Solution:खुदकाश्त कृषकों की ऐसी श्रेणी को कहा जाता है जो भूमि के मालिक होते थे और वे अपनी भूमि पर पारिवारिक श्रम द्वाराकृषि करते थे। मनसबदारी व्यवस्था एक विशिष्ट प्रशासनिक व्यवस्थाथी जिसका प्रचलन मुगल शासक अकबर द्वारा किया गया था। मुअतमिद खाँ के अनुसार "अकबर ने मनसबदारी व्यवस्था केअन्तर्गत दह बाशी (10) से पंच हजारी तक पद श्रेणियां स्थापितकी।"
मनसब का दोहरा प्रतिनिधित्व था। इसमें जात पद मनसबदार के वेतन को दर्शाता था तो सवार पद मनसबदार के घुड़सवारों कीसंख्या को। इस प्रकार सवार पद एक संख्यात्मक पदवी थी। एक नियम के अनुसार सिंह-अस्पाह (तीन अश्व वाले) दुह अस्पाह (दोअश्व वाले) तथा यक अस्पाह (एक अश्व वाले) सैनिकों को अपनेघोड़े के साथ दाग के लिए हाजिर होना पड़ता था। मुगल अमीर वर्गकी सेवा शर्तों में जब्ती का नियम प्रमुख था। इसके अंतर्गत किसीअमीर की मृत्यु के पश्चात बादशाह उसकी चल-अचल सम्पत्ति जब्तकर लेता था जिससे बकाया वसूली की जा सके।