प्राचीन भारत का इतिहास (Part-I)

Total Questions: 61

41. गुप्त साम्राज्य द्वारा निम्न में से किन्हें कर-रहित कृषि भूमि प्रदान की जाती थी? [M.P.P.C.S. (Pre) 2014]

Correct Answer: (c) ब्राह्मणों को
Solution:गुप्तकाल में मंदिरों एवं ब्राह्मणों को जो भूमि दान में दी जाती थी, उसे 'अग्रहार' कहा जाता था। ऐसी भूमि सभी प्रकार के करों से मुक्त होती थी तथा इनके ऊपर धारकों का पूर्ण स्वामित्व होता था। इस प्रकार के भूमिदान का एकमात्र उद्देश्य धार्मिक एवं शैक्षणिक था।

42. प्राचीन सांख्य दर्शन में किसका महत्वपूर्ण योगदान है? [M.P.P.C.S. (Pre) 1997]

Correct Answer: (a) कपिल
Solution:सांख्य दर्शन भारतीय दर्शन के प्राचीनतम संप्रदायों में परिगणित है। महर्षि कपिल को सांख्य दर्शन का प्रतिष्ठापक आचार्य माना जाता है। कहा जाता है कि उन्होंने सांख्य-सूत्र नामक ग्रंथ की रचना की थी।

43. निम्न में से किसका संबंध 'वेदांत दर्शन' के साथ नहीं है? [M.P.P.C.S. (Pre) 2014]

Correct Answer: (b) अभिनव गुप्त
Solution:वेदांत दर्शन को भारतीय दर्शन की पराकाष्ठा माना जाता है। वेदांत का शाब्दिक अर्थ है- 'वेद का अंत' या 'वैदिक विचाराधारा की पराकाष्ठा'। वेदांत दर्शन के तीन आधार हैं-उपनिषद्, ब्रह्मसूत्र और भगवद्गीता। इन्हें वेदांत दर्शन की 'प्रस्थानत्रयी' कहा जाता है। कई सूक्ष्म भेदों के आधार पर इसके कई उपसंप्रदाय एवं इनके प्रवर्तक हैं, जैसे-शंकराचार्य का अद्वैतवाद, रामानुज का विशिष्टाद्वैत, माधवाचार्य का द्वैतवाद। अभिनव गुप्त की मुख्य ख्याति तंत्र तथा अलंकार शास्त्र के क्षेत्र में है। ये दर्शन के क्षेत्र में तर्कशास्त्र से जुड़े हुए थे।

44. नालंदा कहां पर स्थित है? [M.P.P.C.S. (Spl.) (Pre) 2003]

Correct Answer: (d) बिहार
Solution:नालंदा वर्तमान बिहार राज्य में स्थित है। पांचवीं सदी के मध्य गुप्तों के समय में नालंदा स्थित विश्वविद्यालय अस्तित्व में आया। सर्वप्रथम कुमारगुप्त प्रथम ने नालंदा बौद्ध विहार को दान दिया और बाद में बुधगुप्त, तथागत गुप्त तथा बालादित्य आदि गुप्त शासकों ने भी इस विहार को दान दिए।

45. निम्न में से कौन-सा अभिलेख विश्व के प्रथम विज्ञापन के तौर पर जाना जाता है? [M.P.P.C.S. (Pre) 2021]

Correct Answer: (a) दशपुर अभिलेख
Solution:दशपुर अभिलेख विश्व के प्रथम विज्ञापन के तौर पर जाना जाता है। इसे मंदसौर अभिलेख के नाम से भी जाना जाता है। यह गुप्त सम्राट कुमारगुप्त प्रथम के शासनकाल का एक प्रसिद्ध अभिलेख है। इसमें लाट देश के रेशम के व्यापारियों का दशपुर में आकर बस जाने का वर्णन है।

46. निम्नलिखित में से कौन-सा 'चारधाम' में सम्मिलित नहीं है? [M.P.P.C.S. (Pre) 2013]

Correct Answer: (c) मानसरोवर
Solution:चारधाम में बद्रीनाथ, द्वारका, पुरी तथा रामेश्वरम् आते हैं, जबकि छोटा चारधाम में उत्तराखंड में स्थित गंगोत्री, यमुनोत्री, केदारनाथ तथा बद्रीनाथ आते हैं। आदि शंकराचार्य द्वारा स्थापित चार मठ हैं-उत्तर में केदारनाथ, दक्षिण में श्रृंगेरी, पूर्व में पुरी तथा पश्चिम में द्वारका।

47. सही जोड़े बनाइए तथा नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए- [M.P.P.C.S. (Pre) 2008]

सूची-Iसूची-II
(A) भोज(1) उज्जैन
(B) दुर्गावती(2) विदिशा
(C) समुद्रगुप्त(3) धार
(D) अशोक(4) गोंडवाना

कूट:

ABCD
(a)4321
(b)3412
(c)4312
(d)3421
Correct Answer: (d)
Solution:सही सुमेलन इस प्रकार है-
सूची-Iसूची-II
भोजधार
दुर्गावतीगोंडवाना
समुद्रगुप्तविदिशा
अशोकउज्जैन

48. रेशम बुनकरों की श्रेणी की जानकारी निम्नलिखित किस शिलालेख से मिलती है? [M.P.P.C.S. (Pre) 2019]

Correct Answer: (a) दशपुर शिलालेख
Solution:दशपुर (मंदसौर) का शिलालेख कुमारगुप्त के शासनकाल का है। इस शिलालेख में कुमारगुप्त के राज्यपाल वंधुवर्मा का उल्लेख मिलता है। इसमें सूर्य मंदिर के निर्माण का उल्लेख मिलता है। यहां से प्राप्त शिलालेख में 'पट्टवाय श्रेणी' (रेशमी सूत बुनने वालों की समिति) तथा इंदौर लेख में 'तैलिक श्रेणी' का उल्लेख मिलता है।

49. खजुराहो मंदिर स्थापत्य के निर्माण में सहयोगी थे- [M.P.P.S.C. (Pre) 1993]

Correct Answer: (a) चंदेल
Solution:मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले में स्थित खजुराहो में चंदेल राजाओं द्वारा निर्मित मंदिर आज भी चंदेल स्थापत्य की उत्कृष्टता का बखान कर रहे हैं। इन मंदिरों का मुख्यतः निर्माण 950-1050 ई. के बीच कराया गया था। यहां के मंदिरों में कंदरिया महादेव मंदिर सर्वप्रमुख है।

50. किस राजवंश ने भारत को प्रसिद्ध खजुराहो के मंदिर दिए? [M.P.P.C.S. (Pre) 2010, 2005]

Correct Answer: (c) चंदेल
Solution:मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले में स्थित खजुराहो में चंदेल राजाओं द्वारा निर्मित मंदिर आज भी चंदेल स्थापत्य की उत्कृष्टता का बखान कर रहे हैं। इन मंदिरों का मुख्यतः निर्माण 950-1050 ई. के बीच कराया गया था। यहां के मंदिरों में कंदरिया महादेव मंदिर सर्वप्रमुख है।