NTA यूजीसी नेट जेआरएफ परीक्षा, जून-2023 (इतिहास) (Shift-I)

Total Questions: 100

71. "दूर से देखने पर शहर अत्यंत आकर्षक दिखाई पड़ते हैं किन्तु अन्दर से उन सबकी भव्यता गलियों के संकरेपन एवं भीड़ की आपा धापी में खो जाती है"

मुगलकालीन भारत के शहरों के संदर्भ में उपरोक्त कथन किसने दिया था?

Correct Answer: (a) फादर मोन्सरेट
Solution:

फादर मोन्सरेट ने मुगलकालीन भारत के शहरों के बारें में कहा था कि “दूर से देखने पर शहर अत्यतं आकर्षक दिखाई पड़ते है किन्तु अन्दर से उन सबकी भव्यता गलियों के संकरेपन एवं भीड़ की आपा धापी में खो जाती है" फादर एंतोनियो डे मोन्सरेट एक जेसुइट मिशनरी थे।

फादर मोन्सरेट का विवरण उनकी गोवा से फतेहपुर सीकरी की यात्रा तथा तदंतर मुगल दरबार में उनके निवास का प्रत्यक्षदर्शी बखान है। वह भारत के शहरों का जीवंत वर्णन उपलब्ध कराते हैं।

विशेष तथ्य : सर थॉमस से 1615 में जहाँगीर के शासनकाल में एक शिष्टमंडल लेकर भारत आया था। पीटर मुंडी शाहजहाँ के शासनकाल में भारत आया हुआ एक इतालवी यात्री था। टैवर्नियर (1638-63) एक फाँसीसी यात्री था तथा इसने भारत की छः बार यात्रा की।

72. किसने कहा कि, “यदि इतिहास हमें कोई सबक सिखाता है तो वह है कि कोई ऐतिहासिक सबक नहीं है"?

Correct Answer: (a) लुसियन फेबने
Solution:

लुसियन फेबब्रे ने कहा कि “यदि इतिहास हमें कोई सबक सिखाता है तो वह है कि कोई ऐतिहासिक सबक नहीं है" लुसियन फेबने फ्राँस के निवासी थे तथा पेरिस में जो समय बिताया उससे दुनिया के प्रति उनके दृष्टिकोण को नया आकार देने में बहुत बड़ी भूमिका निभाई।

फेबब्रे ने 20वीं सदी के आधुनिकतावाद को इस हद तक अपनाया कि बाद में उन्होंने दावा किया कि पुरानी दुनिया और सोचने के पुराने तरीकों से असंबद्ध हो गये हैं। ऐतिहासिक तथ्यों के एक संग्रह के रूप में इतिहास में अब उनकी कोई रूचि नहीं थी।

73. निम्नलिखित में से कौन से कथन सही हैं?

A.  गुरुनानक विशेषतः पंजाब में अफगान शासकों द्वारा बनायी गयी राजनैतिक प्रशासनिक व्यवस्था से पूर्ण रूप से परिचित थे।
B.  गुरुनानक की दृष्टि में बाबर की आक्रमणकारी सेना 'पापियों का समागम' था।
C.  गुरुनानक की समकालीन धार्मिक विश्वासों एवं अनुष्ठानों चाहे हिन्दू या मुस्लिम में कोई अभिरुचि नहीं थी।
D. गुरुनानक की यह दृढ़ धारणा थी कि ईश्वर की कोई जाति नहीं होती।
E.  गुरुनानक मूर्तिकला के कर्मकांडीय पठन को समय की बर्बादी मानते थे।
नीचे दिए गए विकल्पों में से सबसे उपयुक्त उत्तर का चयन कीजिए:

Correct Answer: (b) केलव A, B, D और E
Solution:

पंजाब में भक्ति आन्दोलन के अग्रदूत कहे जाने वाले गुरू नानक कबीर की भाँति निर्गुण भक्ति में विश्वास करते थे। नानक लोदी एवं बाबर के समकालीन थे। नानक पंजाब में अफगानों द्वारा स्थापित राजनैतिक व प्रशासनिक व्यवस्था से पूर्णतः परिचित थे उनके जन्म के समय (1469 ई.) पंजाब अफगान शासक बहलोल लोधी के अधीन था।

बाबर ने 1520 ई.में सैय्यदपुर में आकर कत्लेआम व अत्याचार किये तब नानक वहाँ निकट थे उन्होंने कहा बाबर काबुल से पाप की बरात (समागम) लेकर कुड़ी (अब भारत) को जबरदस्ती ब्याहने के लिए आया है। सामाजिक व धार्मिक क्षेत्र में एकेश्वरवाद, मूर्ति पूजा का विरोध, हिन्दू मुस्लिम एकता व सच्ची पवित्र भक्ति नानक की निर्गुण भक्ति का ध्येय रहा है।

नानक का कहना था कि आगामी दुनिया में कोई जाति नहीं रहेगी तथा ईश्वर की कोई जाति नहीं है न ही ईश्वर ने जाति को कोई महत्व दिया है।

74. प्राकृत भाषा में लिखी गयी एक काव्य कृति गौड.- वहो, की रचना किसने की है?

Correct Answer: (a) वापति
Solution:

कन्नौज के शासक यशोवर्मन की राजसभा में दो महाकवि 'वाक्पति' तथा भवभूति निवास करते थे। वाक्पति स्वयं को 'कविराज' कहता है। उसने प्राकृत भाषा में यशोवर्मन का विजयी गुणगान करने वाली कृति गौड़वहों की रचना की है।

भवभूति के प्रसिद्ध नाटक मालतीमाधव, महावीर चरित, एवं उत्तररामचरित् है। विशेष तथ्य हेमचन्द्र की अभिधान चिन्तामणि, देशीराम माला, निघष्टुकोश, कुमारपालचरित, परिशिष्टपर्वन, वाग्भट्ट की अष्टांग हृदय, अष्टांग संग्रह तथा पम्पा के द्वारा आदि पुराण एवं विक्रमार्जुन विजय लिखा गया है।

75. निम्नलिखित में से कौन-से कथन सही नहीं है?

Correct Answer: (d) लोदियों के द्वारा जारी किया गया बहलोली टंका काँस्य निर्मित था।
Solution:

लोदी वंश के शासक बहलोल लोदी ने बहलोली नामक चाँदी के सिक्के का प्रचलन किया जो अकबर के समय तक विनिमय का माध्यम बना रहा। महमूदी एवं मुजफ्फरी गुजरात एवं मालवा की टकसाल में ढाले गये चाँदी के हल्के सिक्के थे।

मुगलवंश के संस्थापक जहीरूददीन मुहम्मद बाबर ने अपनी पुस्तक बाबरनामा (तुर्की भाषा) में भारत के 'दासों' का उल्लेख नहीं किया है। 1469 ई. में संकलित की गयी पुस्तक 'मिफ्ताह-उल- फुजाला' में बुनाई के क्षेत्र में महत्वपूर्ण आविष्कार अर्थात सपाट (समतल) रूप वाली हाथ से चलाई जाने वाली सिलाई मशीन का पहली बार उल्लेख मिलता है।

76. निम्नलिखित में से किसके द्वारा भारत में शैल चित्रकला को प्रथमतया खोज गया था?

Correct Answer: (a) ए.सी.एल. कार्लाइल
Solution:

र्वप्रथम सी.एल. कार्लाइल ने भारत में पाषाणकालीन शैलचित्रकला की खोज की थी। कार्लाइल मूलतः इग्लैण्ड के निवासी थे। भारत आने के पश्चात् राजा विजयनगरम के शिक्षक के रूप में काम किया। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग में नियुक्त होने के बाद प्रथम सर्वेक्षण आगरा का किया।

भारत में मध्यपाषाण उपकरणों की खोज का श्रेय कार्लाइल को ही दिया जाता है। उन्होंने सोहागीघाट (मिर्जापुर, उत्तर प्रदेश) नामक पुरास्थल से लघुपाषाण (माइक्रोलिथ) उपकरण 1867-68 ई. में प्राप्त किया था।

77. सूची I का सूची II से मिलान कीजिए

 सूची सूची-II
A. निजामुद्दीन अहमदI. तजकीरतुल-वाकियात
B. अब्दुल कादिर बदायुँनीII. तबकात-ए-अकबरी
C. अब्बास सरवनीIII. मुंतखाब-उत-तवारीख
D. जौहर अफ़तबचीIV. तोहफ़-ए-अकबरशाही

निम्नलिखित विकल्पों में से सही उत्तरका चयन कीजिए :

Correct Answer: (b) A-II, B-III, C-IV, D-I
Solution:सही सुमेलित इस प्रकार है -
लेखकपुस्तक
A.निजामुद्दीन अहमदतबकात-ए-अकबरी
B.अब्दुल कादिर बदायुँनीमुंतखाब-उत-तवारीख
C.अब्बास सरवनीतोहफ़-ए-अकबरशाही
D.जौहर (आफता-बची)तजकीरतुल-वाकियात

78. नीचे दो कथन दिए गए है :

कथन I : जब मंगल पाण्डे ने बैरकपुर में अपने अधिकारियों पर गोली चलाई, तो उनके एक साथी सिपाही शेख पलटू ने उन्हें रोकने का प्रयास किया।
कथन II: मंगल पाण्डे के मुकदमे के समय, मंगल पाण्डे ने केवल एक ही उत्तर दिया कि उन्होंने जो किया खुद से किया।
उपरोक्त कथन के आलोक में, नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए :

Correct Answer: (a) कथन I और IIदोनों सत्य है।
Solution:

जब मंगल पाण्डे ने बैरकपुर में अपने अधिकारियों पर गोली चलाई तो उनके एक साथी सिपाही शेख पलटू ने उन्हें रोकने का प्रयास किया था। इस तथ्य का जिक्र पीजीओ टेलर ने अपनी किताब 'वाट रियली हैपेन्ड ड्यूरिंग द म्यूटिनी' में लिखा है कि मंगल पाण्डे ने अंग्रेज अधिकारी हिउसन और बो दोनों पर अपनी तलवार से हमला किया था वहाँ मौजूद सभी भारतीय सैनिक तमाशा देखते रहे उनमें से कोई भी अंग्रेज अफसरों की मदद के लिए नहीं आया सिवाए शेख पलटू के।

उसने मंगल पाण्डे की कमर को पीछे से पकड़ लिया और नतीजा इसका यह निकला की दोनों अंग्रेज अफसर बच निकलने में कामयाब हो गये थे। मंगल पाण्डे के कोर्ट मार्शल शुरू होते ही शेख पलटू की पदोन्नति हो गयी थी। मंगल पाण्डे के मुकदमें के समय, मंगल पाण्डे ने केवल एक उत्तर दिया कि उन्होंने जो किया खुद से किया और उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि इस घटना के घटित होने में उसका कोई साथी मददगार नही था।

79. निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सत्य है ?

A. शेरशाह ने अफगानिस्तान से लेकर उड़ीसा तक साम्राज्य स्थापित किया।
B. शेरशाह ने प्रशासन में हिन्दवी जबान भाषा का प्रयोग किया जो कि उसकी व्यावहारिक समझ का परिचायक था।
C. शेरशाह ने सख्ती के साथ कानून एवं व्यवस्था को लागू किया।
D. शेरशाह ने रजत (चाँदी) सिक्कों के प्रचलन को बंद कर दिया।
E. शेरशाह ने 3700 सरायों का निर्माण कराया
नीचे दिए गए विकल्पों में से सबसे उपयुक्त उत्तर का चयनकीजिए :

Correct Answer: (d) केवल B और C
Solution:

शेरशाह एक अनुभवी और कुशल प्रशासक था वह कर्तव्य भावना एवं असाधारण प्रतिभा से परिपूर्ण था। वह प्रशासनिक सिद्धांतों का नवप्रवर्तक था उसने अपने राजपथ या राजमार्ग के दोनों ओर फलदार और छायादार वृक्ष लगवाये थे तथा थोड़ी थोड़ी दूरी पर सराएँ बनवाई थी जिनकी कुल संख्या लगभग 1700 थी, जहाँ पर हिन्दुओं और मुसलमानों के लिए अलग-अलग खाने-पीने की और ठहरने की व्यवस्था थी।

उसने सिक्कों की ढ़लाई में भी सुधार किया। उसके दो प्रकार के सिक्के मुख्य रूप से प्रचलन में थे (1) चाँदी का रूपया 178 ग्रेन का था और तांबे का दाम 380 ग्रेन का था। शेरशाह ने मुगल शासक बाबर और हुमायूँ से अधिक बड़े भू- भाग पर शासन किया था उसका राज्य पूर्व में सुनारगाँव से लेकर उत्तर-पश्चिम में गक्खर क्षेत्र तक फैला हुआ था।

उसकी पश्चिमी सीमा-रेखा उत्तर में झेलम के किनारे स्थित बालनाथ जोगी और दक्षिण-पश्चिम में 100 मील की दूरी पर स्थित खुशाब को जोड़ती थी, और फिर झेलम के पार सिंध के किनारे किनारे होती हुई गक्खर तक गयी थी। अफगान सरदारों ने शेरशाह को सिंध समर्पित कर दिया था किंतु जैसलमेर का रेगिस्तानी इलाका और बीकानेर तथा जोधपुर के कुछ हिस्से सूर शासन के अधिकार क्षेत्र से बाहर रहें।

दक्षिण में उसका इलाका विंध्याचल तक फैला हुआ था। पूरा का पूरा राजपुताना, मालवा और कालिंजर उसके नियंत्रण में थे लेकिन उड़ीसा उसके नियंत्रण में नहीं था। शेरशाह ने प्रशासन में हिन्दवी जबान, भाषा का प्रयोग किया जो कि उसकी व्यावहारिक समझ का परिचायक था। शेरशाह ने अपने साम्राज्य में सख्ती के साथ एवं व्यवस्था को लागू किया था।

80. एकक्रेताबाजार (मोनोपसोनी)शब्द का आशय क्या है?

Correct Answer: (a) यह अनेक विक्रेताओं किंतु केवल एक क्रेता वाले बाजार का एक प्रकार है, जो कि विक्रेताओं को शर्तों के बारे में आदेश देने की स्थिति में होता हैं इसमें क्रेताओं के पास कोई विकल्प नहीं होता है।
Solution:

एक क्रेता बाजार (एक क्रेताधिकार/ Monopsony) शब्द का आशय यह है कि यह अनेक विक्रेताओं किंतु केवल एक क्रेता वाले बाजार का एक प्रकार है, जो कि विक्रेताओं को शर्तों के बारे में आदेश देने की स्थिति में होता है।

अर्थात् यदि बाजार में वस्तु का केवल एक क्रेता हो तो उसकी माँग पर पूर्ण नियंत्रण होगा, ऐसी दशा में विक्रेताओं को वस्तु का कीमत निर्धारण क्रेता की इच्छा से करना पड़ेगा। ऐसे बाजार में क्रेता का प्रभुत्व रहता है। ऐसे एक क्रेता के प्रभुत्व वाले बाजार को क्रेताबाजार या क्रेताधिकार कहा जाता है।