NTA यूजीसी नेट जेआरएफ परीक्षा, दिसम्बर-2024 इतिहास

Total Questions: 100

11. ब्रिटिश काल के दौरान भू-राजस्व बंदोबस्त के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए और सही कथनों का चुनाव करें

A. मुहम्मद रज़ा खान कंपनी के नायब दीवान की तरह काम कर रहे थे।
B.  फार्मिंग सिस्टम' प्रणाली के रूप में एक नई प्रणाली 1765 में आरम्भ की गई थी।
C. बंदोबस्त में भूमि के स्वामित्व के अधिकार जमींदारों में निहित हो गए।
D. चार्ल्स मेटकाफ द्वारा 1792 में बड़ा महल में रैय्यतवारी प्रणाली आरम्भ की गई।
E. आर एम बर्ड ने सम्पूर्ण महल या राजकोषीय यूनिट के राजस्व का आकलन करने के लिए विस्तृत सर्वेक्षण उपलब्ध कराया।
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए :

Correct Answer: (b) केवल A, C, E
Solution:

क्लाइव ने 1765 में बंगाल में दोहरी शासन प्रणाली लागू किया। कम्पनी ने दीवानी कार्य के लिए दो उपदीवान (बंगाल में मुहम्मद रजा खाँ और बिहार के लिए राजा शिताब राय) नियुक्त किया। मुहम्मद रजा खाँ को उपनाजिम का पदभार भी दिया गया। 1772 ई. में वारेन हेस्टिंग्स ने बंगाल में दोहरी शासन पद्धति समाप्त कर दिया।

हेस्टिंग्ज ने 1772 ई.में ही भू-राजस्व वसूली के उद्देश्य से फार्मिंग सिस्टम लागू किया। लार्ड कार्नवालिस ने 1790 ई. में दहसाला प्रणाली लागू किया जिसे 1793 में स्थायी बंदोबस्त के रूप में परिवर्तित कर दिया गया जिसमें भूमि का मालिक जमींदार को माना गया। मद्रास प्रेसीडेंसी में प्रथम भूमि व्यवस्था बारामहल जिले में 1792 में कैप्टन रीड ने टॉमस मुनरों की सहायता से लागू किया जिसे रैय्यंतवाड़ी प्रणाली कहा जाता है।

1833 के रेग्यूलेशन के पश्चात् आर मार्टिन बर्ड को उत्तर भारत व अवध में भू-राजस्व व्यवस्था विकसित करने का दायित्व दिया गया। बर्ड ने सम्पूर्ण महल या राजकोषीय यूनिट के राजस्व का आकलन करने के लिए विस्तृत सर्वेक्षण उपलब्ध कराया। इस प्रणाली को महालवाड़ी प्रणाली कहा जाता है।

12. वायसराय की कार्य कारी परिषद में किसी भारतीय को प्रथम बार विधि सदस्य बनाए जाने हेतु निम्नलिखित में से किस अधिनियम को माध्यम बनाया गया था?

Correct Answer: (a) मार्ले-मिंटो रिफार्म - 1909
Solution:

भारतीय परिषद अधिनियम 1909 में गवर्नर जनरल को एक भारतीय सदस्य को कार्यकारी परिषद में नामित करने की अनुमति प्रदान की गई। गवर्नर जनरल ने सत्येंद्र प्रसाद सिन्हा को विधि सदस्य के रूप में मनोनीत किया। सत्येन्द्र प्रसाद सिन्हा गवर्नर जनरल की कार्यकारी परिषद में सम्मिलित होने वाले प्रथम भारतीय व विधि सदस्य थे।

13. भारत में अकाल के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए और सही कथनों का चयन कीजिए:

A. I1860- 61 में उत्तर-पश्चिमी प्रांत में भयंकर अकाल पड़ा जिसमें दिल्ली और आगरा बुरी तरह प्रभावित हुए।
B. 1866-67 में उड़ीसा में भयंकर अकाल पड़ा और मुख्य प्रभावित क्षेत्र को "सी ऑफ केलामिटी के रूप में वर्णित किया गया।
C. 1868- 69 में राजपुताना में भयंकर अकाल पड़ा जिससे मारवाड़, बीकानेर, अजमेर के क्षेत्र बुरी तरह सेप्रभावित हुए।
D. 1866-67 में मद्रास प्रेसीडेंसी में अकाल पड़ा जो बेलारी, सेलम, कोयम्बटूर और दक्षिण अर्को तक फैला।
E. 1868-69 में पंजाब, बम्बई और सेन्ट्रल प्रॉविन्स के क्षेत्रों में भी अकाल जैसी स्थिति उत्पन्न हुई।
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए:

Correct Answer: (b) A, B, C, D, E
Solution:कम्पनी के शासन के अधीन भारत के भिन्न-भिन्न भागों में लगभग 12 अकाल और भीषण सूखे पड़े जबकि क्राउन के प्रशासन के अधीन लगभग 10 अकाल और कई सूखे पड़े। भारत में अकाल से संबंधित प्रमुख तथ्य निम्नवत हैं-

1. 1860-61 में उत्तर पश्चिमी प्रांत में भयंकर अकाल पड़ा जिसमें दिल्ली और आगरा बुरी तरह प्रभावित हुए।

2. 1866-67 में उड़ीसा में भयंकर अकाल पड़ा और मुख्य प्रभावित क्षेत्र को "सी ऑफ केलामिटी" के रूप में वर्णित किया गया।

3. 1868-69 में राजपुताना में भयंकर अकाल पड़ा जिससे मारवाड़, बीकानेर, अजमेर के क्षेत्र बुरी तरह से प्रभावित हुए।

4. 1866-67 में मद्रास प्रेसीडेंसी में अकाल पड़ा जो बेलारी, सेलम, कोयम्बटूर और दक्षिण अर्कोट तक फैला ।

5. 1868-69 में पंजाब, बम्बई और सेन्ट्रल प्रॉविन्स के क्षेत्रों में भी अकाल जैसी स्थिति उत्पन्न हुई।

14. इतिहास तथा विज्ञान में मौलिक भेद को रेखांकित करने के लिए निम्नलिखित में से किन बिंदुओं को पारम्परिक रूप से प्रयोग किया गया?

A. इतिहास अनन्य रूप से अनूठे, जबकि विज्ञान सामान्य परिघटनाओं का अध्ययन करता है।
B. विज्ञान से इतर इतिहास में धर्म तथा नैतिकता शामिल होते हैं।
C.  इतिहास केवल दार्शनिक विषयों से संबंधित है।
D.  इतिहास भविष्यवाणी करने में अक्षम है।
E.  इतिहास सबकों की श्रृंखला है।
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए :

Correct Answer: (d) केवल A, B, D
Solution:

इतिहास अतीत की घटनाओं का अध्ययन है। सामान्यतया इतिहास यह देखता है कि ऐतिहासिक घटनाओं ने अतीत को कैसे आकार दिया अथवा वर्तमान को कैसे आकार देना जारी रखा है। विज्ञान हमारे आस-पास की भौतिक दुनिया का विश्लेषण है। विज्ञान ब्रह्मांड के संचालन के नियमों को समझने का प्रयास करतारता है। इतिहास व विज्ञान में निम्न मौलिक भेद हैं

• इतिहास अनन्य रूप से अनूठे, जबकि विज्ञान सामान्य परिघटनाओं का अध्ययन करता है।

• विज्ञान से इतर इतिहास में धर्म तथा नैतिकता शामिल होते हैं।

• इतिहास भविष्यवाणी करने में अक्षम है। जबकि विज्ञान भविष्यवाणी कर सकता है।

15. निम्नलिखित में से कौन प्राचीन नवप्रस्तर स्थल है?

Correct Answer: (c) मेहरगढ़
Solution:

मेहरगढ़ पुरातात्विक स्थल पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में बोलन दर्रे के निकट अवस्थित है। यह एक प्राचीनतम् नवपाषाणिक (नवप्रस्तर) स्थल है। भारतीय उपमहाद्वीप में प्राचीनतम् कृषि के साक्ष्य मेहरगढ़ लहुरादेव और कोलडिहवा से प्राप्त होते हैं।

खोल्वी की गुफाएं राजस्थान के झालावाड़ जिले के खोल्वी (कोल्वी) गाँव में स्थित है जिस पर बौद्ध धर्म से संबंधित चित्र उकेरे गये हैं। यहाँ से बौद्ध स्तूप व चैत्य भी मिले हैं। ये गुफाएं 6वीं से 8वीं शताब्दी के मध्य निर्मित हुई थी।

मसूलीपट्टनम एक बन्दरगाह शहर है जो 17वीं सदी में व्यापार का प्रमुख केन्द्र बन गया था। कालीबंगा राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में अवस्थित सैंधव सभ्यता का प्रमुख स्थल है। इसकी खोज 1952 में अमलानन्द घोष ने किया था।

16. इतिहास लेखन हेतु पाद टिप्पणियों के प्रयोग से निम्नलिखित में से किस उद्देश्य की पूर्ति नहीं होती?

Correct Answer: (d) लेखक के दृष्टिकोण तथा इतिहास लेखन की परम्परा (स्कूल) के बारे में जागरूकता पैदा करना
Solution:

फुटनोट (पाद टिप्पणी) वे नोट्स होते हैं जो किसी पृष्ठ के अंत में रखे जाते है और पाठ के कुछ हिस्सों को संदर्भित करने के लिए उपयोग किए जाते हैं। लेखक कई उद्देश्यों के लिए फुटनोट का उपयोग करते हैं-

1. पाठ में दिए गए वक्तव्य के लिए सटीक संदर्भ को इंगित करना

2. पाठ में नहीं उल्लिखित अथवा विस्तार से नहीं बताए गए कतिपय विषयों की व्याख्या करना

3. पाठक को स्रोत के माध्यम से निश्चयात्मक कथन की वैधता के बारे में प्रश्न पूछने की शक्ति प्रदान करना

17. निम्नलिखित में से कौन कलकत्ता विश्वविद्यालय के पहले दो स्नातकों में से एक थे?

Correct Answer: (a) बंकिम चन्द्र चटर्जी
Solution:24 जनवरी 1857 को स्थापित कलकत्ता विश्वविद्यालय एशिया का पहला बहुविषयक और पश्चिमी पद्धति पर आधारित विश्वविद्यालय था। प्रारम्भ में कलकत्ता विश्वविद्यालय केवल एक संबद्धता और परीक्षा निकाय के रूप में कार्य करता था।

सभी शैक्षणिक और शिक्षण कार्य घटक कालेजों में किया जाता था। 1858 में स्नातक परीक्षा में बैठे 8 परीक्षार्थियों में 2 परीक्षार्थी सफल हुए थे। ये दो परीक्षार्थी थे- बंकिम चन्द्र चटर्जी तथा जदुनाथ बोस थे।

18. संविधान के उद्देश्य संकल्प का प्रारूप किसने तैयार किया था जिसमें संविधान के दर्शन और मूल विशेषताओं का उल्लेख था?

Correct Answer: (a) जवाहर लाल नेहरू
Solution:

संविधान के उद्देश्य संकल्प का प्रारूप जवाहर लाल नेहरु ने तैयार किया था। इसमें संविधान का दर्शन व मूल विशेषताएं उल्लिखित हैं। उद्देश्य संकल्प वर्तमान में संविधान की प्रस्तावना के रूप में स्थापित है। दिसम्बर 1946 में जवाहर लाल नेहरू ने इसे संविधान सभा में रखा था जो 22 जनवरी 1947 को स्वीकृत हुआ था।

19. कर्षरुरमंजरी नामक ग्रंथ किसने लिखा था?

Correct Answer: (d) राजशेखर
Solution:

राजशेखर कन्नौज के प्रतिहारवंशी शासक महेन्द्रपाल (890-908 ई.) तथा महिपाल (910-940 ई.) के दरबार में रहते थे। राजशेखर प्रसिद्ध संस्कृत कवि व नाटककार थे। इनकी 5 प्रमुख रचनाएं हैं जिनमें बाल रामायण, बाल भारत, कर्पूरमंजरी (कर्परुरमंजरी) और काव्यमीमांसा अलंकार शास्त्र का ग्रंथ ।

20. किस वर्ष में बंकिम चन्द्र चटर्जी का प्रसिद्ध उपन्यास आनंद मठ प्रकाशित हुआ था?

Correct Answer: (c) 1882
Solution:

बंकिम चन्द्र चटर्जी का जन्म 27 जून 1858 को बंगाल में हुआ था। वे एक राष्ट्रवादी कवि, पत्रकार व उपन्यासकार थे। इन्हें बंगाली साहित्य का सम्राट कहा जाता था। इन्होंने 1810 के दशक में वंदे मातरम लिखा था जो स्वदेशी आन्दोलन के समय राष्ट्रीय चेतना का प्रतीक बन गया। चटर्जी ने आनन्दमठ उपन्यास 1882 में पुस्तक प्रकाशित किया। आनन्दमठ में ही वंदे मातरम् गीत को जोड़ा गया है। इनकी अन्य कृतियां हैं- देवी चौधरानी, दुर्गेशनंदिनी, कपालकुंडला व बिशवृक्ष ।