NTA यू.जी.सी. नेट जेआरएफ परीक्षा, दिसम्बर-2022 दृश्य कला (VISUAL ART)

Total Questions: 100

31. टीवी स्क्रीनों, कम्प्यूटर मोनिटर इत्यादि में प्रयुक्त एलसीडी का पूर्ण रूप क्या है?

Correct Answer: (a) लिक्किड क्रिस्टिल डिस्प्ले
Solution:

टीवी स्क्रीनों, कम्प्यूटर मॉनिटर इत्यादि में प्रयुक्त एलसीडी का पूर्ण रूप लिक्विड क्रिस्टिल डिस्प्ले है। द्रव क्रिस्टल प्रादर्शी (लिक्विड क्रिस्टल डिस्प्ले, लघुरूप एलसीडी) एक प्रकार का डिस्प्ले (प्रादर्शी) है जो टेक्स्ट, छवि, वीडियो आदि को एलेक्ट्रानिक विधि से प्रदर्शित करने के काम आता है। यह स्वयं कोई प्रकाश उत्पन्न नहीं करता बल्कि किसी दूसरे स्त्रोत से उसके ऊपर पड़ने वाले प्रकाश को मॉडुलेट करता है।

32. काला की किस विद्या से 'किच' नजदीकी रूप से संबंधित है?

Correct Answer: (d) जनसर्जनात्मक आर्ट
Solution:

कला की जनसर्जनात्मक आर्ट विद्या से किच नजदीकी रूप से सम्नन्धित है। किट्सच कला और डिजाइन के लिए प्रयुक्त एक शब्द है जिसे भोली नकल, अत्यधिक सनकी, अनावश्यक या तुच्छ स्वाद के रूप में माना जाता है। किट्सच आन्दोलन शास्त्रीय चित्रकारों का एक अन्तराष्ट्रीय आन्दोलन है, जिसकी स्थापना ऑड नेर म द्वारा प्रस्तावित एक दर्शन पर की गई थी।

33. सिंधु घाटी सभ्यता के दौरान निम्नलिखित में से किस शहर को धातुकाय, मोतियों का कार्य, सीपी एवं हाथदात कार्यो के व्यापार एवं नियति हेतु जाना जाता है?

Correct Answer: (b) लोथल
Solution:

सिंन्धु घाटी सभ्यता के दौरान निम्नलिखित में से लोथल शहर को घातुकाय, मोतियों का कार्य, सीपी एवं हाथीदांत कार्यों के व्यापार एवं नियति हेतु जाना जाता है। लोथल प्राचीन सिन्धु घाटी सभ्यता के शहरों में से एक बहुत ही महत्वपूर्ण बन्दरगाह शहर है। यह शहर भारत के राज्य गुजरात के भाल क्षेत्र में स्थित हैं और इसकी खोज सन् 1954 में हुई थी। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने इस शहर की खुदाई 13 फरवरी 1955 से लेकर 19 मई 1956 के मध्य की थी।

34. रज्म नामा किसका पर्सियन अनुवाद है?

Correct Answer: (b) महाभारत
Solution:

रज्मनामा महाभारत का पर्सियन अनुवाद है। अब्दुल कादिर बदायूंनी अकबर के दरबार का संस्कृत का प्रसिद्ध विद्वान था। यही नहीं वह अरबी, फारसी भाषाओं का भी बड़ा ज्ञाता था। महाभारत का फारसी अनुवाद रज्मनामा के नाम से इसी के द्वारा हुआ था, जिसको पूरा करने में एक वर्ष लगा और यह सन् 1582ई. में पूरा हुआ। दिन-रात की मेहनत से पचास चित्रकारों द्वारा 169 चित्र इसमें चित्रित किये गये, जिनमें से 24 चित्रों में दसवन्त चित्रकार ने कार्य किया।

35. निम्नलिखित में से कौन सी जातक कहानी नहीं है?

Correct Answer: (b) सूत्रधार
Solution:

निम्नलिखित में से 'सूत्रधार' जातक कहानी नहीं है जबकि हंस जातक, विदुर पंडित जातक, मान्धाता जातक आदि जातक कहानियाँ है। विदुर पंडित जातक कथा में विदुर पंडित की सवारी के दृश्य में घोड़ों तथा नंगी तलवारें लिए पैदल सैनिकों का बड़ा गतिपूर्ण चित्रण हुआ है।

36. 'माता की पछेडी' किस पर बनाई जाती है?

Correct Answer: (d) कपड़ा
Solution:

माता नी पछेड़ी का शाब्दिक अर्थ है "माँ देवी के पीछे” और यह एक कपड़ा है जो देवी के मन्दिर का निर्माण करता है। जब गुजरात के खानाबदोश वधारी समुदाय के लोगों को मन्दिरों में प्रवेश करने से रोक दिया गया, तो उन्होंने कपड़े पर देवी माँ के चित्रण के साथ अपना मन्दिर बना लिया। इस सरल समाधान को माता नी पछेड़ी, पवित्र कला, जो अब सभी के द्वारा पूजनीय है, की उत्पत्ति माना जाता है।

37. इनमें से कौन सी मिश्र धातु है

Correct Answer: (b) कांसा
Solution:

इनमें से कांसा मिश्र धातु है। कांसा या कांस्य किसी तांबे या ताम्र-मिश्रित धातु मिश्रण को कहा जाता है, प्रायः टिन के संग, परन्तु कई बार फासफोरस, मैंगनीज, एल्युमिनियम या सिलिकॉन आदि के संग भी होते हैं। यह पुरावस्तुओं में महत्वपूर्ण था, जिसने उस युग को कांस्य युग नाम दिया। इसे अंग्रेजी में ब्रॉज कहते हैं, जो की फारसी मूल का शब्द है, जिसका अर्थ कांस्य है।

38. छापा कला में सामान्यतया प्रयोग किया जाने वाला पत्थर.....

Correct Answer: (d) लाइम स्टोन
Solution:

छापाकला में सामान्यतया प्रयोग किया जाने वाला पत्थर लाइम स्टोन है। चूना पत्थर एक अवसादी चट्टान है जो, मुख्य रूप से कैल्शियम कार्बोनेट (CaCo3) के विभिन्न क्रिस्टलीय रूपों जैसे कि खनिज केल्साइट और एरेगोनाइट से मिलकर बनी होती है। लिथोग्राफी मूलरूप से तेल और पानी की अमिश्रणीयता पर आधारित प्रिंटिंग की एक प्लेनोग्राफिक विधि है। छपाई एक पत्थर (लियोग्राफिक चूना पत्थर) या एक चिकनी सतह वाली धातु की प्लेट से होती है।

39. 'दि लोस्ट पंडित' इंटागलियो प्रिन्ट किसके द्वारा रचित किया गया था?

Correct Answer: (d) ज्योति भट्ट
Solution:

'दि लोस्ट पंडित' इटैग्लियों प्रिन्ट ज्योतिभट्ट द्वारा रचित किया गया है। इनका जन्म 1934 ई.में भावनगर गुजरात में हुआ था। और इन्होंने चित्रकला का अध्ययन के.जी. सुब्रमण्यम और एन.एस.बेन्द्रे के सानिध्य में रहकर प्राप्त किया था। इन्हें वर्ष 2019 में भारत सरकार द्वारा पद्म श्री सम्मान से सम्मानित किया गया था। प्रमुख छापाचित्र- बनी-ठनी, देवी, वर्षा ऋतु, सृष्टि, हरिजन युवतियां, प्रकृति, श्री गणेशाय नमः आदि ।

40. निम्नलिखित में से कौन कॉलोग्राफी पिंटमेकिंग के लिए प्रसिद्ध है.....

Correct Answer: (a) जयंत पारिख
Solution:

जयन्त पारिख का जन्म 1940 ई. में गुजरात में हुआ था इन्होंने ललित कला से डिप्लोमा बड़ौदा विश्वविद्यालय से एन.एस.बेन्द्रे के निर्देशन में प्राप्त किया था। ये चित्रकार, प्रिन्ट मेकर साथ ही भित्ति चित्रकार के रूप में जाने जाते हैं। साथ ही ये ग्राफिक कला में अम्लांकन और कोलोग्राफी में काम करते थे। इनके जीवन पर आधारित वर्ष 2008 में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने एक लघु फिल्म भी बनाई थी। प्रमुख चित्र बिहाइंड स्क्रीन, रानी की वाव, एंट्री मयूर, खजुराहों नृत्य उत्सव, मैदान में मोर (छापाचित्र) आदि।