विविध

Total Questions: 49

31. BRIT (भारत सरकार) निम्नलिखित में से किस एक के साथ कार्यरत है? [I.A.S. (Pre) 2008]

Correct Answer: (c) समस्थानिक प्रौद्योगिकी
Solution:BRIT (बोर्ड ऑफ रेडिएशन एंड आइसोटोप टेक्नोलॉजी) भारत सरकार का एक उपक्रम है जो समस्थानिक प्रौद्योगिकी (Isotope Technology) के क्षेत्र में कार्यरत है। यह विभिन्न रेडियोआइसोटोप्स का उत्पादन, प्रसंस्करण और आपूर्ति करता है, जिनका उपयोग चिकित्सा, कृषि और उद्योग जैसे क्षेत्रों में होता है।

32. निम्नलिखित में से कौन-सा एक यशद पुष्प (philosopher's wool) कहलाता है? [U.P.P.C.S. (Pre) 2007]

Correct Answer: (c) जिंक ऑक्साइड
Solution:जिंक ऑक्साइड (ZnO) को 'यशद पुष्प' या 'फिलॉसफर वूल' के नाम से जाना जाता है। जब जिंक धातु को हवा में गर्म किया जाता है, तो यह जलकर जिंक ऑक्साइड के सफेद क्रिस्टल बनाता है, जो ऊन जैसे दिखाई देते हैं, इसलिए इसे यह नाम दिया गया। इसका उपयोग पेंट, रबर और सौंदर्य प्रसाधनों में होता है।

33. मूत्रालयों के पास प्रायः नाक में चुभने वाली गंध का कारण है- [I.A.S. (Pre) 2007]

Correct Answer: (c) अमोनिया
Solution:मूत्रालयों के पास नाक में चुभने वाली गंध का कारण अमोनिया है। यह यूरिया के जीवाणुओं द्वारा अपघटन से बनती है, जो मूत्र का एक प्रमुख घटक है। यूरिया, वायुमंडलीय एंजाइमों और जीवाणुओं की क्रिया से अमोनिया में परिवर्तित हो जाता है।

34. ब्रुकहेवन नेशनल लेबोरेटरी के वैज्ञानिक दल, जिसमें भारतीय वैज्ञानिक भी सम्मिलित थे, ने एंटि-हीलियम केंद्रक के रूप में सबसे भारी एंटि-द्रव्य उत्पन्न किया। एंटि-द्रव्य उत्पन्न करने की क्या/क्या-क्या विवक्षा/विवक्षाएं है/हैं? [I.A.S. (Pre) 2012]

1. यह खनिज पूर्वेक्षण और तेल की खोज को अधिक आसान और कम महंगा बना देगा।

2. यह एंटि-द्रव्य से निर्मित तारों और आकाशगंगाओं के होने की संभावना की जांच करने में सहायक होगा।

3. यह ब्रह्माण्ड के विकास की समझ विकसित करने में सहायक होगा।

निम्नलिखित कूटों के आधार पर सही उत्तर चुनिए -

Correct Answer: (b) केवल 2 और 3
Solution:ब्रुकहेवन नेशनल लेबोरेटरी में एंटि-हीलियम केंद्रक का उत्पादन एंटी-द्रव्य के अध्ययन में एक महत्वपूर्ण कदम था। इसकी विवक्षाएं निम्नलिखित हैं:

यह एंटि-द्रव्य से निर्मित तारों और आकाशगंगाओं के होने की संभावना की जांच करने में सहायक होगा क्योंकि यह ब्रह्मांड के मूलभूत कणों को समझने में मदद करेगा।

यह ब्रह्मांड के विकास की समझ विकसित करने में सहायक होगा क्योंकि यह पदार्थ और प्रति-पदार्थ के बीच की विषमता को समझने में मदद करेगा, जो ब्रह्मांड की उत्पत्ति और संरचना से संबंधित है।

खनिज पूर्वेक्षण और तेल की खोज में इसका सीधा उपयोग नहीं है।

35. निम्नलिखित में से किसके संदर्भ में, कुछ वैज्ञानिक पक्षाभ मेघ विरलन तकनीक तथा समतापमंडल में सल्फेट वायुविलय अंतःक्षेपण के उपयोग का सुझाव देते हैं? [I.A.S. (Pre) 2019]

Correct Answer: (d) भूमंडलीय तापन को कम करने के लिए
Solution:कुछ वैज्ञानिक पक्षाभ मेघ विरलन तकनीक और समतापमंडल में सल्फेट वायुविलय अंतःक्षेपण का सुझाव भूमंडलीय तापन को कम करने के लिए देते हैं। ये भू-अभियांत्रिकी (geoengineering) की तकनीकें हैं जिनका उद्देश्य पृथ्वी तक पहुंचने वाली सूर्य की रोशनी की मात्रा को कम करके ग्रह को ठंडा करना है।

36. अब तक निम्नलिखित रसायनों में से कौन-सा कृत्रिम बादल बनाने के लिए प्रयुक्त किया जाता रहा? [U.P.P.C.S. (Spl.) (Mains) 2008]

Correct Answer: (d) सिल्वर आयोडाइड
Solution:कृत्रिम बादल बनाने और कृत्रिम वर्षा कराने के लिए सिल्वर आयोडाइड () का प्रयोग किया जाता है। सिल्वर आयोडाइड के सूक्ष्म कणों को विमानों या रॉकेट के माध्यम से बादलों में फैलाया जाता है। ये कण नाभिक (nuclei) के रूप में कार्य करते हैं, जिस पर जल वाष्प संघनित होकर वर्षा की बूंदों का निर्माण करती है।

37. कृत्रिम वर्षा हेतु प्रयुक्त पदार्थ है- [U.P.P.C.S. (Mains) 2008]

Correct Answer: (c) सिल्वर आयोडाइड
Solution:कृत्रिम वर्षा कराने के लिए सबसे अधिक प्रयुक्त होने वाला पदार्थ सिल्वर आयोडाइड है। यह मेघ-बीजन (cloud seeding) नामक प्रक्रिया में प्रयोग किया जाता है, जहाँ सिल्वर आयोडाइड के कण बादलों में जलवाष्प को संघनित करने के लिए केंद्रक का काम करते हैं।

38. निम्नलिखित में से कौन-सा रसायन कृत्रिम वर्षा में प्रयोग होता है? [U.P.P.C.S. (Mains) 2013]

Correct Answer: (a) सिल्वर आयोडाइड
Solution:सिल्वर आयोडाइड एक रसायन है जिसका उपयोग कृत्रिम वर्षा में होता है। इसकी क्रिस्टल संरचना बर्फ के क्रिस्टल के समान होती है, जो इसे जल वाष्प को पकड़ने और उसे बर्फ में बदलने के लिए एक प्रभावी नाभिक बनाती है, जिससे वर्षा होती है।

39. वर्षा की मात्रा निर्भर करती है- [U.P.P.C.S. (Pre) 2017]

Correct Answer: (b) वायुमंडल में नमी पर
Solution:वर्षा की मात्रा मुख्य रूप से वायुमंडल में नमी पर निर्भर करती है। हवा में जितनी अधिक जलवाष्प होगी, उतनी ही अधिक वर्षा होने की संभावना होगी। जब हवा का तापमान गिरता है, तो जलवाष्प संघनित होकर बादलों का निर्माण करती है और फिर वर्षा के रूप में गिरती है।

40. निम्नलिखित में से कौन-सा युग्म सुमेलित है? [U.P.P.C.S. (Pre) 2011]

Correct Answer: (c) जिंक फॉस्फाइड - चूहे का विष
Solution:दिए गए युग्मों में से केवल "जिंक फॉस्फाइड - चूहे का विष" सही सुमेलित है।

सिल्वर आयोडाइड का उपयोग कृत्रिम वर्षा में होता है, न कि हार्न सिल्वर में।

सिल्वर क्लोराइड को हॉर्न सिल्वर कहते हैं, न कि कृत्रिम वर्षा में प्रयोग होता है।

जिंक फॉस्फाइड एक चूहा विष (rodenticide) है।

जिंक ऑक्साइड को फिलॉसफर वूल (यशद पुष्प) कहते हैं, न कि जिंक सल्फाइड को।