NTA यू.जी.सी. नेट जेआरएफ परीक्षा, दिसम्बर-2024 संस्कृत

Total Questions: 100

61. अन्नम्भट्टाभिमतहेत्वाभासभेदानां क्रमं चिनुत

A. सत्प्रतिपक्षः
B. बाधितः
C. सव्यभिचारः
D. असिद्धः
E. विरुद्धः

अधोलिखितविकल्पेषु समुचितमुत्तरं चिनुत- 

Correct Answer: (c) C, E, A, B, D
Solution:अन्नम्भट्टाभिमतहेत्वाभासभेदानां क्रमं सत्यभिचारः (साधारण, असाधारण, अनैकान्तिक), विरुद्धः सत्प्रतिपक्षः (प्रकरणसम) असिद्धः, बाधितः। अर्थात् अन्नमभट्ट के अनुसार हेत्वाभास का क्रम भेद है सव्यभिचार, विरुद्ध, सत्प्रतिपक्ष, असिद्ध और बाधित। यह हेत्वाभास के पाँच भेदों का क्रम है। अतः उचित उत्तर (c) है।

62. समुचितं मेलयत -

सूची १सूची २
A. भवतिकाI. मुद्राराक्षसम्
B. परितिनिकाII. रत्नावली
C. विजयIII. स्वप्नवासवदत्तम्
D. सुभद्राIV. मृच्छकटिकम्

अधोलिखितविकल्पेषु समुचितमुत्तरं चिनुत - 

Correct Answer: (d) A-IV, B-III, C-I, D-II
Solution:समुचितं अस्ति-
सूची १सूची २
A. मदनिकाIV. मृच्छकटिकम्
B. पारिभाषिकाIII. स्वप्नवासवदत्तम्
C. विजयI. मुद्राराक्षसम्
D. सुभद्राII. रत्नावली

समुचित विकल्प (d) सही है।

63. ग्रिमनियमस्य नाम रास्कनियमः इति करणीयमासीत्" इत्येतत्कथनं कस्य विदुषः वर्तते ?

Correct Answer: (d) प्रो. ओटो येस्पर्सन इत्यस्य
Solution:"ग्रिमनियमस्य नाम 'रास्कनियमः' इति करणीयमासीत् इति ऐतत कथनं प्रो. ओटो येस्पर्सनस्य विदुषः वर्तते। गाथिक और भारोपीय भाषा में सर्वप्रथम रास्क ने फिर प्रो. ईरे ने मत दिए और इस मत को प्रो. ग्रिम ने इस ध्वनि परिवर्तन के मत को व्यवस्थित किया।

इसीलिए प्रो. मैक्समूलर ने इसे ग्रिम्स लॉ के नाम से सम्बोधित किया और ओटो येस्पर्सन ने ध्वनि परिवर्तन नियम को रास्क लॉ कह कर सम्बोधित किया था। अतः विकल्प (d) सही है।

64. एतेषु ध्वनिपरिवर्तनस्य बाह्यकारणानि चिनुत

A. बलाघातः
B. भौगोलिकप्रभावः
C. कालप्रभावः
D. सादृश्यम्
E. कृत्रिमता

अधोलिखितविकल्पेषु समुचितमुत्तरं चिनुत-  

Correct Answer: (a) B, C, D केवलम्
Solution:एतेषु ध्वनिपरिवर्तनस्य बाह्य कारणानि अस्ति भौगोलिक प्रभावः, काल प्रभावः, सादृश्यम् अर्थात् ध्वनि परिवर्तन के बाह्य प्रभाव है।
1. भौगोलिक प्रभाव,
2. सामाजिक प्रभाव एवं राजनैतिक प्रभाव,
3. काल प्रभाव या स्वाभाविक विकास,
4. लिपिदोष,
5. अन्य भाषाओं का प्रभाव,
6. सादृश्य और आभ्यान्तर के 10 भेद

1. प्रयत्न लाघव या मुख सुख, 2. लघुकरण की प्रवृत्ति, 3. अनुकरण की अपूर्वता, 4. अशिक्षा, 5. शीघ्र भाषण, 6. भावावेश, 7. काव्यात्मकता, 8. बलाघात, 9. कृत्रिमता, 10 भ्रामक व्युत्पत्ति ।

अतः उचित विकल्प (a) सही है।

65. विष्णुपदगिरिः' कस्याः नद्याः सन्निकटे विद्यते?

Correct Answer: (c) विपाशायाः
Solution:'विष्णुपदगिरिः' विपाशायाः नाः सन्निकटे विद्यते । अर्थात् विष्णुपद पर्वत के समीप विपाशा नदी बहती है।

66. एषु कस्य भक्त्या शुश्रूषया वा ब्रह्मलोकः प्राप्यते?

Correct Answer: (a) आचार्यस्य
Solution:एषु आचार्यस्य भक्त्या शुश्रूषया वा ब्रह्मलोकः प्राप्यते अर्थात् आचार्य की भक्ति से ब्रह्मलोक की प्राप्ति होती है और पिता की भक्ति से सूर्य लोक की प्राप्ति होती है और माता की भक्ति से पृथ्वीलोक की प्राप्ति होती है अतः विकल्प (a) सही है।

67. यथाक्रमं मृच्छकटिकोक्तश्लोकं रचयत -

A. किं वा प्रशस्तवचनैर्बहुभिर्मदुक्तैः
B. रक्तञ्च नाम मधुरञ्च
C. भावान्वितञ्च ललितञ्च मनोहरञ्च
D. समं स्फुटञ्च
E. अन्तर्हिता यदि भवेद्वनितेति मन्ये

अधोलिखितविकल्पेषु समुचितमुत्तरं चिनुत- 

Correct Answer: (b) B, D, C, A, E
Solution:मृच्छकटिकोक्तश्लोकं अस्ति-
रक्तञ्च नाम मधुरञ्च समं स्फुटञ्च, भावान्वितञ्च ललितञ्च मनोहरञ्च ।
किं वा प्रशस्तवचनैर्बहुभिर्मदुक्तैः ।
अन्तर्हिता यदि भवेद्वनितेति मन्ये ।। 3/4

अर्थात् इस पद्य में चारुदत्त को उद्देशित करके मैत्रेय कहता है कि मित्र निश्चित् ही आज गीत का भाव तो ठीक था। लेकिन वह आपको संतुष्ट नहीं कर सका इस प्रकार से रेभिल का गीत रागपूर्ण सुनने में मधुर स्वर लय तालबद्ध स्पष्ट और तो और भावपूर्ण भी था।

लेकिन मेरे द्वारा कहे गये अनेक प्रशंसनीय वाक्यों का क्या प्रयोजन क्योंकि रेभिल की आज रेभिल के अन्दर कोई भी स्त्री जा रही थी ऐसा प्रतीत हो रहा था। अतः विकल्प (b) सही है।

68. केन प्रमाणेनावगन्तुमिष्टं ब्रह्म?

Correct Answer: (a) ज्ञानेन
Solution:ज्ञानेन प्रमाणेनावगन्तुमिष्टं ब्रह्म।
ब्रह्म को ज्ञान प्रमाण से जानने की इच्छा करनी चाहिए, क्योंकि सांख्यदर्शन ने कहा है कि

दृष्ट्वदानुश्रविकः स ह्यविशुद्धिक्षयातिशययुक्तः ।
तद् विपरीतः श्रेयान् व्यक्ताव्यक्तज्ञ विज्ञानात्।।

69. भित्तिस्थानीयः वेदः कः?

Correct Answer: (b) यजुर्वेदः
Solution:भित्तिस्थानीय वेदः यजुर्वेदः अस्ति ।
अर्थात् भित्तिस्थानीय वेद यजुर्वेद है।

70. समुचितं मेलयत -

सूची १सूची २
A. साध्यवदन्यत्वदृष्टिःI. बाधः
B. पक्षे पक्षतावच्छेदकस्याभावःII. सत्प्रतिपक्षः
C. साध्याभाववत् पक्षःIII. असाधारणः
D. साध्याभावव्यापकत्वं पक्षःIV. आश्रयसिद्धिः

अधोलिखितविकल्पेषु समुचितमुत्तरं चिनुत- 

Correct Answer: (d) A-III, B-IV, C-I, D-II
Solution:समुचित मेलनं अस्ति-
सूची १सूची २
A. साध्यवदन्यत्वदृष्टिःIII. साधारणः
B. पक्षे पक्षतावच्छेदकस्याभावःIV. आश्रयासिद्धिः
C. साध्याभाववत् पक्षःI. बाधः
D. साध्याभावव्यापकत्वं पक्षःII. सत्प्रतिपक्षः

अतः उचित विकल्प (d) सही है।