Solution:सम्प्रेषण का सामान्य अर्थ होता है एक स्थान से दूसरे स्थान तक किसी वस्तु, विचार को भेजना सम्प्रेषण के अर्थ संकेतन का सही क्रम इस प्रकार है-
(I) मुख्यार्थ (डिनोटेशन)
(II) सम्पृक्तार्थ (कनोटेशन)
(III) मिथक
• मुख्यार्थ (Denotation) किसी शब्द का वह शाब्दिक, सीधा, और वस्तुनिष्ठ अर्थ होता है जो शब्दकोश में मिलता है, जिसमें कोई व्यक्तिगत भावना या सांस्कृतिक जुड़ाव (भावार्थ/Connotation) शामिल नहीं होता; जैसे 'गुलाब' का मुख्यार्थ एक खास फूल है, जबकि इसका भावार्थ प्रेम और रोमांस हो सकता है।
• सम्पृक्तार्थ (Connotation) का मतलब किसी शब्द का वह अर्थ है जो उसके मुख्य ( मुख्य अर्थ/Denotation) अर्थ से अलग, उसके संदर्भ में निहित होता है; यह शब्द के साथ जुड़े भावनात्मक, सांस्कृतिक या व्यक्तिगत भावों को दर्शाता है, जैसे "कबूतर" का मुख्यार्थ एक पक्षी है, लेकिन "दिल की कबूतर" में यह शांति या सज्जनता का संपृक्तार्थ है।
• मिथक का मतलब होता है ऐसी कहानी या विश्वास, जो किसी संस्कृति या समाज में पीढ़ियों से चला आ रहा हो। ये कहानियाँ अक्सर देवताओं, नायकों, प्रकृति या सृष्टि की उत्पत्ति से जुड़ी होती हैं।
• उदाहरण:
भारत में: समुद्र मंथन, रामायण–महाभारत की कथाएँ
यूनान में: ज़ीउस, हरक्यूलिस की कहानियाँ
दुनिया भर में: पृथ्वी की उत्पत्ति या दिन–रात कैसे बने, ऐसी कथाएँ