कुरुक्षेत्र का स्मरण कर त्रेता एवं द्वापर युग की वीरता के महत्त्व का वर्णन करते हुए यह स्पष्ट किया है, कि बसन्त पर्व को रक्त पर्व के रूप में मनाया जाना चाहिए।" अतः स्पष्ट है कि उपर्युक्त पंक्ति में वीर रस है।19. "चढ़ चेतक पर तलवार उठा करता था भूतल पानी को। राण प्रताप सर काट-काट करता था सफल जवानी को"।। इन पंक्तियों में निम्न में से कौन-सा रस है? [M.P. Professional Exam.11.12.2017](a) भक्ति रस(b) वीर रस(c) हास्य रस(d) श्रृंगार रसCorrect Answer: (b) वीर रसSolution:उपर्युक्त पंक्तियों में 'वीर रस' का वर्णन है, जिसका स्थायी भाव 'उत्साह' होता है।20. 'वीर तुम बढ़े चलो, धीर तुम बढ़े चलो। सामने पहाड़ हो कि सिंह की दहाड़ हो', में वीर रस का स्थायी भाव क्या है? [UPPCL JE Exam, 18-फरवरी, 2018 (द्वितीय पाली)](a) श्रृंगार रस(b) हास्य रस(c) उत्साह रस(d) भक्ति रसCorrect Answer: (c) उत्साह रसSolution:'वीर तुम बढ़े चलो, धीर तुम बढ़े चलो।' पंक्ति में वीर रस का • परिपाक हुआ है, जिसका स्थायी भाव उत्साह होता है, जबकि श्रृंगार का स्थायी भाव रति, हास्य का स्थायी भाव 'हास' होता है।Submit Quiz« Previous12345Next »